धार की ऐतिहासिक और विवादित इमारत भोजशाला कमाल मौला मस्जिद पर HC में सुनवाई, फैसले पर सबकी निगाहें
MP News: धार की भोजशाला कमाल मौला मस्जिद मामले में 16 फरवरी 2026 को इंदौर HC में अहम सुनवाई होगी. सर्वे रिपोर्ट सार्वजनिक होने की संभावना से फैसले पर सबकी निगाहें टिकी हैं.

मध्य प्रदेश स्थित धार की ऐतिहासिक और विवादित इमारत भोजशाला कमाल मौला मस्जिद एक बार फिर सुर्खियों में है. मस्जिद को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद अब निर्णायक मोड़ की ओर बढ़ता दिखाई दे रहा है. इस बहुचर्चित मामले में 16 फरवरी 2026, सोमवार को उच्च न्यायालय इंदौर (Indore HC) में सुनवाई नियत की गई है.
सर्वोच्च न्यायालय (SC) के निर्देश के बाद यह सुनवाई हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ में होने जा रही है. मामला माननीय न्यायमूर्ति विजय कुमार शुक्ला और माननीय न्यायमूर्ति आलोक एम.एम. अवस्थी की खंडपीठ के समक्ष सूचीबद्ध है. इस सुनवाई पर दोनों पक्षों सहित पूरे क्षेत्र की निगाहें टिकी हुई हैं.
जानकारी के अनुसार, हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस की ओर से याचिकाकर्ता आशीष गोयल उपस्थित रहेंगे. उनके साथ सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन, नई दिल्ली तथा हाईकोर्ट के अधिवक्ता विनय जोशी भी पैरवी करेंगे.
हिंदू और मुस्लिम पक्ष अपने-अपने दावे
गौरतलब है कि धार की भोजशाला कमाल मौला मस्जिद, जो केंद्रीय पुरातत्व विभाग के अधीन संरक्षित स्मारक है, उसके आधिपत्य को लेकर वर्षों से हिंदू और मुस्लिम पक्ष अपने-अपने दावे करते रहे हैं. जुमे की नमाज और बसंत पंचमी पर पूजा-अर्चना को लेकर पूर्व में कई बार विवाद की स्थिति भी निर्मित हुई है. पिछले वर्ष हाई कोर्ट के आदेश पर भोजशाला कमाल मौला मस्जिद का वैज्ञानिक सर्वे कराया गया था.
कोर्ट सार्वजनिक कर सकता है रिपोर्ट!
अब संभावना जताई जा रही है कि सर्वे रिपोर्ट को न्यायालय सार्वजनिक कर सकता है. रिपोर्ट सार्वजनिक होने के बाद दावे और आपत्तियों के लिए समय दिया जा सकता है. ऐसे में 16 फरवरी की सुनवाई को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. दोनों ही समुदाय इस लंबे समय से चले आ रहे विवाद के न्यायिक समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं. अब देखना यह होगा कि न्यायालय की आगामी प्रक्रिया इस ऐतिहासिक स्थल के भविष्य को किस दिशा में ले जाती है.
























