बांग्लादेश में शादी करने पर चीन ने लगाया बैन! जानें किन देशों में है ऐसे नियम
Rules For Cross Border Wedding: चीन ने हाल ही में क्रॉस बॉर्डर वेडिंग को लेकर अपने देश के नागरिकों के लिए एक नोटिस जारी किया है. चलिए जानें कि इस तरह का नियम और कौन से देश लागू करते हैं.

चीन में दशकों तक वन चाइल्ड पॉलिसी को फॉलो किया गया है. दरअसल सरकार ने आबादी पर काबू पाने के लिए ऐसा कदम उठाया था और इसके लिए जनता पर दबाव बनाया गया था. ऐसी परिस्थिति में लड़के की इच्छा रखने वाले परिवारों ने गर्ल-चाइल्ड को जन्म देना जरूरी नहीं समझा और देश में सेक्स रेश्यो पूरी तरह से बिगड़ गया है. यही वजह थी कि साल 2000 में हर 100 लड़की पर 121 लड़के थे. चीन में ऐसे लोग बड़ी तादात में हैं जो कि दूसरे देशों में दुल्हनों की तलाश कर रहे हैं. ये लड़के पाकिस्तान और बांग्लादेश की लड़कियों के साथ शादी रचा रहे हैं, जिसे क्रॉस बॉर्डर वेडिंग कहते हैं.
चीन ने क्यों लगाया बांग्लादेश में शादी पर बैन
अब रविवार देर रात बांग्लादेश में स्थित चीनी एंबेसी ने एक नोटिस जारी करके कहा है कि चीनी नागरिकों को बांग्लादेश में महिलाओं के साथ रिश्ते बनाने या फिर उनसे शादी करने के लिए अवैध मैचमेकिंग के एजेंटों से बचना चाहिए और बांग्लादेश में शादी से पहले दो बार सोचना चाहिए. लेकिन क्या ऐसा नियम सिर्फ चीन में लागू है? किसी और देश में यह नियम नहीं है क्या? चलिए जानें.
किस देश में हैं इस तरह के नियम
क्रॉस बॉर्डर शादी दो देशों के बीच होने वाले विवाह को कहा जाता है. ऐसे में कुछ नियम विवाह के योग्य होने की शर्तों से संबंधित होते हैं और आयु, मानसिक स्वास्थ्य और कुछ नियम विदेशी जीवनसाथी के वीजा व रहने के नियम से संबंधित होते हैं. वैसे तो किसी भी देश में यह पूरी तरह से बैन नहीं है, लेकिन कुछ देशों में क्रॉस बॉर्डर वेडिंग को लेकर नियम जरूर सख्त हैं. जैसे कि फिलीपींस में विदेशी लड़का या लड़की के साथ शादी कराने वाली कंपनियों पर प्रतिबंध लगा है. दरअसल यह कानून महिलाओं के साथ होने वाले दुर्व्यहार से बचाने के लिए है. लेकिन यह कानून फिलिपिनो महिलाओं के लिए विदेशी पुरुषों के साथ शादी को मुश्किल बनाता है.
यूके में क्या है नियम
यूके में इमीग्रेशन के लिए क्रॉस बॉर्डर वेडिंग का लंबा इतिहास रहा है, यही वजह है कि वहां पर क्रॉस बॉर्डर वेडिंग के मामले में जांच बढ़ जाती है. साल 2011 में इस तरह की शादियों को रोकने के लिए चर्च के पादरी को भी निर्देश दिए गए थे. इसीलिए जो लोग सच में शादी करना चाहते हैं, इसका असर उन पर भी देखने को मिला.
फ्रांस, स्लोवेनिया और स्वीडन के नियम
इन देशों में काउंसलर अधिकारी रखे गए हैं, जो कि क्रॉस बॉर्डर वेडिंग की वैधता की जांच करते हैं और इस तरह की शादी करने वालों पर अगर जरा भी संदेह होता है तो उनका वीजा कैंसिल कर दिया जाता है. दरअसल हर देश में क्रॉस बॉर्डर वेडिंग को लेकर अपने कानून और प्रथाएं हैं, जो कि इसे ज्यादा कठिन बनाती हैं.
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Source: IOCL





















