एक्सप्लोरर

क्या 52 साल बाद दोहराया जा रहा है इतिहास? जानें थलापति की कुंडली के वो 3 राज जिसने हिला दी तमिलनाडु की सत्ता!

Tamil Nadu Election 2026: तमिलनाडु चुनाव 2026 के रुझानों में विजय की TVK सबसे आगे. क्या 4 मई के पंचांग और विजय की कुंडली की महादशा ने बदल दी सत्ता? जानिए 52 साल पुराना MGR कनेक्शन.

Tamil Nadu Election 2026: तमिलनाडु की राजनीति के लिए आज की सुबह केवल एक सामान्य मतगणना की सुबह नहीं है, बल्कि यह एक नए युग की आहट जैसी महसूस हो रही है. जैसे-जैसे ईवीएम (EVM) के आंकड़े सामने आ रहे हैं, चेन्नई से लेकर कन्याकुमारी तक की गलियों में बस एक ही चर्चा है, क्या 'थलापति' विजय ने वाकई करिश्मा कर दिया है? अभिनेता विजय की पार्टी तमिझागा वेत्री कड़गम (TVK) ने शुरुआती रुझानों में जिस तरह की बढ़त बनाई है, उसने पिछले दो दशकों के स्थापित राजनीतिक समीकरणों को हाशिए पर धकेल दिया है.

राजनीतिक विश्लेषक इसे सत्ता विरोधी लहर (Anti-incumbency) कह सकते हैं, लेकिन ज्योतिष के नजरिए से देखें तो यह सितारों की एक ऐसी बिसात है जो दशकों में एक बार बिछती है. क्या इतिहास खुद को दोहरा रहा है? क्या 1972-77 का वह दौर वापस आ गया है जब एम.जी. रामचंद्रन (MGR) ने द्रविड़ राजनीति की दिशा बदल दी थी? आइए, आज के पंचांग, विजय की कुंडली और उन तीन बड़े ज्योतिषीय राजों का विश्लेषण करते हैं जो इस समय को ऐतिहासिक बना रहे हैं.

रुझान या हकीकत? क्या थलापति विजय ने हिला दिया द्रविड़ राजनीति का 50 साल पुराना किला?

आज सुबह 8 बजे जब डाक मतपत्रों की गिनती शुरू हुई, तभी से हवा का रुख साफ होने लगा था. शुरुआती रुझानों में विजय की पार्टी TVK 100 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. सबसे चौंकाने वाली खबर यह है कि द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) और AIADMK के कई दिग्गज अपने ही गढ़ में पीछे चल रहे हैं. खुद मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन की कोलाथुर सीट पर मुकाबला बेहद कड़ा बना हुआ है. हालांकि, यह शुरुआती रुझान हैं और अंतिम नतीजों तक आंकड़ों में बड़ा फेरबदल संभव है, लेकिन एक बात तय है, विजय ने तमिलनाडु के द्विपक्षीय राजनीतिक ढांचे (Bipolar Politics) को त्रिकोणीय मुकाबले में बदल दिया है.

मूल नक्षत्र और सिद्धि योग का वो 'खतरनाक' मेल, जिसने पलटी सत्ता की बाजी

ज्योतिष में किसी भी घटना की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि उस दिन आकाश में ग्रह क्या कहनी लिख रहे थे. आज 4 मई, 2026 का पंचांग बेहद दिलचस्प संकेत दे रहा है. आज वैशाख मास की तृतीया और चतुर्थी तिथि का मेल है. ज्योतिष शास्त्र में चतुर्थी को 'खल' तिथि भी कहा जाता है, जो पुरानी व्यवस्था को तोड़कर नई व्यवस्था बनाने के लिए जानी जाती है.

