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कितने रुपये में बना चीन का Are You Dead ऐप, जानें अब कितनी है इसकी कीमत?

Are You Dead App China: चीन में कुछ हजार रुपये में बना एक साधारण सा ऐप आज करोड़ों की वैल्यू में पहुंच गया है. Are You Dead अब वायरल ट्रेंड नहीं, बल्कि एक उभरता हुआ स्टार्टअप बन चुका है.

एक सवाल, एक बटन और एक अजीब सा नाम… बस यहीं से शुरू हुई चीन के एक ऐप की कहानी. कल तक लोग इसे मजाक या वायरल ट्रेंड समझ रहे थे, लेकिन आज वही ऐप स्टार्टअप वैल्यू, रिब्रांडिंग और कमाई के मॉडल की मिसाल बन गया है. क्या आपको यकीन होगा कि जिस ऐप को कुछ हजार रुपये में बनाया गया, उसकी कीमत अब करोड़ों में आंकी जा रही है? यही है चीन के चर्चित Are You Dead ऐप की पूरी कहानी, जिसे आज हम आपको समझाने जा रहे हैं. 

कैसे शुरू हुआ Are You Dead ऐप?

Are You Dead? नाम वाला यह ऐप चीन में तीन युवा डेवलपर्स ने तैयार किया था. इसका आइडिया बेहद सिंपल था. यूजर को एक तय समय पर ऐप में चेक इन करना होता है. अगर यूजर तय वक्त तक एक्टिव नहीं होता, तो ऐप अलर्ट भेजता है. शुरुआत में यह सेफ्टी आइडिया से ज्यादा एक अजीब नाम की वजह से वायरल हुआ था.

कितने रुपये में बना यह ऐप?

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस ऐप को बनाने में करीब 1000 युआन का खर्च आया था. भारतीय रुपये में देखें तो यह रकम लगभग 13 हजार रुपये के आसपास बैठती है. न कोई बड़ी टीम, न भारी इंफ्रास्ट्रक्चर, बस एक बेसिक कोड और यूनिक कॉन्सेप्ट. यही वजह है कि इसकी लागत बेहद कम रही. 

वायरल से बिजनेस बनने तक का सफर

जैसे ही ऐप सोशल मीडिया पर चर्चा में आया, इसके डाउनलोड तेजी से बढ़ने लगे. फ्री ऐप होने की वजह से मेंटेनेंस कॉस्ट शुरू में ज्यादा नहीं थी, लेकिन टॉप डाउनलोड में आते ही सर्वर, नोटिफिकेशन सिस्टम, ईमेल और कस्टमर सपोर्ट जैसी जरूरतें बढ़ गईं. यहीं से यह ऐप एक वायरल ट्रेंड से आगे बढ़कर बिजनेस मॉडल की तरफ मुड़ गया.

अब कितनी है ऐप की कीमत?

सबसे बड़ा सवाल यही है कि आज इस ऐप की कीमत कितनी आंकी जा रही है? रिपोर्ट्स बताती हैं कि Are You Dead ऐप की वैल्यूएशन अब करीब 1 करोड़ युआन तक पहुंच चुकी है. भारतीय करेंसी में यह लगभग 13 करोड़ रुपये के बराबर है. यानी कुछ हजार रुपये की लागत वाला आइडिया अब करोड़ों की वैल्यू का स्टार्टअप माना जाने लगा है.

फ्री से पेड मॉडल में क्यों बदला?

शुरुआत में ऐप पूरी तरह फ्री था, लेकिन बढ़ते खर्च को देखते हुए डेवलपर्स ने इसे पेड मॉडल में शिफ्ट किया. अब इसकी कीमत करीब 8 युआन रखी गई है, जो भारतीय रुपये में लगभग 100 रुपये होती है. यह कीमत जानबूझकर कम रखी गई है, ताकि यूजर बिना ज्यादा सोचे इसे डाउनलोड कर लें. इसे माइक्रो-पेमेंट स्ट्रैटेजी माना जा रहा है.

नाम बदलने की तैयारी क्यों?

Are You Dead? नाम जितना वायरल था, उतना ही विवादित भी. ग्लोबल लेवल पर यह नाम कई लोगों को असहज कर सकता है. इसी वजह से डेवलपर्स अब इसे इंटरनेशनल मार्केट के लिए डेमुमु नाम से रिब्रांड करने की तैयारी में हैं. मकसद साफ है, शॉक वैल्यू से हटकर यूटिलिटी और भरोसे पर फोकस करना.

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About the author निधि पाल

निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं.

अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं.

खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

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