एक्सप्लोरर

दिल्ली में विपक्ष का प्रदर्शन, राहुल गांधी के लिए कैसे रहेंगे अगले 10 दिन?

विपक्ष के प्रदर्शन के बीच 6-15 अक्टूबर 2026 का ज्योतिषीय विश्लेषण. राहुल गांधी, भाजपा और भारत की कुंडलियों में दबाव, समर्थन और बाधाओं के संकेत.

विपक्षी सांसदों के साथ चुनाव आयोग की ओर बढ़ रहे राहुल गांधी को पुलिस ने रास्ते में ही रोक दिया है. मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग पर विपक्ष अडिग है.

मार्च रुक गया है, लेकिन विवाद जारी है. अब मुख्य सवाल यह है कि राहुल गांधी इस विरोध से मोदी सरकार पर कितना दबाव बना पाएंगे. क्या चुनाव आयोग को किसी प्रक्रिया पर फिर से विचार करना पड़ेगा, या विपक्ष को केवल औपचारिक जवाब मिलेगा और उसकी मांगें अधूरी रह जाएंगी.

राहुल गांधी, भाजपा और भारत की उपलब्ध कुंडलियों की पड़ताल से दोनों पक्षों के लिए अनुकूल और प्रतिकूल, दोनों प्रकार के संकेत मिलते हैं. राहुल गांधी के लिए अपने अभियान को आगे बढ़ाने की संभावना तो दिखती है, लेकिन 15 अक्टूबर तक उनकी मांगें मान लिए जाने का कोई मजबूत आधार नजर नहीं आता है.

 
 
 
 
 
View this post on Instagram
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

A post shared by ABP News (@abpnewstv)

राहुल गांधी की कुंडली: तेवर तीखे रहेंगे, पर क्या पूरी होगी मांग?

राहुल गांधी की जन्मकुंडली में राहु की महादशा, शनि की अंतर्दशा और राहु की प्रत्यंतर दशा चल रही है, जबकि उनकी वर्षकुंडली में भी इसी अवधि में राहु की मुद्दा दशा प्रभावी है. वर्षकुंडली के दशमेश मंगल स्वराशि मेष में तीसरे भाव में स्थित हैं, जो प्रयास और संघर्ष का भाव माना जाता है. साथ ही मुन्थेश बुध भी अपनी ही राशि में विराजमान हैं.

यह ग्रह स्थिति राहुल गांधी को विरोध को आगे बढ़ाने, अपनी बात मुखरता से रखने और मुद्दों को चर्चा में बनाए रखने में सहायता देती है. हालांकि राजनीतिक रूप से मांगें पूरी कराने के लिए केवल मजबूत मंगल पर्याप्त नहीं होता. ताजिक ज्योतिष के अनुसार उनके वर्ष लग्नेश शनि और दशमेश मंगल के बीच निर्धारित दीप्तांश सीमा में सीधा इत्तशाल योग नहीं बन रहा है.

इसलिए उनकी इस सक्रियता को मांगों की सीधी स्वीकृति का संकेत नहीं कहा जा सकता. इसके अतिरिक्त वर्षकुंडली के सातवें भाव में चंद्रमा और केतु की नजदीकी सहयोगी दलों के साथ तालमेल के मोर्चे पर उतार-चढ़ाव की ओर इशारा करती है.

इसका सीधा मतलब यह है कि राहुल गांधी अपने विरोध और रैलियों के जरिए जनता व मीडिया में माहौल तो गरमाए रख सकते हैं, लेकिन सरकार से अपनी मांगें तुरंत और सीधे तौर पर मनवा पाना उनके लिए मुमकिन नहीं होगा. ज्योतिष के अनुसार संघर्ष करने की ताकत होना एक बात है और उस संघर्ष को वास्तविक जीत में बदलना दूसरी बात.

राहुल गांधी की कुंडली में सत्ता और प्रशासन से जुड़े ग्रह संबंधों का ऐसा कोई योग नहीं बन रहा है जो सरकार को उनकी मांगें (जैसे मुख्य चुनाव आयुक्त का इस्तीफा या चुनावी प्रक्रिया में बदलाव) मानने पर मजबूर कर सके.

भाजपा और सरकार: बारहवें भाव का योग बढ़ाएगा सिरदर्दी या मिलेगी राहत?

