बिहार के 131 करोड़ के बालू खनन मामले में ED का बड़ा एक्शन, दिल्ली-राजस्थान समेत 3 राज्यों में रेड
ED Raid: बिहार में 131 करोड़ रुपये के कथित अवैध बालू खनन मामले में ED ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार, दिल्ली और राजस्थान के 8 ठिकानों पर छापेमारी की है.

ED की पटना जोनल यूनिट ने बिहार के बांका जिले में कथित अवैध बालू खनन और उससे जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई की है. ED ने शुक्रवार (17 जुलाई 2026) को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत देश के अलग-अलग राज्यों में 8 ठिकानों पर छापेमारी शुरू की. ये कार्रवाई महादेव एन्क्लेव प्राइवेट लिमिटेड (M/s Mahadev Enclave Pvt. Ltd.) के खिलाफ की जा रही है. जांच एजेंसी के मुताबिक, कंपनी पर बड़े पैमाने पर अवैध तरीके से बालू खनन करने का आरोप है. कंपनी का नियंत्रण राजस्थान के श्रीगंगानगर निवासी चांदक परिवार के पास है, जिसमें अशोक चांदक और उनके बेटे राघव चांदक प्रमुख है.
ED की जांच के दौरान सामने आया कि कंपनी ने कई सालों तक बड़े पैमाने पर अवैध बालू खनन किया, लेकिन इसकी जानकारी राज्य के खनन विभाग के रिकॉर्ड में नहीं थी. इसके बाद ED ने अक्टूबर 2024 में IIT पटना से बांका जिले की नदियों के बालू घाटों का जियोस्पेशियल एनालिसिस कराया. IIT पटना की रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि वित्त वर्ष 2015-16 से 2022-23 के बीच कंपनी ने करीब 131 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की बालू का अवैध खनन किया.
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ED ने अपनी जांच में मिले सबूत
ED ने अपनी जांच में मिले तथ्यों को PMLA की धारा 66(2) के तहत बिहार स्टेट माइनिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड को भेजा. इसके आधार पर बिहार सरकार के खान एवं भू-तत्व विभाग ने 21 अगस्त 2025 को एफआईआर दर्ज कराई, जिसकी जांच फिलहाल जारी है. ED की टीम बिहार, दिल्ली और राजस्थान में कुल 8 स्थानों पर तलाशी ले रही है.इनमें बिहार के बांका और पटना में 2 ठिकाने, दिल्ली-NCR में 1 और राजस्थान के श्रीगंगानगर में 4 और जयपुर में 1 जगह शामिल है. ED की कार्रवाई के दौरान दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड और अन्य सबूत जुटाए जा रहे है.
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