आज चंद्रमा का गोचर मूल और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र के प्रभाव में है. 'मूल' नक्षत्र का स्वभाव ही जड़ों को हिलाना है. जब भी सत्ता परिवर्तन की बड़ी घटनाएं होती हैं, तो अक्सर मूल नक्षत्र की भूमिका देखी गई है. यह नक्षत्र केतु द्वारा शासित है, जो अचानक और क्रांतिकारी बदलाव का प्रतीक है. इसके साथ ही, आज 'सिद्धि योग' बन रहा है, जो किसी भी नए प्रयास को स्थायित्व देने का संकेत देता है. पंचांग के ये संकेत बताते हैं कि आज जो भी परिणाम आएंगे, वे केवल पांच साल के लिए नहीं, बल्कि आने वाले दशकों के लिए तमिलनाडु की राजनीति की नई नींव रखेंगे.

पहला राज: बृहस्पति की महादशा और 'राजयोग', क्या सितारों ने पहले ही लिख दी थी विजय की जीत?

किसी भी बड़े राजनेता के उदय के पीछे ग्रहों की महादशा का सबसे बड़ा हाथ होता है. विजय का जन्म 22 जून 1974 को हुआ था. उनकी कुंडली के गहन विश्लेषण से पता चलता है कि वे इस समय बृहस्पति (Jupiter) की एक अत्यंत प्रभावशाली अंतर्दशा से गुजर रहे हैं. उनकी कुंडली में बृहस्पति कुंभ राशि में विराजमान हैं. कुंभ एक स्थिर राशि है जो 'जनता' और 'समाज' का प्रतिनिधित्व करती है.

जब बृहस्पति जैसा शुभ ग्रह जनता के भाव को प्रभावित करता है, तो व्यक्ति की बातों को लोग 'आदेश' की तरह मानने लगते हैं. उनकी कुंडली का अष्टकवर्ग स्कोर (Ashtakavarga Strength) दशम भाव यानी सत्ता के घर में 30 से ऊपर है. ज्योतिषीय सिद्धांत के अनुसार, जब दशम भाव इतना बलवान हो और उस पर बृहस्पति की कृपा हो, तो व्यक्ति को सत्ता के शिखर तक पहुंचने से रोकना मुश्किल होता है. यह राजयोग उन्हें एक 'मसीहा' की छवि प्रदान कर रहा है, जो द्रविड़ राजनीति के स्थापित नायकों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है.

52 साल बाद दोहराया गया इतिहास: क्या विजय की कुंडली में भी है MGR वाला 'शुक्र-चंद्र' योग?

तमिलनाडु में फिल्म और राजनीति का रिश्ता बहुत पुराना है, लेकिन हर अभिनेता सफल नहीं होता. विजय की सफलता के पीछे जो दूसरा सबसे बड़ा राज है, वह है उनकी कुंडली में शुक्र और चंद्रमा का वह दुर्लभ मेल, जो कभी एम.जी. रामचंद्रन (MGR) की कुंडली में देखा गया था.

1972 में जब MGR ने अपनी नई पार्टी बनाई थी और 1977 में सत्ता संभाली थी, तब उनकी कुंडली में शुक्र (कला) और चंद्रमा (जनता का मन) का एक ऐसा त्रिकोण बना था जिसने उन्हें 'अजेय' बना दिया था. विजय की कुंडली में भी शुक्र बेहद मजबूत स्थिति में है, जो उन्हें अपार जन-आकर्षण (Mass Appeal) देता है. ज्योतिषीय भाषा में इसे 'सम्मोहन योग' भी कहा जा सकता है. आज के रुझानों में जिस तरह से महिला वोटर्स और युवाओं ने TVK की ओर रुख किया है, वह इसी शुक्र के प्रभाव का नतीजा है. यह 52 साल पुराना चक्र अब पूरा होता दिख रहा है.

अंकशास्त्र का 'जादुई 4': मूलांक 22 और 4 मई की तारीख के बीच का वो रहस्यमय कनेक्शन

अंकशास्त्र (Numerology) के दृष्टिकोण से देखें तो विजय का पूरा व्यक्तित्व और उनकी सफलता अंक '4' के इर्द-गिर्द घूमती है. उनका जन्म 22 तारीख को हुआ (2+2 = 4). अंकशास्त्र में 4 का स्वामी राहु है. राजनीति में राहु को 'शतरंज का खिलाड़ी' माना जाता है. यह वह ग्रह है जो परंपराओं को तोड़ता है और अनपेक्षित परिणाम देता है.

