'तृणमूलाइजेशन नहीं...', बंगाल BJP चीफ ने ममता के बागियों को दिखाया रेड फ्लैग, एंट्री का दरवाजा बंद!
बंगाल में टीएमसी के दो गुटों में बंटने की नौबत आ गई है. ममता बनर्जी ने विधायकों की मीटिंग बुलाई थी, जिसमें 80 में से सिर्फ 20 विधायक ही पहुंचे थे. जिसके बाद मीटिंग को कैंसिल कर दिया गया था.

पश्चिम बंगाल के बीजेपी अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने क्लीयर कर दिया है कि तृणमूल कांग्रेस के बागी विधायकों को बीजेपी में शामिल नहीं किया जाएगा. उन्होंने कहा कि बीजेपी का तृणमूलाइजेशन कभी नहीं होगा.
समिक भट्टाचार्य ने कहा, 'टीएमसी के लिए हमारे दरवाजे बंद हैं. हमने बिना किसी बाहरी नेता को लाए 207 सीटें हासिल कीं. जनता ने टीएमसी नेताओं के खिलाफ मतदान किया. इस बार हमारी राजनीतिक रणनीति निचले स्तर से शुरू हुई है. दागी लोगों को हम अपनी पार्टी में कैसे शामिल कर सकते हैं? भाजपा का तृणमूलकरण कभी नहीं होगा.'
#WATCH | Delhi | West Bengal BJP President Samik Bhattacharya says, “Our doors are closed for TMC. We reached the number 207 without importing anyone. The people voted against the leaders of TMC. Our political strategy this time started from the bottom… How can we include the… pic.twitter.com/VPoSiFOtW2
— ANI (@ANI) June 2, 2026
बंगाल में टीएमसी के दो गुटों में बंटने की नौबत आ गई है. ममता बनर्जी ने विधायकों की मीटिंग बुलाई थी, जिसमें 80 में से सिर्फ 20 विधायक ही पहुंचे थे. जिसके बाद मीटिंग को कैंसिल कर दिया गया था. हालांकि उस समय कहा गया कि टीएमसी के विधायक अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले के विरोध में प्रदर्शन करने वाले कार्यकर्ताओं को बचाने में लगे हुए हैं.
क्या है पूरा मामला?
टीएमसी ने कल दो विधायक रितब्रता बनर्जी और संदीपन साहा को निष्कासित किया है. कई विधायक ममता की मीटिंग में नहीं गए पर, रितब्रता से मुलाकात की. कल ही एक होटल में छह विधायक मिले थे, जहां दो बागी विधायक भी मौजूद थे.
टीएमसी ने शोभनदेव चट्टोपाध्याय को विधायक दल का नेता चुना था. जो चिट्टी स्पीकर को दी गई थी उसमें 13 विधायक के हस्ताक्षर किसी और ने किए हैं. स्पीकर को कंप्लेन मिली थी जिसकी जांच अब CID कर रही है. इसी सिलसिले में कल अभिषेक बनर्जी को CID ने बुलाया था, लेकिन वो नहीं गए, समय मांगा. CID ने आठ जून को फिर समन किया है.विधायक दल का नेता, मुख्य सचेतक वाली चिट्टी, अभिषेक बनर्जी ने स्पीकर को लिखी थी. विधायक के हस्ताक्षर वाला पन्ना उसके साथ लगाया था.तीन विधायकों ने CID को बताया कि ये उनके हस्ताक्षर नहीं है.
ऐसे में बागी विधायकों का खेमा इस तैयारी में है कि अगर 40 से ऊपर विधायक उनके साथ आ जाएं तो बैठक बुला कर, TMC विधायक दल का नेता चुन लिया जाए. किसी और को नेता विरोधी दल का स्पीकर के पास जाकर दावा पेश करें.




















