एक्सप्लोरर

UP Election Result: 2017 के मुकाबले इस बार ज्यादा जीते मुस्लिम उम्मीदवार, जानें-किसे कहां से मिली जीत

UP Assembly Election Result 2022: सभी चुने गए विधायक समाजवादी पार्टी गठबंधन के हैं. 2017 विधानसभा चुनाव में 24 मुस्लिम विधायक विधानसभा में जीत कर आए थे.

Muslim Candidates Win UP Election: पिछली बार के मुकाबले इस बार उत्तर प्रदेश 2022 चुनाव में थोड़े ज्यादा मुस्लिम उम्मीदवार जीते हैं. इस बार 10 मुस्लिम प्रत्याशी ज्यादा जीते और अब विधानसभा में जीतने वाले मुस्लिम प्रत्याशियों की कुल संख्या 34 हो गई है. सभी चुने गए विधायक समाजवादी पार्टी गठबंधन के हैं. 2017 विधानसभा चुनाव में 24 मुस्लिम विधायक विधानसभा में जीत कर आए थे.

निर्वाचन आयोग की वेबसाइट के अनुसार इस बार सपा से जीतने वाले विधायकों में अमरोहा से महबूब अली, बहेड़ी से अता उर रहमान, बेहट से उमर अली खान, भदोही से जाहिद, भोजीपुरा से शहजिल इस्लाम, बिलारी से मो. फहीम, चमरौआ से नसीर अहमद, गोपालपुर से नफीस अहमद, इसौली से मो. ताहिर खान शामिल हैं.

वहीं, कैराना से नाहिद हसन, कानपुर कैंट से मो. हसन, कांठ से कमाल अख्तर, किठौर से शाहिद मंजूर, कुंदरकी से जिया उर रहमान, लखनऊ पश्चिम से अरमान खान, मटेरा से मारिया, मेरठ से रफीक अंसारी, मोहमदाबाद से सुहेब उर्फ मन्नू अंसारी, मुरादाबाद ग्रामीण से मो. नासिर सपा की टिकट पर चुनाव जीते.

इसके अलावा, नजीबाबाद से तस्लीम अहमद, निजामाबाद से आलम बदी, पटियाली से नादिरा सुल्तान, राम नगर से फरीद महफूज किदवई, रामपुर से मो. आजम खान, संभल से इकबाल महमूद, सिंकदरपुर से जिया उद्दीन रिजवी, सीसामऊ से हाजी इरफान सोलंकी, स्वार से मो. अब्दुल्ला आजम, ठाकुरद्वारा से नवाब जान, डुमरियागंज से सैय्यदा खातून, सहारनपुर से आशु मलिक भी सपा से विधायक चुने गए हैं.

सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) से माफिया मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी मऊ सीट से जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं. वहीं, राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के टिकट पर सिवालखास से गुलाम मोहम्मद और थानाभवन सीट से अशरफ अली चुनाव जीत कर विधायक बने हैं.

इसके अलावा, बहुजन समाज पार्टी (बसपा), कांग्रेस और ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) ने भी काफी संख्या में मुस्लिम उम्मीदवारों को चुनाव मैदान में उतारा था, लेकिन एक भी उम्मीदवार जीतने में कामयाब नहीं रहा.

बीजेपी की अगुआई वाले गठबंधन की सहयोगी पार्टी अपना दल (सुहेलदेव) ने स्वार सीट से हैदर अली खान को चुनाव मैदान में उतारा था, लेकिन उन्हें सपा नेता आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम ने करीब 61 हजार वोट से शिकस्त दी.

पिछली बार से इस बार ज्यादा मुस्लिम प्रत्याशियों के जीतने के सवाल पर राजनीतिक विश्लेषक राजेंद्र द्विवेदी ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से कहा, 'जिस पार्टी का आधार वोट बैंक मजबूत होता है, उसी पार्टी का मुस्लिम प्रत्याशी चुनाव में जीतता है.' उन्होंने कहा, 'कोई भी मुस्लिम प्रत्याशी केवल मुस्लिम मतदाताओं के वोट के सहारे नहीं जीत सकता, बल्कि उसे पार्टी का आधार वोट बैंक भी चाहिए. जैसे सपा का आधार वोट बैंक यादव है. अगर किसी मुस्लिम बाहुल्य सीट पर प्रत्याशी को यादव वोट भी मिल जाए तो वह मुस्लिम-यादव गठजोड़ से चुनाव जीत जाता है.'

यह पूछे जाने पर कि बसपा और कांग्रेस ने भी मुस्लिम प्रत्याशी मैदान में उतारे थे तो वह क्यों नही जीत पाए. इस पर, द्विवेदी ने कहा कि बसपा के साथ इस चुनाव में केवल बहुत कम दलित वोट थे और बसपा के मुस्लिम प्रत्याशी जिताऊ उम्मीदवार नहीं थे इसलिए उन्होंने बसपा को वोट नहीं दिया. दूसरे, इस बार मुस्लिमों ने एकजुट होकर केवल सपा को वोट दिया क्योंकि उन्हें लगता था कि अगर बीजेपी को हराना है तो उसका मुकाबला केवल सपा ही कर सकती है.

उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी की बात करें तो उसका अपना कोई वोट बैंक ही नहीं है तो उसके मुस्लिम उम्मीदवार के जीतने की कोई उम्मीद ही नहीं थी.