आज की तारीख 4 मई है. जब किसी व्यक्ति का जन्म अंक और वर्तमान समय का अंक एक हो जाता है, तो उसकी ऊर्जा कई गुना बढ़ जाती है. यह संयोग विजय को एक ऐसी 'रणनीतिक बढ़त' (Strategic Advantage) दे रहा है जिसे भांपने में उनके विरोधी नाकाम रहे. राहु के प्रभाव के कारण ही उन्होंने अपनी राजनीतिक चालें बहुत गुप्त रखीं और सही समय पर हमला किया. लोग इसे 'विजय का जादू' कह सकते हैं, लेकिन अंकशास्त्री इसे राहु का वह चक्र कहेंगे जिसने सत्ता की कुर्सी के लिए रास्ता साफ कर दिया है.

शनि का 'न्याय चक्र': क्यों भारी पड़ी ग्रहों की चाल और कहां चूके द्रविड़ राजनीति के दिग्गज?

तमिलनाडु की राजनीति में शनि (Saturn) का हमेशा से बड़ा रोल रहा है क्योंकि शनि 'आम आदमी' का ग्रह है. पिछले कुछ वर्षों से शनि का गोचर मीन राशि में चल रहा है. ज्योतिषीय गणना के अनुसार, सत्ताधारी दल के लिए शनि की यह स्थिति 'कठिन परीक्षा' वाली रही है. शनि जब न्याय की कुर्सी पर बैठता है, तो वह जनता के बीच दबे हुए असंतोष को बाहर लाता है.

यही वह मोड़ है जहां विजय को बढ़त मिली. शनि ने जहां सत्ता पक्ष के लिए चुनौतियां खड़ी कीं, वहीं विजय के लिए एक 'क्लीन स्लेट' तैयार कर दी. जनता का वह वर्ग जो द्रविड़ राजनीति के दोनों ध्रुवों से थक चुका था, उसे शनि ने विजय के रूप में एक तीसरा विकल्प सुझाया. रुझानों में 100 से अधिक सीटों पर TVK की बढ़त इसी 'शनि के न्याय' का भौतिक स्वरूप मानी जा रही है.

क्या नतीजे अभी भी बदल सकते हैं? ज्योतिष और राजनीति के बीच फंसा 'अंतिम घंटे' का रोमांच

हालांकि रुझान विजय की ओर झुक रहे हैं, लेकिन हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि अभी मतगणना के कई दौर बाकी हैं. राजनीति और ज्योतिष दोनों में एक बात समान है, अंतिम क्षण तक कुछ भी निश्चित नहीं होता. DMK और AIADMK के पास दशकों पुराना संगठनात्मक ढांचा और बूथ लेवल की मजबूती है. जैसे-जैसे ग्रामीण क्षेत्रों और इंटीरियर तमिलनाडु के राउंड्स खुलेंगे, आंकड़ों में बड़ा उतार-चढ़ाव आ सकता है. राजनीति में आखिरी दो घंटे अक्सर बाजी पलट देते हैं. इसलिए, जहां सितारे विजय के पक्ष में एक मजबूत आधार दिखा रहे हैं, वहीं लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अंतिम वोट की गिनती ही सर्वोपरि है. यह लेख ज्योतिषीय संभावनाओं और वर्तमान पैटर्न के आधार पर एक विश्लेषण है, अंतिम निर्णय केवल जनता का ही होगा.

यह सिर्फ चुनाव नहीं, समय का फैसला है, क्या शुरू हो गया है तमिलनाडु का 'स्वर्ण युग'?

अंत में, यह कहना गलत नहीं होगा कि तमिलनाडु आज एक ऐतिहासिक मोड़ पर खड़ा है. यदि ये रुझान परिणामों में बदलते हैं, तो यह मान लेना चाहिए कि 2026 का यह साल एक नए 'स्वर्ण युग' की शुरुआत है. यह सिर्फ एक चुनाव नहीं है, बल्कि समय का वह चक्र है जो हर 50 साल में खुद को दोहराता है. विजय की कुंडली के ये राज और आज के पंचांग का यह दुर्लभ संयोग इशारा कर रहा है कि तमिलनाडु की जनता ने बदलाव की नई स्क्रिप्ट लिख दी है.

