एक्सप्लोरर

Human Body: इंसान के शरीर में दो आंख और दो कान ही क्यों होते हैं, कभी सोचा है?

Human Body: इंसान के शरीर में दो आंख और दो कान होते हैं. लेकिन आखिर इसके पीछे की वजह क्या है? आइए जानते हैं क्या है इस सवाल का जवाब?

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • दो आंखें गहराई का एहसास कराती हैं, जिससे दूरियों का सटीक अंदाज़ा मिलता है।
  • दोनों कान आवाज़ के समय और तेज़ी के अंतर से दिशा का पता लगाते हैं।
  • दो अंग होने से देखने का दायरा बढ़ता है और बैकअप भी बना रहता है।

Human Body: क्या आपने कभी सोचा है कि इंसान के शरीर में ठीक दो आंख और दो कान ही क्यों होते हैं? यह सिर्फ बनावट या फिर दिखने की बात नहीं है. इसके पीछे एक काफी बड़ा लॉजिक है, जिसे जिंदा रहने, आसपास की चीजों को समझने और दुनिया को देखने-सुनने में सटीकता लाने के लिए सबसे बेहतर बनाया गया है.

दो आंखों की ताकत 

हमारी आंखें चेहरे पर थोड़ी दूरी पर होती हैं और इस छोटी सी दूरी से काफी बड़ा फर्क पड़ता है. हर आंख एक ही चीज की थोड़ी अलग तस्वीर खींचती है. इसके बाद दिमाग इन दोनों तस्वीरों को मिलाकर एक ऐसी चीज बनाता है जिसे वैज्ञानिक डेप्थ परसेप्शन कहते हैं. 

यह काबिलियत हमें दूरियों का सही अंदाजा लगाने में मदद करती है. चाहे वह गेंद पकड़ना हो, गाड़ी चलाना हो या बस बिना किसी चीज से टकराए चलना हो. सिर्फ एक आंख होने पर गहराई का यह एहसास काफी कमजोर हो जाता है. इससे रोजमर्रा के काम करना कहीं ज्यादा मुश्किल हो जाता है. 

क्यों होते हैं दो कान?

सुनने का मतलब सिर्फ आवाज को पहचानना नहीं है. बल्कि यह जानना भी है कि वह कहां से आ रही है. दो कानों की मदद से दिमाग हर कोने तक पहुंचने वाली आवाज के समय और उसकी तेजी में आए काफी छोटे फर्क की तुलना कर पाता है. जैसे अगर कोई आवाज आपकी दाएं तरफ से आती है तो वह आपके बाएं कान के मुकाबले आपके दाएं कान तक एक सेकंड के काफी छोटे हिस्से पहले पहुंचती है.  आपका दिमाग इस फर्क को तुरंत समझ लेता है.

देखने का ज्यादा बड़ा दायरा

दो आंख होने से हमारे देखने का दायरा भी बढ़ जाता है. इंसान लगभग 180 डिग्री तक देख सकता है. इससे हम बिना अपना सिर ज्यादा हिलाए एक बड़े इलाके को देख पाते हैं. 

अंदर बना हुआ बैकअप सिस्टम 

कुदरत शायद ही कभी कोई जोखिम उठाती है और यहीं पर चीजों का जोड़ी में होना काम आता है. अगर एक आंख या फिर कान खराब हो जाए तो दूसरा तब भी काम करता रहता है. इससे यह पक्का हो जाता है कि इंसान की देखने या फिर सुनने की शक्ति पूरी तरह से खत्म ना हो जाए.

यह भी पढ़ें: अमेरिका ने ईरान का जो पुल ढहाया, वह कितने में बना था? जान लें पूरी लागत

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

ये हैं भारत के टॉप 5 केंद्रीय विश्वविद्यालय, जानिए सबसे पुराना कौन?
ये हैं भारत के टॉप 5 केंद्रीय विश्वविद्यालय, जानिए सबसे पुराना कौन?
जोहेरी मोला कैसे रखती हैं अपनी खूबसूरती का ख्याल? जानिए उनका सक्सेस मंत्र
जोहेरी मोला कैसे रखती हैं अपनी खूबसूरती का ख्याल? जानिए उनका सक्सेस मंत्र
कितनी पुरानी है Delhi University? किसने करवाया था निर्माण
कितनी पुरानी है Delhi University? किसने करवाया था निर्माण
नदियों का 'Highest Flood Level' क्या होता है, इसे कैसे मापा जाता है?
नदियों का 'Highest Flood Level' क्या होता है, इसे कैसे मापा जाता है?

वीडियोज

Breaking News | Moti Bagh Building Collapse: मलबा हटाने में जुटी JCB...हादसे से दहली दिल्ली!
Moti Bagh Building Collapse | Sansani: दिल्ली के 'कातिल सिस्टम' का कहर ! | Delhi Hostel
Delhi Building Collapse | Sandeep Chaudhary: दिल्ली हादसे ने खोली लापरवाह सिस्टम की पोल? | BJP
Moti Bagh Building Collapse: कैसे हुआ दिल्ली हादसा? चश्मदीदों ने खोले राज, कंपा देगी सच्चाई!
Breaking News | Moti Bagh Building Collapse: दिल्ली में 'मौत का हॉस्टल'..जिम्मेदार कौन? | Janhit

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
सत्य निकेतन हादसा: मलबों में जिंदगी, 10.30 घंटों से दिल्ली की सांसें थमी, हर हाथ प्रार्थना को उठे
सत्य निकेतन: मलबों में जिंदगी, 10.30 घंटों से सांसें थमी, हर हाथ प्रार्थना को उठे
'7वीं पीढ़ी से पहले हिंदू समाज को संगठित...', जानें क्या बोले मोहन भागवत
'अब RSS हर जगह किया जाता स्वीकार, विरोधी भी करते काम की वैल्यू' - मोहन भागवत
ईशान किशन के शतक पर गर्लफ्रेंड अदिति की प्रतिक्रिया वायरल, 3 शब्दों से लूटी महफिल
ईशान किशन के शतक पर गर्लफ्रेंड अदिति की प्रतिक्रिया वायरल, 3 शब्दों से लूटी महफिल
Bigg Boss 20 में 16 कंटेस्टेंट्स की एंट्री, हुआ पहला एविक्शन! प्रियंका चोपड़ा की घरवालों को चेतावनी
Bigg Boss 20 में 16 कंटेस्टेंट्स की एंट्री, हुआ पहला एविक्शन! प्रियंका चोपड़ा की घरवालों को चेतावनी
सत्य निकेतन हादसे पर अभिषेक मनु सिंघवी ने उठाए सवाल, कहा - 'अगर PM खुद को...'
सत्य निकेतन हादसे पर अभिषेक मनु सिंघवी ने उठाए सवाल, कहा - 'अगर PM खुद को...'
देश की सबसे सस्ती सेडान मिल रही और सस्ती, Tigor पर इतना ऑफर
देश की सबसे सस्ती सेडान मिल रही और सस्ती, Tigor पर इतना ऑफर
खेत में पानी जमा न होने दें गन्ना किसान, फसल में बढ़ रहा बीमारी का खतरा
खेत में पानी जमा न होने दें गन्ना किसान, फसल में बढ़ रहा बीमारी का खतरा
अब हिंदी मीडियम से करें बीटेक, MP में शुरू हुआ इंजीनियरिंग कोर्स
अब हिंदी मीडियम से करें बीटेक, MP में शुरू हुआ इंजीनियरिंग कोर्स
Embed widget