एक्सप्लोरर

Feelings Confusion: लड़कों में इंटरेस्ट है या लड़कियों में... किस वजह से होता है कंफ्यूजन, क्या ये स्थिति नॉर्मल?

Relationship Attraction Confusion: समाज में एक नियम है कि लड़के का अट्रैक्शन लड़कियों और लड़कियों का अट्रैक्शन लड़कों की तरफ होता है, हालांकि सबसे साथ ऐसा नहीं होता है. चलिए आपको बताते हैं क्यों

Understanding Attraction Feelings: कई लोगों के मन में यह सवाल आता है कि उन्हें लड़कों में दिलचस्पी है या लड़कियों में और यह कंफ्यूजन आखिर क्यों होती है. एक्सपर्ट्स के मुताबिक, ऐसा महसूस करना असामान्य नहीं है, बल्कि यह इंसानी इमोशन्स और आकर्षण की मुश्किलों का एक सामान्य हिस्सा हो सकता है. अक्सर समाज में एक तय पैटर्न माना जाता है, लड़के लड़कियों के बीच रिश्ता बढेगा. कई लोग इसी नॉर्मल ढांचे में खुद को फिट करने की कोशिश करते हैं, ताकि कोई सवाल न उठे.

 लेकिन समय के साथ कुछ लोगों को यह समझ आने लगता है कि उनका फिजिकल अट्रैक्शन और भावनात्मक अट्रैक्शन एक ही दिशा में नहीं है. कोई व्यक्ति पुरुषों की ओर शारीरिक रूप से आकर्षित हो सकता है, जबकि महिलाओं से उसे भावनात्मक जुड़ाव ज्यादा महसूस हो. आमतौर पर लोगों में जिस जेंडर के प्रति यौन अट्रैक्शन होता है, उसी के प्रति भावनात्मक लगाव भी होता है. लेकिन हर किसी के साथ ऐसा हो, यह जरूरी नहीं. कुछ लोगों में ये दोनों तरह के आकर्षण अलग-अलग जेंडर की ओर बंटे हो सकते हैं. इसी वजह से मन में उलझन, सवाल और कभी-कभी असमंजस पैदा होता है. 

क्यों होता है ऐसा?

कई लोग बताते हैं कि महिलाओं के साथ उन्हें गहरा भावनात्मक कनेक्शन महसूस होता है जहां बातचीत, समझ और भरोसा अहम होता है. वहीं पुरुषों के साथ आकर्षण ज्यादा शारीरिक हो सकता है. यह फर्क कई बार खुद व्यक्ति को भी कंफ्यूज कर देता है, क्योंकि वह किसी एक लेबल में खुद को पूरी तरह फिट नहीं कर पाता. कुछ लोगों के लिए महिलाओं के साथ रिश्ता सुरक्षित, स्थिर और समाज द्वारा स्वीकार्य लगता है. उन्हें लगता है कि रास्ता पहले से तय है रिश्ते का ढांचा साफ है. वहीं पुरुषों के साथ आकर्षण ज्यादा , रोमांचक और कभी-कभी डराने वाला भी हो सकता है. यह अनुभव हर व्यक्ति के लिए अलग होता है और समय के साथ बदल भी सकता है.

नियमों में नहीं होता है अट्रैक्शन

यह समझना जरूरी है कि यौन अट्रैक्शन और भावनात्मक अट्रैक्शनण हमेशा स्थायी या सख्त नियमों में बंधे नहीं होते. किसी दिन कोई व्यक्ति दोनों ही स्तरों पर किसी एक जेंडर की ओर अट्रैक्शन महसूस कर सकता है, और किसी और समय उसका अनुभव अलग हो सकता है. यही वजह है कि कई लोगों को लगता है कि उन्हें ऐसा साथी ढूंढना मुश्किल है, जो भावनात्मक और शारीरिक दोनों जरूरतों को पूरा कर सके. यहां एक और अहम फर्क समझना जरूरी है कि जेंडर आइडेंटिटी और फिजिकल रिलेशन ओरिएंटेशन एक चीज नहीं हैं. फिजिकल रिलेशन ओरिएंटेशन का मतलब है कि आप किसके प्रति शारीरिक, भावनात्मक या रोमांटिक अट्रैक्शन महसूस करते हैं. वहीं जेंडर आइडेंटिटी यह बताती है कि आप खुद को अंदर से कैसे देखते हैं, पुरुष, महिला या किसी और पहचान के रूप में.

क्या कहते हैं एक्सपर्ट?

अगर कोई व्यक्ति इस तरह की कंफ्यूजन से गुजर रहा है तो एक्सपर्ट्स मानते हैं कि यह पूरी तरह नॉर्मल है. खुद को समझने की प्रक्रिया में समय लग सकता है। जरूरी है कि ऐसे लोग खुद पर दबाव न डालें, अपनी भावनाओं को स्वीकार करें और भरोसेमंद लोगों से बात करें. 

