राज्यसभा चुनाव: MVA से कौन होगा उम्मीदवार? संजय राउत बोले, 'शरद पवार और उद्धव ठाकरे...'
Rajya Sabha Election 2026: संजय राउत ने दावा किया कि एमवीएम में कोई मतभेद नहीं है. उन्होंने कहा कि शुरुआती मतभेद सामान्य बात है.

16 मार्च को राज्यसभा के चुनाव होने हैं. महाराष्ट्र से सात सीटें खाली हो रही हैं. राज्य में अभी महायुति यानी एनडीए की सरकार है. संख्या बल उनके पास है. महायुति 6 सीटों पर जीत सकती है. रही बात एमवीएम यानी विपक्षी महाविकास आघाड़ी की तो एक सीट उनके खाते में जा सकती है. लेकिन इस एक सीट पर किस पार्टी का उम्मीदवार होगा, इसकी तस्वीर अभी साफ नहीं है. एमवीए में उद्धव ठाकरे, शरद पवार और कांग्रेस शामिल हैं. इस बीच अब शिवसेना यूबीटी के राज्यसभा सांसद संजय राउत की प्रतिक्रिया सामने आई है.
कांग्रेस की क्या है मांग?
संजय राउत ने शुक्रवार (20 फरवरी) को कहा कि विपक्षी गठबंधन अपने उम्मीदवार के बारे में बातचीत के माध्यम से फैसला लेगा. कांग्रेस का कहना है कि उसे या तो राज्यसभा या विधान परिषद की सीट चाहिए.
MVA में कोई मतभेद नहीं- संजय राउत
शिवसेना यूबीटी सांसद ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि राज्य सभा की सीट को लेकर उनकी पार्टी, कांग्रेस और शरद पवार की पार्टी में कोई मतभेद नहीं है. उन्होंने कहा कि शुरुआती मतभेद सामान्य बात होती है. उन्होंने कहा कि आखिरकार यह पॉलिटिक्स है लेकिन हम परामर्श के बाद ही कोई फैसला लेंगे.
संजय राउत ने कहा, "शरद पवार की भविष्य की योजनाओं पर बहुत कुछ निर्भर करेगा. वह पांच दशकों से अधिक के विधायी अनुभव वाले सबसे वरिष्ठ नेता हैं, जबकि उद्धव ठाकरे पूर्व मुख्यमंत्री और एक राजनीतिक पार्टी के प्रमुख हैं."
दरअसल, शरद पवार के राज्यसभा का कार्यकाल अप्रैल में खत्म हो रहा है. वहीं उद्धव ठाकरे के विधान परिषद का कार्यकाल मई में समाप्त होना है. कांग्रेस के प्रवक्ता अतुल लोंढे पाटील ने कहा कि हमें या तो एक विधान परिषद की सीट या फिर राज्यसभा की एक सीट चाहिए. शिवसेना यूबीटी से प्रियंका चतुर्वेदी का कार्यकाल खत्म हो रहा है.
एमवीए का गणित
महाराष्ट्र में कांग्रेस के 16, शिवसेना (यूबीटी) के 20 और शरद पवार गुट के 10 विधायक हैं. महाराष्ट्र में कुल 288 विधायक है. राज्यसभा के चुनाव में विधायक वोट करते हैं. कांग्रेस, उद्धव गुट और पवार गुट के विधायक मिलाकर एक सीट जीता सकते हैं.
जहां तक कांग्रेस के मांग की बात है, अगर उसे राज्यसभा की सीट मिल जाती है तब उद्धव ठाकरे फिर से विधान परिषद के सदस्य बन सकते हैं. लेकिन सवाल ये भी है कि क्या उद्धव ठाकरे ऐसा चाहते हैं या नहीं? अगर कांग्रेस विधान परिषद की सीट मिल जाती है तो फिर राज्यसभा कौन जाएगा, इसकी तस्वीर भी अभी साफ नहीं है.
इससे पहले गुरुवार को आदित्य ठाकरे ने कहा था कि विधानसभा में उनकी पार्टी की सीटों को देखते हुए राज्यसभा सीट उनकी पार्टी की है और एमवीए में इस दिशा में बातचीत जरूर होगी. वहीं संजय राउत ने इससे पहले कहा था कि शरद पवार ने दोबारा चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है.























