पाकिस्तान: कट्टरपंथियों को इमरान खान की चेतावनी, कहा- इस्लाम के नाम पर न फैलाएं अराजकता
चार बच्चों की मां एवं 47 वर्षीय आसिया बीबी को ईंशनिंदा के मामले में मौत की सजा सुनाई गई थी, लेकिन देश की शीर्ष अदालत ने ऐतिहासिक फैसले में उन्हें बरी कर दिया. इसके बाद प्रदर्शन शुरू हो गये.

इस्लामाबाद: पाकिस्तान में प्रधानमंत्री इमरान खान ने कट्टरपंथियों को कड़ा संदेश दिया है. इमरान खान ने कट्टरपंथियों को सरकार से टकराव मोल नहीं लेने और तोड़फोड़ की हरकतें नहीं करने को कहा. इमरान खान ने कहा है कि इस्लाम के नाम अराजकता ना फैलाएं, इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा.
गौरतलब है कि चार बच्चों की मां एवं 47 वर्षीय आसिया बीबी को ईंशनिंदा के मामले में मौत की सजा सुनाई गई थी, लेकिन देश की शीर्ष अदालत ने ऐतिहासिक फैसले में उन्हें बरी कर दिया. इसके बाद प्रदर्शन शुरू हो गये और कट्टरपंथियों ने धमकियां दी. खान ने कहा, ''मैं इन तत्वों (प्रदर्शनकारियों) से कहता हूं कि देश को चुनौती देने से बचें. अगर वे ऐसा करते हैं तो देश अपनी जिम्मेदारियां पूरी करेगा.''
सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा? पाकिस्तान में ईशनिंदा कानून को लेकर समर्थन बेहद मजबूत है और आसिया बीबी के मामले ने लोगों को अलग-अलग धड़ों में बांट दिया है. पाकिस्तान के मुख्य न्यायाधीश साकिब निसार की अगुवाई वाली शीर्ष अदालत की तीन सदस्यीय पीठ ने बुधवार सुबह अपना फैसला सुनाया. पीठ ने इस नतीजे पर पहुंचने के करीब तीन सप्ताह बाद इस संबंध में फैसला सुनाया . फैसला आने में हो रही देरी को देखते हुए ईशनिंदा विरोधी प्रचारकों ने प्रदर्शन की धमकी दी थी.
निसार ने फैसले में कहा, ‘‘उनकी दोषसिद्धि को निरस्त किया जाता है और अगर अन्य आरोपों के तहत जरूरी नहीं हो , तो उन्हें फौरन रिहा किया जाये.’’ बीबी पर 2009 में ईशनिंदा का आरोप लगा था और 2010 में निचली अदालत ने उन्हें दोषी करार देते हुए मौत की सजा सुनायी थी जिसे 2014 में लाहौर उच्च न्यायालय ने बरकरार रखा था. बहरहाल हिंसा की आशंका को देखते हुए इस्लामाबाद में सुनवाई के दौरान कड़े सुरक्षा इंतजाम किये गये थे.
Source: IOCL

























