भारतवंशी अमेरिकी सांसद ने इंडिया से संबंधों को लेकर ट्रंप को लगाई लताड़, कहा - 'पिछले 30 साल में...'
डेमोक्रेट सांसद ने दावा किया कि भारत-US के संबंध पिछले तीन दशकों में सबसे निचले स्तर पर पहुंच चुके हैं. वाशिंगटन में हुई यूएस-इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम की मीटिंग में उन्होंने यह बयान दिया.

भारतवंशी डेमोक्रेट सांसद रो खन्ना ने यूएस प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप की विदेश नीति की तीखी आलोचना की है. उन्होने दावा किया कि भारत और अमेरिका के संबंध पिछले तीन दशकों में सबसे निचले स्तर पर पहुंच चुके हैं. वाशिंगटन में हुई यूएस-इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम की मीटिंग में उन्होंने यह बयान दिया. साथ ही ईरान युद्ध को लेकर भी ट्रंप पर निशाना साधा. डेमोक्रेट सांसद ने कहा, ईरान में युद्ध छेड़ने की ट्रंप प्रशासन की नीतियां पूरी तरह विनाशकारी साबित हुई हैं.
'अमेरिका-भारत संबंध सबसे निचले स्तर पर'
उन्होंने कहा, 'आपको पता है कि मैं साफ बोलता हूं, मैं चीजों को वैसे ही बताता हूं, जैसी वे हैं. पिछले 30 वर्षों में अमेरिका-भारत संबंध सबसे निचले स्तर पर हैं. ईरान में युद्ध छेड़ने की ट्रंप की नीति पूरी तरह विनाशकारी साबित हुई है. हमने अपने सहयोगियों के बिना, यूरोप, कनाडा या भारत से सलाह लिए बिना एकतरफा युद्ध छेड़ा और दुनिया में अराजकता फैला दी, इससे हमारी विश्वसनीयता को ठेस पहुंची है. इससे भारत में फ्यूल की कीमतों पर बहुत बुरा असर पड़ा है.
#WATCH | Washington DC, USA: At the IX USISPF Leadership Summit 2026, Congressman Ro Khanna says, "The US-India relationship has been at the lowest point in the last 30 years. Trump's policies of getting into a war in Iran has been utterly destructive. It has been utterly… pic.twitter.com/867p47S08G
— ANI (@ANI) June 30, 2026
डेमोक्रेट सांसद ने चेतावनी देते हुए कहा कि ट्रंप प्रशासन के गलत फैसलों पर सच न बोलना असल में हकीकत से मुंह मोड़ना होगा. उन्होंने दावा किया कि अगली पीढ़ी को अमेरिका के पुनर्निर्माण और दुनिया भर में उसके टूटे संबंधों को सुधारने का दोहरा बोझ उठाना पड़ेगा.
'दुनिया में संबंधों को फिर मजबूत करना होगा'
रो खन्ना ने कहा, 'नई पीढ़ी को न केवल अमेरिका को दोबारा से मजबूत करना होगा, बल्कि हमें दुनिया भर में अपने संबंधों को भी फिर से मजबूत करना होगा.' उन्होंने अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सबसे खराब प्रेसिडेंट बताया.
खन्ना की आलोचना तब सामने आई, जब यूएसआईएसपीएफ के मानद सीनियर एडवाइजर अल मेसन ने कहा कि भारत-अमेरिका संबंधों ने 'ऐतिहासिक गति' फिर से हासिल कर ली है. उन्होंने इसका क्रेडिट भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर को दिया. कहा कि गोर ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच संबंधों को मजबूत करने में मदद की.
वाशिंगटन में हुई USISF की 9वीं समिट
यूएस-इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम (USISF) की 9वीं समिट का आयोजन वाशिंगटन डीसी में 29 जून को किया गया. इसमें सरकार के सीनियर अफसर, बिजनेसमैन, पॉलिसी मेकर, शिक्षाविद, थिंक टैंक एक्सपर्ट और मीडिया के सदस्य द्विपक्षीय सहयोग को बढ़ाने की रूपरेखा तैयार करने के लिए प्रमुख मुद्दों और मौकों पर विचार-विमर्श करने के लिए मौजूद रहे.




















