स्मार्ट AI प्लान से चमकी एप्पल, एनवीडिया पिछड़ी, निवेशक हुए गदगद
AI Stocks: Apple ने मार्केट कैप में Nvidia को पीछे छोड़कर दुनिया की सबसे वैल्यूएबल कंपनी का ताज फिर हासिल कर लिया है. AI पर संतुलित निवेश और मजबूत शेयर प्रदर्शन से निवेशकों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है.

Apple Becomes Most Valuable Company: दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों की लिस्ट में एप्पल ने एक बार फिर पहला जगह हासिल कर लिया है. iPhone बनाने वाली इस कंपनी ने मार्केट वैल्यू के मामले में एनवीडिया को पीछे छोड़ दिया है. दिलचस्प बात ये है कि जहां दूसरी टेक कंपनियां AI पर जमकर पैसा खर्च कर रही हैं, वहीं एप्पल ने सही बैलेंस अपनाई और इसका फायदा उसे अब मिलता दिख रहा है.
सोमवार को एप्पल के शेयर 1.17% की मुनाफे के साथ 336.91 डॉलर के रिकॉर्ड लेवल पर बंद हुए. इसके बाद कंपनी का मार्केट कैप ज्यादा होकर करीब 4.94 ट्रिलियन डॉलर पहुंच गया है. वहीं AI चिप बनाने वाली एनवीडिया के शेयर करीब 5% टूट गए. इससे उसका मार्केट कैप कम होकर लगभग 4.75 ट्रिलियन डॉलर रह गया और एप्पल दुनिया की सबसे वैल्यूएबल कंपनी बन गई है.
शेयरों में अब तक 22% से ज्यादा की तेजी आई
इस साल एप्पल के शेयरों में अब तक 22% से ज्यादा की तेजी आ गई है. कंपनी ने अमेरिका की बड़ी टेक कंपनियों के ग्रुप मैग्निफिसेंट सेवन में भी और कंपनियों के मुकाबले बेहतर परफॉरमेंस किया है. इसी वजह से इन्वेस्टर का भरोसा लगातार मजबूत होता जा रहा है.
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एप्पल की इस सफलता के पीछे उसकी AI प्लान को बड़ी वजह माना जा रहा है. माइक्रोसॉफ्ट, मेटा, गूगल और अमेजन जैसी कंपनियां AI इंफ्रास्ट्रक्चर, डेटा सेंटर और नई तकनीक पर बहुत इन्वेस्ट कर रही हैं. वहीं एप्पल ने जरूरत के हिसाब से ही इन्वेस्ट किया और खर्च को काबू मे रखा है. पिछले तीन महीनों में कंपनी का पूंजीगत व्यय भी कम रहा है.
इन्वेस्टर्स की बदली सोच
कुछ समय पहले तक एप्पल पर AI की रेस में पीछे रहने की बात कही जा रही थी, लेकिन अब इन्वेस्टर्स की सोच बदल रही है. उनका मानना है कि AI पर जरूरत से ज्यादा खर्च करने वाली कंपनियों को आगे चलकर मुनाफे पर दबाव का सामना करना पड़ सकता है. ऐसे में एप्पल के लिए बीच का रास्ता उसके लिए फायदेमंद साबित हो रही है.
मार्केट एक्सपर्ट जे वुड्स का कहना है कि एप्पल ने AI पर जरूरत से ज्यादा पैसा खर्च नहीं किया है. इसी वजह से कंपनी उन फाइनेंशियल चैलेंजेस से बची हुई है, जिनसे दूसरी टेक कंपनियां सामना कर रही हैं. यही वजह है कि इन्वेस्टर का भरोसा एप्पल पर लगातार ज्यादा हो रहा है.
सभी की नजर एप्पल के तीन महीनों के नतीजों पर
अब सभी की नजर एप्पल के तीन महीनों के नतीजों पर है, जो इस हफ्ते अमेरिकी बाजार बंद होने के बाद जारी किए जाएंगे. इन्वेस्टर ये देखना चाहेंगे कि कंपनी अपनी AI तकनीक एप्पल Intelligence को कितनी तेजी से आगे कर रही है और बिना ज्यादा खर्च किए कमाई और मुनाफे को किस तरह मजबूत बनाए रखती है.
अगर एप्पल आने वाले नतीजों में भी मजबूत परफॉरमेंस करती है, तो दुनिया की सबसे वैल्यूएबल कंपनी का उसका ताज लंबे समय तक बरकरार रह सकता है. वहीं एनवीडियाऔर दूसरी AI कंपनियों के सामने इन्वेस्टर का भरोसा बनाए रखना आसान नहीं होगा.
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