इसे भी पढ़ें- Oversleeping Side Effects: कहीं जरूरत से ज्यादा तो नहीं सो रहे आप? हो सकती है यह गंभीर समस्या, एक्सपर्ट ने दी चेतावनी

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

क्यों जैन समुदाय को ठेस पहुंचाना चाहते हैं? प्याज और लहसुन को लेकर वकील की ये मांग सुन CJI को आया गुस्सा
क्यों जैन समुदाय को ठेस पहुंचाना चाहते हैं? प्याज और लहसुन को लेकर वकील की ये मांग सुन CJI को आया गुस्सा
लखनऊ: शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का राजधानी में बड़ा कार्यक्रम, असली-नकली संतों की होगी पहचान
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का राजधानी में बड़ा कार्यक्रम, असली-नकली संतों की होगी पहचान
शाहिद कपूर की पत्नी मीरा संग कैसा है सुप्रिया पाठक का रिश्ता? बोलीं- कभी लगा ही नहीं कि मेरी बहू है
शाहिद कपूर की पत्नी मीरा संग कैसा है सुप्रिया पाठक का रिश्ता? बोलीं- कभी लगा ही नहीं कि मेरी बहू है
ईशान किशन पर टूटा था गमों का पहाड़, दो दिन पहले परिवार में हुईं 2 मौतें; फिर भी देश को जिताया वर्ल्ड कप
ईशान पर टूटा था गमों का पहाड़, परिवार में हुईं 2 मौतें; फिर भी देश को जिताया वर्ल्ड कप
Advertisement

वीडियोज

Khamenei की मौत के बाद Mojtaba के Supreme Leader बनने का खुला राज! | Iran-Israel War
Mojtaba Khamenei: तेल के खेल में फंसने वाली है जनता ! | Israel Iran War Updates
Iran Vs US-Israel War: ईरान के इजरायल पर हमले को लेकर पूर्व राजनयिक ने क्या बताया? | Donald Trump
Iran में Israel ने बरसाए बम..मचा दी जबरदस्त तबाही! | Iran Vs US-Israel War Update | Donald Trump
Iran हो रहे ताबड़तोड़ हमले..Mojtaba के Supreme Leader बनते ही भारी तबाही | Iran Vs US-Israel War
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement
Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
क्यों जैन समुदाय को ठेस पहुंचाना चाहते हैं? प्याज और लहसुन को लेकर वकील की ये मांग सुन CJI को आया गुस्सा
क्यों जैन समुदाय को ठेस पहुंचाना चाहते हैं? प्याज और लहसुन को लेकर वकील की ये मांग सुन CJI को आया गुस्सा
लखनऊ: शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का राजधानी में बड़ा कार्यक्रम, असली-नकली संतों की होगी पहचान
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का राजधानी में बड़ा कार्यक्रम, असली-नकली संतों की होगी पहचान
शाहिद कपूर की पत्नी मीरा संग कैसा है सुप्रिया पाठक का रिश्ता? बोलीं- कभी लगा ही नहीं कि मेरी बहू है
शाहिद कपूर की पत्नी मीरा संग कैसा है सुप्रिया पाठक का रिश्ता? बोलीं- कभी लगा ही नहीं कि मेरी बहू है
ईशान किशन पर टूटा था गमों का पहाड़, दो दिन पहले परिवार में हुईं 2 मौतें; फिर भी देश को जिताया वर्ल्ड कप
ईशान पर टूटा था गमों का पहाड़, परिवार में हुईं 2 मौतें; फिर भी देश को जिताया वर्ल्ड कप
टी20 वर्ल्ड कप 2026 जीतने के बाद टीम इंडिया का जश्न, स्टेडियम से वायरल हुए 5 डांस वीडियो
टी20 वर्ल्ड कप 2026 जीतने के बाद टीम इंडिया का जश्न, स्टेडियम से वायरल हुए 5 डांस वीडियो
जेईई एडवांस के लिए 23 अप्रैल से शुरू हो रहे रजिस्ट्रेशन, 17 मई को होगी परीक्षा
जेईई एडवांस के लिए 23 अप्रैल से शुरू हो रहे रजिस्ट्रेशन, 17 मई को होगी परीक्षा
Patola Lehenga Bridal Look: अंबानी परिवार की नई बहू ने पहना 900 साल पुराना पटोला, होश उड़ा देगा शवियाना का श्रृंगार
अंबानी परिवार की नई बहू ने पहना 900 साल पुराना पटोला, होश उड़ा देगा शवियाना का श्रृंगार
'देश की 65 करोड़ माताओं, बहनों और बेटियों को लगना चाहिए कि...', CJI की कौन सी बात सुनकर महिला वकीलों ने जोर से बजाईं तालियां?
'देश की 65 करोड़ माताओं, बहनों और बेटियों को लगना चाहिए कि...', CJI की कौन सी बात सुनकर महिला वकीलों ने जोर से बजाईं तालियां?
Embed widget