Trump Tariff On India: 25 फीसदी टैरिफ के ऐलान के तुरंत बाद बोले ट्रंप- 'अभी भारत से बातचीत कर रहे हैं...'
डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 25% टैरिफ लगाने की घोषणा कर अमेरिका-भारत व्यापार संबंधों में नया तनाव पैदा किया है. जानिए ट्रेड टॉक , ब्रिक्स विवाद और मोदी-ट्रंप रिश्तों की पूरी कहानी.

भारत पर टैरिफ लगाने करने के फैसले के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बयान दिया कि हम अभी उनसे बात कर रहे हैं. देखते हैं क्या होता है. भारत दुनिया में सबसे ज्यादा टैरिफ वाला देश है. इस मामले पर हम अभी भारत के साथ बातचीत कर रहे हैं, जहां रेट 100% से लेकर 175% तक होता है. हालांकि, भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह अमेरिका के साथ निष्पक्ष, संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभदायक समझौते के लिए प्रतिबद्ध है.
ट्रंप ने न केवल भारत के टैरिफ को आड़े हाथों लिया, बल्कि भारत की रूस के साथ ऊर्जा साझेदारी और ब्रिक्स समूह की सदस्यता को भी अमेरिका-विरोधी बताया. उन्होंने भारत को उस गुट में शामिल होने पर निशाना साधा, जिसका मकसद डॉलर की सत्ता को चुनौती देना है. ब्रिक्स मूल रूप से अमेरिका-विरोधी देशों का समूह है और भारत उसका हिस्सा है. यह डॉलर पर हमला है. यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने अमेरिका के पारंपरिक साझेदारों की आलोचना की है, लेकिन भारत को सीधे तौर पर अमेरिका-विरोधी गुट से जोड़ना कूटनीतिक रूप से एक असाधारण बयान है.
#WATCH | On a question by ANI regarding whether he is open to negotiating with India on the tariffs, US President Donald Trump says, "We are talking to them now. We will see what happens. India was the highest or just about the highest-tariff nation in the world...We will see. We… pic.twitter.com/BviM6uOce3
— ANI (@ANI) July 31, 2025
मोदी-ट्रंप संबंध
ट्रंप ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मित्र बताया, लेकिन यह भी कहा कि भारत अमेरिका से बहुत कम सामान खरीदता है. ट्रंप के अनुसार, व्यापार असंतुलन इतना गहरा है कि अमेरिका को इस पर कार्रवाई करनी ही पड़ी. प्रधानमंत्री मोदी मेरे मित्र हैं, लेकिन वे हमारे साथ व्यापार के मामले में ज़्यादा कुछ नहीं करते. इस बयान के जरिए ट्रंप ने यह संकेत दिया कि व्यक्तिगत दोस्ती के बावजूद, उनका प्रशासन आर्थिक हितों को प्राथमिकता देगा. यह अमेरिका की अमेरिका फर्स्ट नीतिको दर्शाता है.
भारत की प्रतिक्रिया
भारत ने इस मुद्दे पर संयमित प्रतिक्रिया दी है. भारत सरकार ने ट्रेड टॉक जारी रखने की बात कहते हुए यह भी स्पष्ट किया कि वह अपने किसानों, छोटे व्यवसायों और एमएसएमई को किसी भी नुकसान से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाएगा. मामले पर सरकार ने कहा था कि भारत और अमेरिका पिछले कुछ महीनों से एक निष्पक्ष, संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहे हैं.
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL






















