एक्सप्लोरर

Swastik Rules: घर के मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने का सही तरीका क्या है? कई लोग कर बैठते हैं ये गलती

Swastik Rules: क्या आप भी घर के मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाते हैं? जानिए धर्म शास्त्र और वास्तु के अनुसार स्वास्तिक बनाने का सही तरीका, शुभ दिशा, सही रंग और वे गलतियां जिनसे बचना चाहिए.

Swastik Rules: सनातन धर्म में स्वास्तिक को सबसे शुभ और मंगलकारी प्रतीकों में से एक माना गया है. पूजा-पाठ, गृह प्रवेश, दीपावली, नवरात्रि या किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत में स्वास्तिक बनाने की परंपरा सदियों से चली आ रही है. खासकर घर के मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने को सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है.

लेकिन धर्म शास्त्र और वास्तु के अनुसार स्वास्तिक बनाते समय कुछ नियमों का पालन करना भी जरूरी माना गया है. यदि इन्हें नजरअंदाज किया जाए, तो शुभता का भाव प्रभावित हो सकता है. आइए जानते हैं सही तरीका.

स्वास्तिक का धार्मिक महत्व

'स्वास्तिक' शब्द संस्कृत के 'सु' (अच्छा) और 'अस्ति' (होना) से मिलकर बना है, जिसका अर्थ है-"सबका कल्याण हो." धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह भगवान गणेश, मां लक्ष्मी और शुभ ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है.

मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने का सही तरीका

धर्म शास्त्र और वास्तु मान्यताओं के अनुसार-

  • स्वास्तिक हमेशा सीधा और संतुलित बनाएं.
  • चारों भुजाएं समान लंबाई की हों.
  • इसे मुख्य दरवाजे के दोनों ओर या बीच में साफ स्थान पर बनाना शुभ माना जाता है.
  • स्वास्तिक बनाने से पहले स्थान की सफाई कर लें.
  • स्वास्तिक बनाते समय भगवान गणेश या मां लक्ष्मी का स्मरण करें.

किस चीज से बनाना शुभ माना जाता है?

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार स्वास्तिक बनाने के लिए-

  • कुमकुम (रोली)
  • हल्दी
  • चंदन
  • सिंदूर
  • गेरू

का प्रयोग शुभ माना जाता है. त्योहारों पर हल्दी और कुमकुम से बना स्वास्तिक विशेष रूप से शुभ माना जाता है.

कई लोग कर बैठते हैं ये गलतियां

उल्टा या टेढ़ा स्वास्तिक बनाना

स्वास्तिक हमेशा संतुलित और सही दिशा में बनाना चाहिए.

गंदे या टूटे स्थान पर बनाना

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मुख्य द्वार साफ-सुथरा होना चाहिए.

फीका पड़ने के बाद भी न हटाना

पुराना और धुंधला स्वास्तिक समय-समय पर साफ करके दोबारा बनाना शुभ माना जाता है.

बिना श्रद्धा के केवल दिखावे के लिए बनाना

शास्त्रों में भावना और श्रद्धा को सबसे अधिक महत्व दिया गया है.

जूते-चप्पलों के ठीक नीचे बनाना

ऐसी जगह स्वास्तिक बनाने से बचना चाहिए जहां उस पर बार-बार पैर पड़ें.

ज्योतिषाचार्य नीतिका शर्मा के अनुसार, स्वास्तिक केवल एक धार्मिक चिन्ह नहीं, बल्कि शुभता, संतुलन और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है. वे बताती हैं कि स्वास्तिक बनाते समय सबसे महत्वपूर्ण बात उसका आकार नहीं, बल्कि श्रद्धा और पवित्र भाव है. साथ ही इसे हमेशा स्वच्छ स्थान पर बनाना चाहिए और समय-समय पर नवीनीकरण भी करना चाहिए.

स्वास्तिक बनाने के बाद क्या करें?

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार स्वास्तिक बनाने के बाद दीपक जलाकर भगवान गणेश और मां लक्ष्मी का स्मरण करना शुभ माना जाता है. इससे घर में सकारात्मक वातावरण बना रहता है.

क्या हर दिन स्वास्तिक बना सकते हैं?

हां. यदि संभव हो तो प्रतिदिन या विशेष रूप से बुधवार, शुक्रवार, दीपावली, नवरात्रि और अन्य शुभ अवसरों पर स्वास्तिक बनाया जा सकता है. हालांकि यह धार्मिक आस्था का विषय है और अलग-अलग परंपराओं में इसके नियम भिन्न हो सकते हैं.

मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाना सनातन परंपरा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह शुभता, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है. लेकिन इसके साथ स्वच्छता, सही विधि और श्रद्धा का ध्यान रखना भी उतना ही आवश्यक है.

Kark Sankranti 2026: कर्क संक्रांति, 16 जुलाई को सूर्य का कर्क राशि में गोचर, जानें सभी 12 राशियों पर इसका शुभ-अशुभ प्रभाव और उपाय

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

रुचि शर्मा ज्योतिष जानकार हैं जो पिछले 13 वर्षों से ज्योतिष, धर्म और आध्यात्मिक विषयों पर अध्ययन, शोध और लेखन कर रही हैं. वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष, वास्तु शास्त्र, हस्तरेखा शास्त्र, टैरो, Chinese Astrology, राशिफल (Horoscope), ग्रह गोचर, पंचांग (Panchang), व्रत-त्योहार और धार्मिक परंपराओं से जुड़े विषयों पर उनकी विशेष पकड़ है. जटिल ज्योतिषीय सिद्धांतों और ग्रह-नक्षत्रों के प्रभाव को सरल एवं सहज भाषा में समझाना उनकी प्रमुख पहचान है.

