जानें- हिंदू लड़कियों पर मुसलमानों के भीषण अत्याचार का वायरल सच
क्या वाकई वीडियो में दिख रही महिलाएं हिंदू है और दोनों शख्स मुसलमान? क्या वाकई ये जोधपुर का कोई सांप्रदायिक मामला है या फिर कहानी कुछ और है जिसे धर्म का रंग चढ़ाकर एजेंडा सेट किया जा रहा है?

नई दिल्ली: सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो को हिंदू लड़कियों पर मुसलमानों के भीषण अत्याचार के तौर पर पेश किया जा रहा है. दावा है कि राजस्थान के जोधपुर में मुसलमान युवक हिंदू लड़की का खुलेआम अपहरण करने के बाद उनके साथ बलात्कार कर रहे हैं.
क्या है जोधपुर में हिंदू लड़कियों पर मुसलमानों के अत्याचार की हकीकत
1 मिनट 49 सेकेंड का ये वीडियो जिसने देखा उसकी आंखे फटी रह गईं. वीडियो में दावा है कि सलवार सूट वाली लड़की का अपहरण किया जा रहा है और गुंडों से लड़ने वाली एक महिला उस लड़की की मां है जो उसे बचाने की कोशिश कर रही है.
वीडियो देखें-
किसी फिल्म की कहानी की तरह लगने वाले इस वीडियो को राजस्थान के जोधपुर का बताया जा रहा है. वीडियो के साथ वायरल मैसेज में लिखा है, ‘’हिंदू लड़की को मुसलमान उठाकर ले जा रहे हैं और रेप करके छोड़ देते हैं.’’
लेकिन सवाल ये है कि क्या वाकई वीडियो में दिख रही महिलाएं हिंदू है और दोनों शख्स मुसलमान? क्या वाकई ये जोधपुर का कोई सांप्रदायिक मामला है या फिर कहानी कुछ और है जिसे धर्म का रंग चढ़ाकर एजेंडा सेट किया जा रहा है? इन सवालों के जवाब के लिए ABP न्यूज़ की वायरल सच टीम ने पड़ताल शुरु की.
सच की तलाश में एबीपी न्यूज़ सीधे राजस्थान के जोधपुर पहुंचा. पड़ताल शुरू हुई तो पता चला कि ये मामला जोधपुर की तहसील बाप के एक गांव का है. इस गांव का नाम कालू खां की ढाणी है. जो जोधपुर से 200 किलोमीटर दूर है.

पड़ताल करते हुए हम उस जगह पहुंच गए जहां वायरल वीडियो शूट हुआ था. दूर-दूर तक रेत दिखाई दे रही थी. वहीं पर कुछ कच्चे मकान भी थे. हम वीडियो में दिख रही लड़की के घर पहुंच चुके थे. घर में हमारी मुलाकात उस लड़की से हुई जिसे ट्रैक्टर पर बिठाकर ले जाया गया था. साथ ही उसकी मां भी घर पर मौजूद थी. लड़की की मां ने हमें बताया कि ये मामला इसी महीने की 11 तारीख का है. जब शौकत और इलियास नाम के दो युवक उनके घर पहुंचे थे.
पड़ताल आगे बढ़ी तो पता चला कि ट्रैक्टर पर जबरदस्ती उठाकर ले जाई गई लड़की का नाम रूबीना है और वीडियो में उसे उठाकर ले जाते दिख रहे दोनों युवकों में से एक उसका पति शौकत है तो दूसरा शौकत का दोस्त इलियास है.
दरअसल आठ साल की कच्ची उम्र में ही रूबीना की शादी गांव के ही शौकत नाम के युवक से करवा दी गई थी. हालांकि, रूबीना अपने मायके में ही रह रही है. शौकत अपनी पत्नी रुबीना को घर ले जाने के इरादे से ससुराल पहुंचा था, लेकिन रूबीना की मां नेमत ने शौकत को अपनी बेटी ले जाने से मना किया.
उनका कहना था कि वो रूबीना के बालिग होने के बाद ही ससुराल भेजना चाहती हैं. इस बात पर शौकत भड़क गया और मारपीट करने के बाद रूबीना को जबरदस्ती ले गया. हमने इस बारे में रूबीना से सवाल किया तो उन्होंने कहा, ‘’मैं और मेरी मां घर में थे. मेरे दो भाई भी थे. इलियास और शौकत मोटरसाइकिल और ट्रैक्टर लेकर आए. मेरी मां और मेरे साथ मारपीट की. लाठी भी लेकर आया था. मुझे ट्रैक्टर पर बिठाकर घर ले गया और मुझे बंद कर दिया.’’
ससुराल में बंद रूबीना मौका देखते ही वहां से भाग निकली और दोबारा अपनी मां के पास पहुंच गई. नेमत ने बताया कि उन्होंने इस बारे में पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाई जिसके बाद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया. पुलिस ने भी साफ किया कि ये हिंदू मुस्लिम का मामला नहीं है?

महिला और युवक दोनों मुस्लिम हैं और एक ही गांव के रहने वाले हैं.लड़का-लड़की का निकाह हुआ है. वायरल वीडियो में दिख रही दोनों महिलाएं और युवक मुस्लिम हैं. इसलिए हमारी पड़ताल में जोधपुर में हिंदू लड़कियों पर मुसलमानों के OPEN अत्याचार का दावा गलत साबित हुआ है.
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Source: IOCL






