दूसरी ओर भाजपा की वर्षकुंडली में लग्नेश मंगल और दशमेश शनि का इत्तशाल योग बन रहा है, लेकिन दोनों ही ग्रह बारहवें भाव में बैठे हैं. ताजिक सिद्धांतों में ऐसा प्रतिकूल भाव-संबंध शुभ परिणामों में बाधा डालता है, इसलिए इसे भाजपा के लिए कोई आसान सफलता नहीं माना जा सकता.

पार्टी को आरोपों का जवाब देने, अपनी स्थिति स्पष्ट करने और विवाद संभालने में अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ सकती है. इसके बावजूद, भाजपा की वर्षकुंडली के ग्यारहवें भाव में स्थित राहु राजनीतिक संपर्कों और समर्थन का मजबूत आधार प्रदान करता है.

विपक्ष के बढ़ते दबाव से भाजपा की मुश्किलें बढ़ तो सकती हैं, लेकिन इससे पार्टी का समर्थन टूटने या मोदी सरकार की स्थिरता प्रभावित होने जैसी फिलहाल कोई स्थिति नही बनती दिख रही.

6 से 8 अक्टूबर: पुराने विवाद और वोटर लिस्ट पर तीखी रार

6 से 8 अक्टूबर के बीच 7 अक्टूबर को बुध और वक्री शुक्र की युति सटीक होगी, जो राहुल गांधी की लग्न राशि तुला में बन रही है. इस दौरान वे पुराने आरोप, दस्तावेज या वोटर लिस्ट से जुड़ी शिकायतें दोबारा उठा सकते हैं, जिसके जवाब में चुनाव आयोग और भाजपा की ओर से विस्तृत तथ्य सामने आ सकते हैं.

चूंकि बुध इस पूरी अवधि में मार्गी गति में है, इसलिए बुध के वक्री होने का तर्क यहां लागू नहीं होता. राहुल का मुख्य लाभ मुद्दे को सार्वजनिक चर्चा में जीवित रखना होगा, लेकिन ठोस तथ्यों के आने पर उन्हें अपनी बात और स्पष्ट करनी पड़ सकती है.

9 अक्टूबर के बाद: भारत की वर्षकुंडली और सरकार के सामने चुनौतियां

9 अक्टूबर से भारत की वर्षकुंडली में गुरु की मुद्दा दशा शुरू हो रही है. यद्यपि गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में हैं, लेकिन वे बारहवें भाव में स्थित हैं. इससे मोदी सरकार के सामने विवाद के समाधान के लिए अधिक प्रयास करने की स्थिति बनेगी. यानी राह सरकार के लिए आसान नहीं है.

चुनाव आयोग शिकायतों के निपटारे या प्रक्रियाओं पर अपनी बात विस्तार से रख सकता है. हालांकि इस दशा परिवर्तन से किसी निर्णय में फेरबदल तय नहीं होता और न ही इसे मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे का संकेत माना जा सकता है.

10 से 12 अक्टूबर: टकराव के संकेत, क्या संभलेगी सियासी बयानबाजी?

10 से 12 अक्टूबर का समय विशेष रूप से संवेदनशील रह सकता है, क्योंकि 11 अक्टूबर को मंगल और वक्री शुक्र के बीच 90 डिग्री की दृष्टि बन रही है, जो टकराव का सूचक है. राहुल गांधी अपने तेवर और तीखे कर सकते हैं, जिससे प्रशासनिक या राजनीतिक स्तर पर नई बहस छिड़ सकती है.

इस अवधि में राहुल गांधी के लिए भी जोखिम है, क्योंकि कोई गलत बयान या सहयोगियों का अलग रुख अभियान से ध्यान भटका सकता है.

13 से 15 अक्टूबर: क्या हटेगा गतिरोध या केवल मिलेगा आश्वासन?

13 से 15 अक्टूबर के बीच, 15 अक्टूबर को सूर्य और गुरु के बीच 60 डिग्री की दृष्टि बनेगी, जो संवाद और समाधान के प्रयासों के लिए अनुकूल मानी जाती है. सरकार या चुनाव आयोग अपनी स्थिति विस्तार से रख सकते हैं और शिकायतों पर कार्रवाई का आश्वासन भी मिल सकता है, लेकिन केवल इस गोचर से मांगों के पूरी तरह मान लिए जाने की पुष्टि नहीं होती.

