मौजूदा समय के क्रिकेटरों को अपने खेल में सुधार करने का नहीं मिल पाता है समय: शेन वॉर्न
ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम के महान स्पिन गेंदबाज शेन वार्न का मानना है कि आज के समय में खिलाड़ियों के पास अपने खेल में सुधार करने का समय नहीं मिल पाता है.

ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज लेग स्पिनर शेन वॉर्न ने कहा कि वह अपने जमाने में मौजूदा दौर के खिलाड़ियों से ज्यादा क्रिकेट खेलते थे लेकिन फिर भी खुद में सुधार करने में मौका मिल जाता था.
मौजूदा दौर की क्रिकेट बिरादरी में यह आम धारणा है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तीनों फॉर्मेट में खेलने वाले खिलाड़ियों को अपने खेल पर काम करने का मौका नहीं मिलता है.
वॉर्न ने कहा भारत सहित कई देशों में खिलाड़ियों के वर्कलोड पर ध्यान दिया जा रहा है.
वॉर्न ने कहा, ‘‘ हम मौजूदा दौर के क्रिकेटरों से ज्यादा खेलते थे. इसमें प्रथम श्रेणी के मैच भी शामिल है लेकिन क्रिकेट खेलने के दिनों की संख्या की बात करें तो हम ज्यादा खेलते थे. आज के दौर में मुश्किल स्थिति यह है कि खिलाड़ियों को बहुत ज्यादा यात्रा करना होता है और अलग-अलग फॉर्मेट से सामंजस्य बिठाना होता है. लेकिन दिनों की संख्या के हिसाब से हम ज्यादा क्रिकेट खेलते थे.’’
वॉर्न ने इसके बाद ऑस्ट्रेलिया, विक्टोरिया और हैम्पशर के की टीमों से खेलने का उदाहरण दिया.
सीनियर स्तर के क्रिकेट में 1862 विकेट चटकाने वाले इस गेंदबाज ने कहा, ‘‘ मैं विक्टोरिया के लिए मैं शेफील्ड शिल्ड में खेलने के बाद टेस्ट मैच में खेलता था. इसके बाद फिर से विक्टोरिया का प्रतिनिधित्व करता था. अब खिलाड़ियों को समय मिल जाता है.’’
वॉर्न यह मानने को तैयार नहीं थे कि खिलाड़ियों को अपने खेल पर काम करने का समय नहीं मिलता है.
उन्होंने कहा, ‘‘ अगर आपको सुधार करना है तो व्यस्त रहने के बाद भी आप समय निकाल लेंगे. अगर आपको लगता है कि यह ठीक है तो आपको समय नहीं मिलेगा. यह एक दिन में नहीं होगा, इसमें समय लगता है. घंटो की मेहनत. इसमें कोई जादू नहीं है.’’
Source: IOCL
