मुसलमानों का रहनुमा होने का दावा करने वाली एआईएमआईएम के उम्मीदवारों के चुनाव में बुरी तरह से नाकामयाब होने के सवाल पर 'जदीद मरकज' अखबार के संपादक हिसाम सिद्दीकी ने पीटीआई से कहा, 'उत्तर प्रदेश के मुसलमानों को यह अच्छी तरह से मालूम है कि सिर्फ मुस्लिम वोट के सहारे कोई भी चुनाव नहीं जीत सकता, इसलिए वे एआईएमआईएम के असदुद्दीन ओवैसी की बातों में नहीं आए और उनकी पार्टी के उम्मीदवारों को बिल्कुल नजरअंदाज कर दिया.'

सिद्दीकी ने कहा कि मुसलमान उनकी चुनावी रैलियों में खूब जमा हुए लेकिन यह भीड़ वोट में तब्दील नहीं हो पाई, जिसका नतीजा है कि उत्तर प्रदेश में इस बार के विधानसभा चुनाव में ओवैसी की पार्टी को केवल 0.49 प्रतिशत ही वोट मिला.

ये भी पढ़ें- BJP की धमाकेदार जीत को ममता बनर्जी ने बताया 'वोटों की लूट', 2024 के चुनाव को लेकर फूंक दिया बिगुल 

UP Election Result: नतीजों पर बोलीं मायावती- अफवाह फैलाकर जीती BJP, अखिलेश ने कहा- दूर हुआ भगवा पार्टी का भ्रम

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
Maharashtra Budget 2026: सीएम देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के बजट में किया अजित पवार के नाम स्मारक का ऐलान, पुरस्कार भी देगी सरकार
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के बजट में किया अजित पवार के नाम स्मारक का ऐलान, पुरस्कार भी देगी सरकार
बालेन शाह कितने अमीर? इंजीनियरिंग बिजनेस, म्यूजिक और रैप से कितनी कमाई करते हैं नेपाल के PM दावेदार
बालेन शाह कितने अमीर? इंजीनियरिंग बिजनेस, म्यूजिक और रैप से कितनी कमाई करते हैं नेपाल के PM दावेदार
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट के लिए इन 8 खिलाड़ियों का नाम नॉमिनेट, कितने भारतीय-पाकिस्तानी प्लेयर्स जानिए
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट के लिए इन 8 खिलाड़ियों का नाम नॉमिनेट, कितने भारतीय-पाकिस्तानी प्लेयर्स जानिए

वीडियोज

UP News: Hathras में भयंकर सड़क हादसा Etah-Aligarh Highway पर स्कॉर्पियो ने बाइक में मारी टक्कर
Chitra Tripathi: बेटे Nishant की लॉन्चिंग के लिए Nitish Kumar ने BJP को सौंपी सत्ता? | JDU | Bihar
Bharat Ki Baat: बिहार में BJP से CM की रेस में कौन आगे, क्या होगा फॉर्मूला? | Nitish Kumar | JDU
Sandeep Chaudhary: बिहार का CM कौन...BJP क्यों है मौन? | Nitish Kumar | Bihar | BJP | JDU
Bihar Politics: दिल्ली में Nitish Kumar..बिहार में BJP? निषाद या महिला कौन होगी मुख्यमंत्री? | JDU

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
दुश्मनों के बीच अकेला पड़ा ईरान! रूस और चीन क्यों मदद से पीछे हटे, 4 बड़ी वजहों से जानें पूरा खेल
Maharashtra Budget 2026: सीएम देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के बजट में किया अजित पवार के नाम स्मारक का ऐलान, पुरस्कार भी देगी सरकार
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के बजट में किया अजित पवार के नाम स्मारक का ऐलान, पुरस्कार भी देगी सरकार
बालेन शाह कितने अमीर? इंजीनियरिंग बिजनेस, म्यूजिक और रैप से कितनी कमाई करते हैं नेपाल के PM दावेदार
बालेन शाह कितने अमीर? इंजीनियरिंग बिजनेस, म्यूजिक और रैप से कितनी कमाई करते हैं नेपाल के PM दावेदार
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट के लिए इन 8 खिलाड़ियों का नाम नॉमिनेट, कितने भारतीय-पाकिस्तानी प्लेयर्स जानिए
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट के लिए इन 8 खिलाड़ियों का नाम नॉमिनेट, कितने भारतीय-पाकिस्तानी प्लेयर्स जानिए
Friday OTT Release: शुक्रवार को ओटीटी पर नई फिल्मों-सीरीज का धमाका, रिलीज हुई 'सूबेदार' से 'जब खुली किताब तक', वीकेंड के लिए बेस्ट ऑप्शन
शुक्रवार को ओटीटी पर नई फिल्मों-सीरीज का धमाका, रिलीज हुई 'सूबेदार' से 'जब खुली किताब तक
'कर्नाटक में बच्चे इस्तेमाल नहीं करेंगे सोशल मीडिया', सिद्धरमैया सरकार का बड़ा फैसला
'कर्नाटक में बच्चे इस्तेमाल नहीं करेंगे सोशल मीडिया', सिद्धरमैया सरकार का बड़ा फैसला
Cluster Bomb Cost: कितने रुपये में बन जाता है क्लस्टर बम, एक बार में कितनी मचा सकता है तबाही?
कितने रुपये में बन जाता है क्लस्टर बम, एक बार में कितनी मचा सकता है तबाही?
राजस्थान की राजकुमारी ने रच दिया इतिहास, सबसे कम उम्र में क्रैक किया CA का एग्जाम
राजस्थान की राजकुमारी ने रच दिया इतिहास, सबसे कम उम्र में क्रैक किया CA का एग्जाम
Embed widget