अब देखना यह होगा कि क्या 'थलापति' वाकई उस सिंहासन पर विराजमान होते हैं, जिसका सपना उनके लाखों प्रशंसक देख रहे हैं. यह सिर्फ चुनाव नहीं, समय का निर्णय है, और इस बार शायद जनता के साथ-साथ ग्रह भी बदलाव की भाषा बोल रहे हैं.

यह भी पढ़ें- West Bengal Election 2026: 4:12 बजे के बाद 'भद्रा' का समय...क्या बदलेगा ट्रेंड? पंचांग और काउंटिंग की हकीकत क्या कहती है

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

About the author Hirdesh Kumar Singh

हृदेश कुमार सिंह, Senior Vedic Astrologer | Astro Media Editor | Digital Strategy Leader

"ज्योतिष केवल भविष्य बताने की विद्या नहीं, बल्कि समय को समझने की कला है."

हृदेश कुमार सिंह लंबे समय से ज्योतिष, धर्म, अध्यात्म और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वे उन चुनिंदा लोगों में माने जाते हैं जिन्होंने पारंपरिक ज्योतिष को आज की बदलती दुनिया, डिजिटल संस्कृति और नई पीढ़ी की सोच से जोड़ने का प्रयास किया है. उनके लिए ज्योतिष केवल ग्रहों की गणना नहीं, बल्कि मानव व्यवहार, सही समय और जीवन के निर्णयों को समझने का माध्यम है.

वर्तमान में वे ABP Live में Astro, Religion और Dharma LIVE से जुड़े कंटेंट और डिजिटल रणनीति का नेतृत्व कर रहे हैं. यहां उनका फोकस ज्योतिष और धर्म को ऐसे रूप में प्रस्तुत करना है, जो आज के पाठकों और दर्शकों की जिंदगी से सीधे जुड़ सके. यही कारण है कि उनके लेखन और विश्लेषण में केवल पारंपरिक बातें नहीं, बल्कि करियर, रिश्ते, मानसिक तनाव, सामाजिक बदलाव, तकनीक और बदलती जीवनशैली जैसे विषय भी दिखाई देते हैं.

उन्होंने Indian Institute of Mass Communication (IIMC), New Delhi से पत्रकारिता और IIMT University Meerut से ज्योतिष शास्त्र व वास्तु शास्त्र की पढ़ाई की है और Astrosage व Astrotalk जैसे प्लेटफॉर्म्स के साथ भी काम किया है. मीडिया, ऑडियंस बिहेवियर, डिजिटल पब्लिशिंग और कंटेंट रणनीति की समझ ने उनके काम को अलग पहचान दी है.

हृदेश कुमार सिंह के कई ज्योतिषीय और सामाजिक विश्लेषण समय-समय पर चर्चा में रहे हैं. राजनीति, शेयर बाजार, मनोरंजन जगत, AI और बदलते सामाजिक माहौल जैसे विषयों पर उनके आकलनों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया है. उनके विश्लेषण वैदिक गणना, गोचर, मेदिनी ज्योतिष और समाज की बदलती मानसिकता की समझ पर आधारित होते हैं.

वे वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, संहिता, मेदिनी ज्योतिष, अंक ज्योतिष और वास्तु शास्त्र जैसे विषयों पर अध्ययन और लेखन करते रहे हैं. करियर, विवाह, व्यापार, शिक्षा और जीवन के महत्वपूर्ण फैसलों से जुड़े विषयों पर वे पारंपरिक ज्योतिष को आधुनिक जीवन की वास्तविक परिस्थितियों से जोड़कर देखने का प्रयास करते हैं.

