तो क्या अब फेसबुक-इंस्टा और व्हाट्सऐप चलाने के लिए देना होगा पैसा? Meta जल्द करेगा प्रीमियम सब्सक्रिप्शन का ट्रायल
मेटा जल्द ही बड़ा कदम उठा सकती है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म यूजर्स के लिए सब्सक्रिप्शन प्लान लागू कर सकती है. जल्द ही कंपनी इसे लागू कर सकती है. अब यूजर्स को एडवांस फीचर्स के लिए जेब ढीली करनी पड़ेगी.

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म मेटा एक बड़े बदलाव की दिशा में कदम उठा सकता है. जल्द ही इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सऐप पर प्रीमियम सब्सक्रिप्शन प्लान्स लागू किए जा सकते हैं. हालांकि, इसके बेसिक फ्रीचर्स की सुविधा फ्री में ही मिलेगी. इसका फिलहाल ट्रायल किया जाएगा.
बीबीसी के मुताबिक, दिग्गज टेक्नोलॉजी कंपनी मेटा आने वाले समय में पेड सेवाओं का प्रयोग करने जा रहा है. इस दौरान इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सऐप यूजर्स के लिए प्रीमियम सब्सक्रिप्शन सर्विस ट्रायल के तौर पर शुरू की जाएगी. इस कदम के साथ नए फीचर्स मिलेंगे. इनमें एआई की सुविधा भी शामिल है. फिलहाल कुछ मुख्य और चुनिंदा सर्विस का इस्तेमाल फ्री रहेगा.
वाइब्स वीडियो जेनरेशन ऐप की टेस्टिंग करेगी मेटा
कंपनी वाइब्स वीडियो जेनरेशन ऐप जैसे फीचर्स की भी टेस्टिंग करेगी. मेटा ने अपने बयान में कहा है कि नए एआई विजुअल क्रिएशन टूल्स के साथ आपके सोचे हुए आइडिया हकीकत में बदल जाएंगे. कुछ वक्त पहले मेटा एआई ने अपने अपग्रेडेड वर्जन के तौर पर वाइब्स का ऐलान किया था.
कंपनी अपने सब्सक्रिप्शन प्लान में Manus का उपयोग करना चाहती है
कंपनी अपने सब्सक्रिप्शन प्लान में Manus का इस्तेमाल करना चाहती है. यह एक चीनी एआई फर्म है. इसे मेटा ने दिसंबर में कथित तौर पर 2 बिलियन डॉलर में खरीदने की सहमति दर्ज की थी. मेटा बिजनेस सेक्टर के लिए स्टैंडअलोन Manus सब्सक्रिप्शन भी जारी रखेगी. फर्म ने अपने ब्लॉग में कहा था कि Manus को मेटा की टीम शामिल किया जाएगा. फर्म ने खुद को स्वतंत्र एजेंट के तौर पर पेश किया है. Manus ने कहा है कि उसकी सर्विस निर्देशों के अनुरूप स्वतंत्र रूप से काम की योजना बना सकती है. साथ ही उन्हें पूरा कर सकती है.
मेटा और Manus की डील पर बीजिंग ने जताई है आपत्ति
Manus की मेटा के साथ डील को लेकर बीजिंग ने आपत्ति जताई थी. तब कहा था कि हम इस डील की जांच करेंगे. क्या इसने चीन की तकनीकी निर्यात कानून या राष्ट्रीय सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया है. वहीं, Manus चीन से अलग हटकर सिंगापुर में अपना ऑफिस खोल चुका है.
फेसबुक कर चुका है पिछले साल टेस्टिंग
वहीं, पिछले साल फेसबुक ने एक टेस्ट किया था. इसमें में देखा गया था कि कुछ यूजर्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्टिंग के समय कितने लिंक शेयर कर सकते हैं. इसपर लगाम लगाए जाने का फैसला फेसबुक की तरफ से लिया गया था. इसी के तहत यूके और यूएस के यूजर्स को नोटिफिकेशन भी मिले थे. इसमें सिर्फ एक लिंक शेयर करने का निर्देश यूजर्स को जारी किया गया था.
इस पर कंपनी की तरफ से कहा गया था कि ये सीमित दायरे में की गई टेस्टिंग थी. इसका मकसद यह समझना था कि लिंक के साथ अधिक संख्या में पोस्ट पब्लिश करने की क्षमता सब्सक्राइबर के लिए एक्सट्रा वैल्यू एडऑन करती है या नहीं. जनवरी के आखिर में यूके के लोगों को फेसबुक और इंस्टाग्राम के ऐड फ्री वर्जन को एक्सेस करने के लिए 2.99 पौंड मंथली सब्सक्रिप्शन देने के बारे में बताया गया था. वहीं, सितंबर से यूके के यूजर्स को फेसबुक और इंस्टाग्राम पर ऐप्स के सब्सक्रिप्शन के साथ उपयोग करने या फ्री में ऐप्स को इस्तेमाल करने के लिए कहा जाएगा. इस सर्विस के लिए यूके के यूजर्स को 5.99 पौंड खर्च करने पड़ेंगे. 2023 में मेटा ने पेड वेरिफिकेशन सर्विस शुरू की थी. इसमें यूजर्स को दोनों प्लेटफॉर्म पर ब्लू टिक के लिए मंथली फीस देना होती है.
Source: IOCL






















