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Audi Logo: किसने डिजाइन किया था ऑडी का आइकॉनिक साइन, इसके लिए कितना किया था चार्ज

Audi Logo: ऑडी जो की एक जर्मन कार निर्माता कंपनी है अपनी लग्जरी और शानदार इंजीनियरिंग के लिए पूरी दुनिया में मशहूर है. आज हम जानेंगे इसके लोगो के पीछे का पूरा इतिहास.

Audi Logo: जर्मन लग्जरी कार निर्माता कंपनी ऑडी अपनी सटीक इंजीनियरिंग, एडवांस्ड टेक्नोलॉजी और शानदार डिजाइन के लिए दुनिया भर में मशहूर है. ऑडी का आईकॉनिक सिंबल जो की चार रिंग का लोगो है 1932 में 4 फाउंडिंग कंपनी का विलय का प्रतीक है. आइए जानते हैं कि इस प्रसिद्ध लोगो को किसने डिजाइन किया था और इसके निर्माण के लिए कितनी राशि ली गई थी.

ऑडी का इतिहास 

अगस्त हॉर्च द्वारा 1909 में स्थापित ऑडी की स्थापना उनकी मूल कंपनी 'हॉर्च' के साथ एक विवाद के बाद हुई थी. 'हॉर्च' का मतलब जर्मन में 'सुनो' होता है. स्थापना के दौरान इसे लैटिन अनुवाद 'ऑडी' से बदल दिया गया. वर्षों से ऑडी अपनी एडवांस्ड इंजीनियरिंग के लिए पहचानी जाती है. 1932 में ऑडी कंपनी के विकास में एक और ऐतिहासिक मोड़ आया जब इसने तीन अन्य प्रमुख जर्मन कर निर्माताओं डिकेडब्ल्यू, हॉर्च और वंडरर के साथ विलय करके एक ऑटो यूनियन एजी का गठन किया. 

ऑडी फोर रिंग लोगो 

ऑडी कार लोगो 1932 में चार संस्थापक कंपनी ऑडी, डिकेडब्ल्यू, हॉर्च और वंडरर के एक साथ होने के रूप में बनाया गया था. हर रिंग किसी एक कंपनी की प्रतीक थी. यह लोगो कंपनी की शक्ति और एकता का प्रतीक बन गया. इस लोगो का इस्तेमाल सबसे पहले ऑटो यूनियन एजी द्वारा किया गया था. शुरुआत में हर रिंग के अंदर चार संस्थापक कंपनियों के अलग-अलग लोगो प्रदर्शित किए गए थे. वक्त के साथ-साथ इस डिजाइन को और सरल बना दिया गया. 

1990 के दशक में ग्राफिक डिजाइनर कर्ट वीडेमैन और स्ट्रिचपंकट और केएमएस टीम जैसी डिजाइन फर्म ने लोगो को अपडेट करने में मदद की.  2016 तक आते-आते ऑडी ने मॉडर्न एप्लीकेशंस के लिए लोगो को एक सपाट, टू डाइमेंशनल वर्जन में पेश करके एक और कदम आगे बढ़ाया. दिलचस्प बात यह है की ऑडी लोगो के निर्माण से जुड़ी कोई विशिष्ट लागत या कमीशन शुल्क के बारे में कोई जानकारी नहीं है. अगर इसके डिजाइनर की बात करें तो कर्ट वीडेमैन और स्ट्रिचपंकट और केएमएस टीम जैसी डिजाइन फॉर्मों ने सालों से लोगो को निखारने में मदद की है.

चार इंटरलॉकिंग छल्लो वाला ऑडी लोगो क्वालिटी, टेक्नोलॉजी और लग्जरी का प्रतीक बना हुआ है. ऑडी के अब तक के सफर में कई सुधार हुए हैं लेकिन इसका मूल संदेश अभी भी उन चार कंपनियों की एकता और ताकत को ही दर्शाता है.

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स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

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