लब्बोलुआब यह है कि राहुल गांधी माहौल गरमा सकते हैं, सरकार की पेशानी पर बल ला सकते हैं, लेकिन इस दबाव को ठोस जीत में बदलना मुमकिन नहीं दिखता. ज्योतिषीय नजरिए से ताजिक और त्रिपताकी गणनाएं विपक्ष के पक्ष में एकतरफा झुकाव नहीं दिखातीं, इसलिए 15 अक्टूबर तक न तो ज्ञानेश कुमार की कुर्सी पर कोई आंच आती दिखती है और न ही सरकार के किसी फैसले से पीछे हटने के आसार हैं.

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

हृदेश कुमार सिंह । Hirdesh Kumar Singh 

Senior Vedic Astrologer । Head – Religion & Astrology, ABP Live । Lead – ABP Dharma LIVE

हृदेश कुमार सिंह वरिष्ठ वैदिक ज्योतिषाचार्य और मीडिया पेशेवर हैं. उन्हें ज्योतिष, धर्म और मीडिया के क्षेत्र में 17 साल से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वे ABP Live में Religion & Astrology वर्टिकल का नेतृत्व करते हैं. साथ ही ABP Dharma LIVE की कंटेंट और डिजिटल रणनीति की जिम्मेदारी संभालते हैं.

उनके काम में ज्योतिषीय लेखन, संपादन, वेबसाइट और वीडियो के लिए विषय चयन तथा संपादकीय योजना शामिल है. वे Search, Google Discover और सोशल मीडिया पर पाठकों की रुचि को ध्यान में रखकर धर्म और ज्योतिष की कवरेज तय करते हैं.

पंचांग, राशिफल, ग्रह गोचर, व्रत-त्योहार और धार्मिक परंपराएं उनके लेखन के प्रमुख विषय हैं. वे करियर, विवाह, शिक्षा और व्यापार से जुड़े सवालों पर भी लिखते हैं. राजनीति और सामाजिक घटनाओं पर उनके ज्योतिषीय विश्लेषण वैदिक गणना, गोचर और मेदिनी ज्योतिष पर आधारित होते हैं. इनमें ग्रह स्थितियों को संभावित संकेतों के रूप में प्रस्तुत किया जाता है.

उन्होंने Indian Institute of Mass Communication (IIMC), नई दिल्ली से पत्रकारिता और IIMT University, मेरठ से ज्योतिष शास्त्र एवं वास्तु शास्त्र की शिक्षा ग्रहण की है. वे AstroSage और Astrotalk जैसे प्लेटफॉर्म के साथ भी काम कर चुके हैं. उन्होंने Semrush Academy से 'Content Marketing Essentials for SEO and AI Search with Semrush' सर्टिफिकेशन प्राप्त किया है.

नई पीढ़ी के पाठकों के लिए उन्होंने 'Gen-Z Horoscope' जैसे प्रारूप पर काम किया है. इसमें पढ़ाई, नौकरी, रिश्तों और रोजमर्रा के फैसलों से जुड़े सवालों को राशिफल में जगह दी गई है. उनके लेख धार्मिक परंपराओं से जुड़े उन प्रश्नों पर भी केंद्रित होते हैं, जो बदलती जीवनशैली में सामने आते हैं.

वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, संहिता, मेदिनी ज्योतिष, अंक ज्योतिष, शकुन शास्त्र और वास्तु उनके अध्ययन एवं लेखन के विषय हैं. उनका मानना है, 'ज्योतिष केवल भविष्य बताने की विद्या नहीं, बल्कि समय को समझने की कला है.'