डिजिटल दौर में ज्योतिष को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए उन्होंने 'Gen-Z Horoscope' जैसे कॉन्सेप्ट पर भी काम किया, जिसमें राशिफल को केवल भाग्य या डर से जोड़कर नहीं, बल्कि career pressure, relationship confusion, emotional wellbeing और real-life decision making जैसी बातों से जोड़ा गया.

उनका मानना है कि आज के समय में सबसे बड़ी चुनौती जानकारी की कमी नहीं, बल्कि सही समझ की कमी है. वे ज्योतिष को ऐसा माध्यम मानते हैं, जो व्यक्ति को डराने के बजाय उसे बेहतर निर्णय लेने और खुद को समझने में मदद कर सकता है.

श्रीमद्भगवद्गीता के कर्म सिद्धांत, भगवान बुद्ध के संतुलन के विचार, सूफी चिंतन और आधुनिक मनोविज्ञान से प्रभावित उनकी सोच उनके लेखन में भी दिखाई देती है. यही वजह है कि उनका काम केवल भविष्यवाणी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि लोगों को सोचने और अपने जीवन को नए नजरिए से देखने के लिए प्रेरित करता है.

ज्योतिष और मीडिया के अलावा उन्हें सिनेमा, संगीत, साहित्य, राजनीति, बाजार, पर्यावरण, ग्रामीण जीवन और यात्राओं में विशेष रुचि है. इन अनुभवों का असर उनके विषय चयन और लेखन शैली में साफ दिखाई देता है.

Read More

Frequently Asked Questions

क्या अभिनेता विजय की पार्टी तमिझागा वेत्री कड़गम (TVK) ने तमिलनाडु में कोई खास प्रदर्शन किया है?

हाँ, शुरुआती रुझानों में विजय की पार्टी TVK 100 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जिसने स्थापित राजनीतिक समीकरणों को चुनौती दी है।

ज्योतिषीय गणना के अनुसार, आज के पंचांग में कौन से योग बन रहे हैं जो महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं?

आज वैशाख मास की तृतीया-चतुर्थी तिथि का मेल है, चंद्रमा मूल नक्षत्र में है और सिद्धि योग बन रहा है, जो परिवर्तन का संकेत देते हैं।

विजय की कुंडली में बृहस्पति की महादशा का क्या प्रभाव है?

विजय इस समय बृहस्पति की प्रभावशाली अंतर्दशा से गुजर रहे हैं, जो कुंभ राशि में जनता और समाज का प्रतिनिधित्व करता है, जिससे उन्हें 'मसीहा' की छवि मिल रही है।

एम.जी. रामचंद्रन (MGR) की कुंडली से विजय की कुंडली की तुलना कैसे की जा सकती है?

विजय की कुंडली में शुक्र और चंद्रमा का दुर्लभ मेल है, जो एम.जी. रामचंद्रन की कुंडली में भी था और जिसने उन्हें 'अजेय' बनाया था, यह अपार जन-आकर्षण का संकेत है।

अंकशास्त्र के अनुसार, विजय की सफलता में अंक '4' का क्या महत्व है?

विजय का जन्म अंक 22 (2+2=4) है और आज की तारीख भी 4 मई है, अंकशास्त्र में 4 का स्वामी राहु है जो परंपराओं को तोड़कर अनपेक्षित परिणाम देता है।

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

July Numerology 2026: जुलाई में इन मूलांक वालों की चमकेगी किस्मत, जानिए किसे मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सतर्क
July Numerology 2026: जुलाई में इन मूलांक वालों की चमकेगी किस्मत, जानिए किसे मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सतर्क
Tarot Rashifal 1 July 2026: कर्क, वृश्चिक और मीन राशि वालों का चमकेगा भाग्य; सिंह, कन्या व कुंभ के जातक बरतें विशेष सावधानी!
कर्क, वृश्चिक और मीन राशि वालों का चमकेगा भाग्य; सिंह, कन्या व कुंभ के जातक बरतें विशेष सावधानी!
Gems Astrology: कन्या लग्न के लिए रत्नों का पूरा रहस्य, सही चुनाव बदल सकता है जीवन
कन्या लग्न के लिए रत्नों का पूरा रहस्य, सही चुनाव बदल सकता है जीवन
Surya Gochar 2026: सूर्य के कर्क राशि में गोचर से शेयर बाजार और मानसून पर क्या पड़ेगा असर? जानें ज्योतिषीय संकेत
Surya Gochar 2026: सूर्य के कर्क राशि में गोचर से शेयर बाजार और मानसून पर क्या पड़ेगा असर? जानें ज्योतिषीय संकेत
Advertisement

