वेलेंटाइन डे पर कपल्स को धमकाते दिखे हिंदू संगठनों के लोग, जानें मोरल पुलिसिंग को लेकर क्या है कानून
वेलेंटाइन डे पर हिंदू संगठनों ने कई शहरों में संस्कृति को बचाने के नाम पर कपल्स को पुलिस के हवाले किया है. क्या आप जानते हैं कि मोरल पुलिसिंग क्या होती है और इसको लेकर क्या कानून है.

देशभर में बीते 14 फरवरी को सभी प्रेमी जोड़ों ने वेलेंटाइन डे मनाया है. जहां एक तरफ कपल्स ने एक दूसरे से प्रेम का इजहार किया है, वहीं दूसरी तरफ कुछ हिंदू संगठनों के लोग कपल्स को धमकाते हुए भी दिखे हैं. आज हम आपको बताएंगे कि आखिर अगर कोई भी संगठन ऐसा करता है, तो उसके खिलाफ क्या कार्रवाई हो सकती है. आज हम आपको उन नियमों के बारे में बताएंगे.
वेलेंटाइन डे
देशभर में 14 फरवरी को वेलेंटाइन डे की धूम मची हुई थी. प्रेमी जोड़ों के लिए ये दिन काफी खास होता है, क्योंकि उन्हें इस दिन का इंतजार साल भर होता है. अधिकांश जगहों पर वेलेंटाइन डे के दिन प्रेमी जोड़े एक-दूसरे के साथ कहीं बाहर घूमने जाना पसंद करते हैं. जहां पर वो अपने प्रेम का इजहार करते हैं और गिफ्ट देते हैं.
क्या है मामला ?
बता दें कि वेलेंटाइन डे के दिन अलग-अलग शहरों में राष्ट्र रक्षक समिति और हिंदू जागरण मंच के कार्यकताओं ने प्रेमी जोड़ों को पकड़कर पुलिस के हवाले किया है. सोशल मीडिया पर वायरल फोटो में दिख रहा है कि कार्यकर्ता हाथों में लट्ठ और गले में केसरिया पटका पहनकर पार्कों और होटल में पहुंचे हैं. जहां पर वो प्रेमी जोड़ों से कई तरह के सवाल पूछ रहे हैं. इतना ही नहीं उन्होंने कई जगहों पर लव जिहाद के शक में प्रेमी जोड़ों को पकड़कर पुलिस के हवाले भी किया है.
होटलों में सर्च ऑपरेशन
वेलेंटाइन डे के दिन कई हिंदू संगठनों ने एक-एक होटल में जाकर सर्च ऑपरेशन चलाया है. इस दौरान राष्ट्र रक्षक समिति और हिंदू जागरण मंच के महिला व पुरुष कार्यकर्ता हाथों में लट्ठ और गले में केसरिया पटका डाले हुए थे. इस दौरान ये कार्यकर्ता सभी प्रेमी जोड़ों को वापस उनके घर भेज रहे थे. इतना ही नहीं यह लोग नारेबाजी भी कर रहे थे कि जहां मिलेंगे बाबू सोना, तोड़ देंगे कोना-कोना.
क्या कहता है कानून?
बता दें कि भारत में मोरल पुलिसिंग एक अपराध है. हालांकि समाज में इसको लेकर अलग-अलग मत भी है. कुछ लोग इस सही ठहराते हैं, तो कुछ लोग इसे गलत ठहराते हैं. अब आप सोच रहे होंगे कि मोरल पुलिसिंग क्या होती है. दरअसल भारत में नैतिक पुलिसिंग तब होती है, जब निगरानी समूह, पुलिस या सरकार उन गतिविधियों को निशाना बनाती है, जिन्हें वे अनैतिक या भारतीय संस्कृति के विरुद्ध मानते हैं.
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Source: IOCL





