उन्होंने लखनऊ विश्वविद्यालय से मास्टर इन मास कम्युनिकेशन की डिग्री प्राप्त की है. मीडिया और डिजिटल कंटेंट के क्षेत्र में लंबे अनुभव के दौरान वह राजस्थान पत्रिका, हिंदुस्तान, बीईसीआईएल, टाइम्स ग्रुप और Astrosage जैसी प्रतिष्ठित संस्थाओं के साथ कार्य कर चुकी हैं. पिछले कई वर्षों से उनका लेखन मुख्य रूप से ज्योतिष, धर्म, अध्यात्म और भारतीय संस्कृति से जुड़े विषयों पर केंद्रित रहा है.

रुचि शर्मा पारंपरिक ज्योतिषीय ग्रंथों, पंचांगों और प्रामाणिक स्रोतों के आधार पर विषयों का अध्ययन करती हैं तथा यूजर्स तक सरल, विश्वसनीय और उपयोगी जानकारी पहुंचाने का प्रयास करती हैं. उनके लेखों का उद्देश्य ज्योतिष और धर्म से जुड़े विषयों को आम पाठकों के लिए सहज और समझने योग्य बनाना है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Swastik Rules: घर के मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने का सही तरीका क्या है? कई लोग कर बैठते हैं ये गलती
Swastik Rules: घर के मुख्य दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने का सही तरीका क्या है? कई लोग कर बैठते हैं ये गलती
Puja Rule: क्या रात में भी की जा सकती है पूजा? धर्म शास्त्र क्या कहते हैं, जानिए सही नियम
Puja Rule: क्या रात में भी की जा सकती है पूजा? धर्म शास्त्र क्या कहते हैं, जानिए सही नियम
Chhaya Someswara Temple: 1400 साल पुराना वो अलौकिक मंदिर, जहां शिवलिंग पर मंडराती है 'राहु-केतु' और सूर्य-चंद्र की रहस्यमयी छाया!
Chhaya Someswara Temple: 1400 साल पुराना वो अलौकिक मंदिर, जहां शिवलिंग पर मंडराती है 'राहु-केतु' और सूर्य-चंद्र की रहस्यमयी छाया!
Shani Dev: क्या आप जानते हैं शनि देव के गुरु कौन हैं? शिव भक्ति करने वालों को कभी क्यों नहीं सताते सूर्यपुत्र?
क्या आप जानते हैं शनि देव के गुरु कौन हैं? शिव भक्ति करने वालों को कभी क्यों नहीं सताते सूर्यपुत्र?
Advertisement

वीडियोज

गुटखाबाज बीवी की डिमांड डायरी!
Shehnaaz Gill बोलीं- अभी सक्सेस नहीं मिली, मेरा सपना है लोग टिकट खरीदकर मेरी फिल्में देखने आएं
Bollywood News: '3 Idiots' की कहानी पर आमिर का नया खुलासा, सोनम वांगचुक कनेक्शन पर छिड़ी नई बहस (17-07-2026)
Udne ki Asha: Sailee-Sachin की बदली किस्मत; Ganpatipule में मिला पैसा, पर खो गया सुकून!
Tata Altroz diesel long term review and mileage: E20 ka best solution? #autolive
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से हटाने पर कांग्रेस का पहला रिएक्शन, पवन खेड़ा बोले- 'कल कमिश्नर बदला और आज...'
सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से हटाने पर कांग्रेस का पहला रिएक्शन, पवन खेड़ा बोले- 'कल कमिश्नर बदला और आज...'
'आज सुबह घटी ये घटना थोड़ी ही देर...', सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से हटाने पर बोले अखिलेश यादव
'आज सुबह घटी ये घटना थोड़ी ही देर...', सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से हटाने पर बोले अखिलेश यादव
सफेद चादर और सिविल ड्रेस में पुलिस वाले... सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से सफदरजंग कैसे ले जाया गया?
सफेद चादर और सिविल ड्रेस में पुलिस वाले... सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से सफदरजंग कैसे ले जाया गया?
'बंटवारा 1947' से पहले बड़े पर्दे पर दहाड़ते नजर आएंगे सनी देओल, री रिलीज हो रही एक्टर की तीन ब्लॉकबस्टर फिल्में, नोट कर लें तारीख!
'बंटवारा 1947' से पहले सनी देओल की री रिलीज हो रही तीन ब्लॉकबस्टर फिल्में, नोट कर लें तारीख!
IND vs ENG 3rd ODI में रोहित शर्मा रच सकते हैं इतिहास, Lord's में बना सकते हैं ये 2 रिकॉर्ड
IND vs ENG 3rd ODI में रोहित शर्मा रच सकते हैं इतिहास, Lord's में बना सकते हैं ये 2 रिकॉर्ड
जम्मू-कश्मीर के कठुआ रेलवे स्टेशन का बदला नाम, केंद्र सरकार ने कर दिया ऐलान
जम्मू-कश्मीर के कठुआ रेलवे स्टेशन का बदला नाम, केंद्र सरकार ने कर दिया ऐलान
'दिल्ली पुलिस ने मुझे...', सोनम वांगचुक को धरने से हटाए जाने के बाद अभिजीत दीपके का बड़ा दावा
'दिल्ली पुलिस ने मुझे...', सोनम वांगचुक को धरने से हटाए जाने के बाद अभिजीत दीपके का बड़ा दावा
सोनम वांगचुक को लेकर प्रियंका चतुर्वेदी ने सरकार और CJP को घेरा, कहा- लोग ये भूलेंगे नहीं
सोनम वांगचुक को लेकर प्रियंका चतुर्वेदी ने सरकार और CJP को घेरा, कहा- लोग ये भूलेंगे नहीं
Embed widget