वीडियोज

Bollywood News: 'बॉर्डर' के बाद सनी देओल और अक्षय खन्ना स्क्रीन पर आमने-सामने हैं
कुदरत का डबल अटैक! Venezuela में भूकंप के बाद बाढ़ | Climate Crisis | Latest News
Farah Khan ने बताया क्यों Bigg Boss होस्ट करना था आसान, Lock Upp पर भी कही बड़ी बात
‘Ab Hoga Hisaab’ की स्टारकास्ट ने खोले कई राज, Sanjay Kapoor, Mouni Roy और Shaheer Sheikh की Interesting बातचीत
Mumbai Rains: मुंबई में आंधी-बारिश का डबल अटैक, उखड़े पेड़, रास्ते ब्लॉक, गाड़ियां तबाह | Breaking
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
भारत में फिर से आने वाला है ऊर्जा संकट? स्टॉक में कितने दिनों का कच्चा तेल बचा? रिपोर्ट में हैरान करने वाला खुलासा
भारत में फिर से ऊर्जा संकट, स्टॉक में कितने दिनों का बचा कच्चा तेल? हैरान करने वाली आयी रिपोर्ट
दिल्ली में सुहाने मौसम का हो सकता है दीदार, कुछ घंटों में मौसम बदलने और बारिश का अनुमान
दिल्ली में सुहाने मौसम का हो सकता है दीदार, कुछ घंटों में मौसम बदलने और बारिश का अनुमान
हार्दिक पांड्या का बड़ा कदम, मुंबई छोड़ हमेशा के लिए बेंगलुरु हुए शिफ्ट; चौंका देगी वजह 
हार्दिक पांड्या का बड़ा कदम, मुंबई छोड़ हमेशा के लिए बेंगलुरु हुए शिफ्ट; चौंका देगी वजह 
Monday BO Collection: मंडे टेस्ट में 'वेलकम टू द जंगल' ने किया टॉप, 'कॉकटेल 2' ने भी दिखाया जोर, जानें- बाक्स ऑफिस रिपोर्ट
मंडे टेस्ट में 'वेलकम टू द जंगल' ने किया टॉप, 'कॉकटेल 2' ने भी दिखाया जोर, जानें- बाक्स ऑफिस रिपोर्ट
'अगर मैं मुस्लिम होता तो...', कॉकरोच जनता पार्टी के अभिजीत दिपके के बयान ने मचाया बवाल
'अगर मैं मुस्लिम होता तो...', कॉकरोच जनता पार्टी के अभिजीत दिपके के बयान ने मचाया बवाल
Monsoon Update: आ गई गुड न्यूज, अगले 72 घंटे में बदल जाएगा मौसम, मॉनसून करेगा दिल्ली-यूपी समेत नॉर्थ इंडिया में बारिश
आ गई गुड न्यूज, अगले 72 घंटे में बदल जाएगा मौसम, मॉनसून करेगा दिल्ली-यूपी समेत नॉर्थ इंडिया में बारिश
Explained: जस्टिस एस मुरलीधरन कौन हैं? भारत में समलैंगिकता को अपराधमुक्त करने से लेकर गाजा तक... क्या-क्या कमाल किए?
जस्टिस एस मुरलीधरन कौन हैं? भारत में समलैंगिकता को अपराधमुक्त करने से लेकर गाजा तक बड़े कमाल
कल से बदलने वाली हैं ये पांच चीजें, करोड़ों लोगों की जेब के ऊपर होगा सीधा असर
कल से बदलने वाली हैं ये पांच चीजें, करोड़ों लोगों की जेब के ऊपर होगा सीधा असर
Embed widget