एक्सप्लोरर

भारत की आजादी को तो 78 साल ही हुए तो 8 अक्टूबर को 93वां 'वायु सेना दिवस' कैसे मनाएगी IAF? जान लीजिए वजह

भारतीय वायु सेना की स्थापना भारत की आजादी से पहले हो गई थी. वायु सेना की स्थापना IAF के रूप में 8 अक्टूबर 1932 में की गई. यहीं वजह है कि वायु सेना दिवस की गिनती 1932 में IAF की स्थापना से शुरू होती है.

भारतीय वायु सेना का स्थापना दिवस हर साल 8 अक्टूबर को मनाया जाता है. इस साल 2025 में यह दिन 93 वां वायु सेना दिवस होगा. वहीं वायु सेना दिवस पर देशभर में कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं. इसके अलावा वायु सेना की तरफ से 8 अक्टूबर को हिंडन वायुसेना अड्डे पर परेड भी होगी. वायु सेना दिवस को लेकर कई लोग यह भी सोचते हैं कि भारत को स्वतंत्र हुए केवल 78 साल ही हुए हैं, जबकि वायु सेना इस बार अपना 93वां वायु सेना दिवस कैसे मना रहा है. ऐसे में चलिए आज हम आपको बताते हैं कि अगर भारत की आजादी को 78 साल हुए तो वायु सेना अपना 93 वां वायु सेना दिवस कैसे मान रहा है.

भारत की आजादी को 78 साल और वायु सेवा का 93 वां दिवस 

दरअसल भारतीय वायु सेना की स्थापना भारत की आजादी से पहले हो गई थी. भारतीय वायु सेना की स्थापना IAF के रूप में 8 अक्टूबर 1932 में की गई थी. यहीं वजह है कि वायु सेना दिवस की गिनती 1932 में IAF की स्थापना से शुरू होती है, जो भारत की स्वतंत्रता से कई साल पहले हुआ था. इसी गिनती के चलते ही वायु सेना अपना 93 वां वायु सेना दिवस मना रही है. 1932 में भारतीय वायुसेना की स्थापना ब्रिटिश साम्राज्य के सहयोगी बल के रूप में हुई थी. इसकी पहली उड़ान 1 अप्रैल 1933 को चार Westland Wapiti IIA बाय प्लेन से भरी गई थी. इस उड़ान में छह RAF प्रशिक्षित अधिकारी और 19 हवाई सिपाही शामिल थे. उन्होंने नंबर 1 स्क्वाड्रन की नींव रखी थी. 

वायु सेना का शुरुआती वर्षों में योगदान 

IAF ने 1936 में  ए फ्लाइट के माध्यम से अपनी पहली कार्रवाई की थी. जब उसने नॉर्थ वजीरिस्तान में भारतीय सेना का समर्थन किया. इसके बाद 1938 तक नंबर वन स्क्वाड्रन पूरी तरह से सक्रिय हो गया था. वहीं दूसरे विश्व युद्ध के बाद दौरान IAF के जवानों को बहादुरी और समर्पण के लिए 22 Distinguished Flying Crosses और अन्य कई पुरस्कार मिले थे. ज‍िसके बाद मार्च 1945 में इसके नाम में रॉयल शब्द भी जोड़ा गया था. हालांकि स्वतंत्रता के बाद 1950 में भारत गणराज्य बनने पर IAF से रॉयल शब्द हटा लिया गया था और इससे भारतीय वायुसेना कहा जाने लगा. 

स्वतंत्रता के बाद पुनर्गठन 

1947 में भारत की स्वतंत्रता के बाद IAF ने बड़े स्तर पर पुनर्गठन किया. उस समय इसके कर्मचारियों की संख्या लगभग 14,000 रह गई थी. क्योंकि  विभाजन के दौरान IAF की कई इकाइयां पाकिस्तान में चली गई. इसके बाद ही IAF को भारतीय वायु सेना कहा जाने लगा था. वहीं कई इकाइयों के उस समय पाकिस्तान में शामिल होने के बाद भारत में 6 लड़ाकू स्क्वाड्रन एक बी-24 बॉम्बर स्क्वाड्रन और एक सी-47 डकोटा ट्रांसपोर्ट स्क्वाड्रन सक्रिय था. वहीं इस बार 93 वां वायु सेना दिवस के समारोह में तीनों सेना के प्रमुख शामिल होंगे. साथ ही एमआई-17 हेलीकॉप्टर से ऑपरेशन सिंदूर का झंडा लेकर फ्लाई पास्ट किया जाएगा. वहीं इस दि‍न राफेल और Su-30 MKI जैसे लड़ाकू विमान, आकाश मिसाइल प्रणाली और अन्य हथियारों की प्रदर्शनी भी देखी जाएगी.

ये भी पढ़ें-India China Direct Flight: दिल्ली से कितना दूर है चीन का ग्वांगझू? जहां के लिए भारत से 5 साल बाद शुरू हो रही डायरेक्ट फ्लाइट

कविता गाडरी बीते कुछ साल से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता की दुनिया से जुड़ी हुई है. राजस्थान के जयपुर से ताल्लुक रखने वाली कविता ने अपनी पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय भोपाल से न्यू मीडिया टेक्नोलॉजी में मास्टर्स और अपेक्स यूनिवर्सिटी जयपुर से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में की है. 
पत्रकारिता में अपना सफर उन्होंने राजस्थान पत्रिका से शुरू किया जहां उन्होंने नेशनल एडिशन और सप्लीमेंट्स जैसे करियर की उड़ान और शी न्यूज के लिए बाय लाइन स्टोरी लिखी. इसी दौरान उन्हें हेलो डॉक्टर शो पर काम करने का मौका मिला. जिसने उन्हें न्यूज़ प्रोडक्शन के लिए नए अनुभव दिए. 

