चीन के साथ पूर्वी लद्दाख में जारी गतिरोध पर भारत के पक्ष में बोला जापान, कहा- LAC की यथास्थिति बदलने का करेंगे विरोध
विदेश सचिव हर्षवर्द्धन श्रृंगला से मुलाकात के बाद जापानी राजदूत सतोशी सुजुकी ने कहा कि जापान इस विवाद का वार्ता के जरिये शांतिपूर्ण समाधान की उम्मीद करता है.

नई दिल्ली: पूर्वी लद्दाख में चीन के साथ सीमा पर गतिरोध पर भारत का पुरजोर समर्थन करते हुए जापान ने शुक्रवार को कहा कि वह क्षेत्र में यथास्थिति बदलने की किसी भी एकतरफा कोशिश के खिलाफ है. विदेश सचिव हर्षवर्द्धन श्रृंगला से मुलाकात के बाद जापानी राजदूत सतोशी सुजुकी ने कहा कि जापान इस विवाद का वार्ता के जरिये शांतिपूर्ण समाधान की उम्मीद करता है.
उन्होंने ट्विटर पर कहा, ‘‘विदेश सचिव श्रृंगला के साथ अच्छी बातचीत हुई. शांतिपूर्ण समाधान करने की भारत सरकार की नीति सहित वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर स्थिति से उनके द्वारा अवगत कराये जाने की सराहना करता हूं. जापान भी वार्ता के जरिये शांतिपूर्ण समाधान की उम्मीद करता है. जापान यथास्थिति बदलने की किसी भी एकतरफा कोशिश के खिलाफ है. ’’
पिछले सात हफ्तों से पूर्वी लद्दाख में कई स्थानों पर भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच गतिरोध कायम है. गलवान घाटी में 15 जून को दोनों देशों के सैनिकों के बीच हुई एक हिंसक झड़प में 20 भारतीय सैनिकों के शहीद होने के बाद तनाव कई गुना बढ़ा गया है. हालांकि, इस झड़प में चीनी सैनिक भी हताहत हुए हैं लेकिन चीन ने इस बारे में अभी तक कोई विवरण नहीं दिया है.
भारत क्षेत्र में शांति एवं स्थिरता बहाल करने के लिए पूर्वी लद्दाख के सभी इलाकों में पहले की यथास्थिति बहाल करने पर जोर दे रहा है. समझा जाता है कि बैठक में श्रृंगला ने जापानी राजदूत को पूर्वी लद्दाख की संपूर्ण वस्तुस्थिति से और इस मुद्दे पर भारत के रुख से भी अवगत कराया.
इस बीच, भारत ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह उम्मीद करता है कि चीन संबद्ध द्विपक्षीय समझौतों के प्रावधानों के अनुरूप सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति एवं स्थिरता शीघ्र बहाल करना सुनिश्चित करेगा.