इसके बाद उन्होंने एबीपी नेटवर्क नोएडा का रुख किया. यहां बतौर कंटेंट राइटर उन्होंने लाइफस्टाइल, करंट अफेयर्स और ट्रेडिंग विषयों पर स्टोरीज लिखी. साथ ही वह कंटेंट मैनेजमेंट सिस्टम और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी लगातार सक्रिय रही. कविता गाडरी हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में दक्ष हैं. न्यूज़ राइटिंग रिसर्च बेस्ड स्टोरीटेलिंग और मल्टीमीडिया कंटेंट क्रिएशन उनकी खासियत है. वर्तमान में वह एबीपी लाइव से जुड़ी है जहां विभिन्न विषयों पर ऐसी स्‍टोरीज लिखती है जो पाठकों को नई जानकारी देती है और उनके रोजमर्रा के जीवन से सीधे जुड़ती है.

Read
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

क्या लोक अदालत के फैसले को हाईकोर्ट में दी जा सकती है चुनौती, जानें यहां कौन से मामले नहीं सुने जाते?
क्या लोक अदालत के फैसले को हाईकोर्ट में दी जा सकती है चुनौती, जानें यहां कौन से मामले नहीं सुने जाते?
Turkiye Military Power: मिडिल ईस्ट की जंग में ईरान के खिलाफ कूदा तुर्किए, जानें उसकी मिलिट्री पॉवर
मिडिल ईस्ट की जंग में ईरान के खिलाफ कूदा तुर्किए, जानें उसकी मिलिट्री पॉवर
गर्मी से इंदौर एयरपोर्ट के रनवे की सतह पिघली, जानें कितनी तेज धूप में होता है ऐसा?
गर्मी से इंदौर एयरपोर्ट के रनवे की सतह पिघली, जानें कितनी तेज धूप में होता है ऐसा?
US Venezuela Relations: दोस्त समझकर इस देश को अमेरिका ने दिए थे F-16 जैसे फाइटर जेट, लेकिन अब है कट्टर दुश्मन
दोस्त समझकर इस देश को अमेरिका ने दिए थे F-16 जैसे फाइटर जेट, लेकिन अब है कट्टर दुश्मन

वीडियोज

Tesla Model Y vs Mercedes-Benz CLA electric range and power comparison | Auto Live #tesla #mercedes
Strait of Hormuz ही ईरान का सबसे बड़ा हथियार..चल दिया दांव! | US Israel Iran War | Khamenei
AI Impact Summit Congress protests: Rahul के बयान पर संबित का पलटवार | BJP MP
Global Oil Crisis: भारत में गैस की किल्लत का असली सच ! | Gas Crisis In India | Israel Iran War
Global Oil Crisis: जंग की आग में स्वाहा हुई पाकिस्तानी Economy! | Pakistan | Israel Iran War | Trump

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
स्टॉक, शेयर मार्केट में निवेश करने वाले कर्मचारियों की बढ़ेगी मुश्किल? योगी सरकार ने लिया ये फैसला
स्टॉक, शेयर मार्केट में निवेश करने वाले कर्मचारियों की बढ़ेगी मुश्किल? योगी सरकार ने लिया ये फैसला
'शशि थरूर का माइक किया बंद, राहुल गांधी को...', गौरव गोगोई ने स्पीकर ओम बिरला पर लगाए गंभीर आरोप
'शशि थरूर का माइक किया बंद, राहुल गांधी को...', गौरव गोगोई ने स्पीकर ओम बिरला पर लगाए गंभीर आरोप
कृतिका कामरा और गौरव कपूर की शादी का कार्ड वायरल, इन दिन लेंगे सात फेरे, 'पार्टी आफ्टर' में शामिल होंगे बड़े सेलेब्स
कृतिका कामरा और गौरव कपूर की शादी का कार्ड वायरल, इन दिन लेंगे सात फेरे
Parliament Session 2026 Live: स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ संसद में चर्चा, रविशंकर प्रसाद बोले- 'अध्यक्ष की कुर्सी पर...'
Live: स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ संसद में चर्चा, रविशंकर प्रसाद बोले- 'अध्यक्ष की कुर्सी पर...'
ट्रैक्टर और खेती का सामान खरीदने के लिए सरकार देती है 3 लाख तक की सब्सिडी, जानें कैसे कर सकते हैं आवेदन
ट्रैक्टर और खेती का सामान खरीदने के लिए सरकार देती है 3 लाख तक की सब्सिडी, जानें कैसे कर सकते हैं आवेदन
Benefits Of Eating Raw Onion: गर्मी शुरू होते ही खाना शुरू कर दीजिए कच्चा प्याज, मिलते हैं गजब के फायदे
गर्मी शुरू होते ही खाना शुरू कर दीजिए कच्चा प्याज, मिलते हैं गजब के फायदे
Pune Porsche Case: सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, आरोपी के पिता विशाल अग्रवाल को 22 महीने बाद दी बेल
पुणे पोर्शे हादसे में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, आरोपी के पिता विशाल अग्रवाल को 22 महीने बाद दी बेल
बाब-अल-मंदेब क्या है? होर्मुज के बाद बंद करने जा रहा ईरान, बूंद-बूंद तेल को तरस जाएगी दुनिया
बाब-अल-मंदेब क्या है? जिसको बंद करने जा रहा ईरान, बूंद-बूंद तेल को तरस जाएगी दुनिया
Embed widget