ज्योतिष और मीडिया के अलावा उन्हें सिनेमा, संगीत, साहित्य, राजनीति, पर्यावरण, ग्रामीण जीवन और यात्राओं में विशेष रुचि है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Aaj Ka Rashifal 9 October 2026: चतुर्दशी श्राद्ध पर बन रहा ब्रह्म योग, मेष से मीन तक देखें आज का पूरा भविष्यफल
9 अक्टूबर का राशिफल: किसे मिलेगा सहयोग, किसे संभालना होगा खर्च? जानें सभी 12 राशियों का हाल
आज का कर्क राशिफल 9 अक्टूबर 2026: तीसरे चंद्रमा से मनपसंद काम में रुचि, अटका हुआ धन मिलने की उम्मीद, एडवर्टाइजमेंट से दोगुनी रीच
आज का कर्क राशिफल 9 अक्टूबर 2026: तीसरे चंद्रमा से मनपसंद काम में रुचि, अटका हुआ धन मिलने की उम्मीद, एडवर्टाइजमेंट से दोगुनी रीच
आज का मिथुन राशिफल 9 अक्टूबर 2026: चौथे चंद्रमा से घर में रहने का मन, बिजनेस में क्वालिटी पर ध्यान, ऑफिस में विरोधियों से रहें अलर्ट
आज का मिथुन राशिफल 9 अक्टूबर 2026: चौथे चंद्रमा से घर में रहने का मन, बिजनेस में क्वालिटी पर ध्यान, ऑफिस में विरोधियों से रहें अलर्ट
आज का वृषभ राशिफल 9 अक्टूबर 2026: 5वें चंद्रमा से प्रेम आकर्षण में वृद्धि, गवर्नमेंट कॉन्ट्रैक्ट में बड़ा लाभ
आज का वृषभ राशिफल 9 अक्टूबर 2026: 5वें चंद्रमा से प्रेम आकर्षण में वृद्धि, गवर्नमेंट कॉन्ट्रैक्ट में बड़ा लाभ
Advertisement

वीडियोज

नाना पाटेकर की अंतिम यात्रा की तैयारी शुरू, गांव में पसरा सन्नाटा
एक शिष्य के सुसाइड पर सवाल !
मायानगरी के नाना...ऐसे तो नहीं जाना था
आंदोलन की बदलती 'भाषा', शुरू हुआ रील आंदोलन !
Gyanesh Kumar के खिलाफ Rahul Gandhi अब कहां रुकेंगे?
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
Bypolls Result 2026 LIVE Streaming: नंदीग्राम में BJP और तमिलनाडु में चलेगा विजय का जादू? कहां-कैसे देखें रिजल्ट
नंदीग्राम में BJP और तमिलनाडु में चलेगा विजय का जादू? कहां-कैसे देखें रिजल्ट Live
दिल्ली में बदलेगा मौसम का मिजाज, चलेंगी तेज हवाएं, जानें IMD का अपडेट
दिल्ली में बदलेगा मौसम का मिजाज, चलेंगी तेज हवाएं, जानें IMD का अपडेट
वैभव सूर्यवंशी के 'सुपरस्टार' बनने पर कपिल देव का बड़ा बयान, कांबली से की तुलना
वैभव सूर्यवंशी के 'सुपरस्टार' बनने पर कपिल देव का बड़ा बयान, कांबली से की तुलना
नाना पाटेकर के निधन पर तनुश्री दत्ता का बड़ा बयान, 'अहंकारी आदमी था, ईश्वर ने ही प्राण हरे हैं...'
नाना पाटेकर के निधन पर तनुश्री दत्ता का बड़ा बयान, 'अहंकारी आदमी था, ईश्वर ने ही प्राण हरे हैं...'
'घर में रहे, Video न शेयर करें', भारतीय दूतावास की सऊदी में अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी
'घर में रहे, Video न शेयर करें', भारतीय दूतावास की सऊदी में अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी
'अभी इंतजार कीजिए', स्टारलिंक विवाद पर क्यों एलन मस्क बोले- थैंक्यू राहुल
'अभी इंतजार कीजिए', स्टारलिंक विवाद पर क्यों एलन मस्क बोले- थैंक्यू राहुल
'ज्ञानेश कुमार की तय हो जवाबदेही', दीपके को डर- '10 अक्टूबर से पहले गिरफ्तार..'
'ज्ञानेश कुमार की तय हो जवाबदेही', दीपके को डर- '10 अक्टूबर से पहले गिरफ्तार..'
SIR के पक्ष में उतरे 42 रिटायर्ड जज, देश के नाम खुला खत लिखकर किया आगाह
SIR के पक्ष में उतरे 42 रिटायर्ड जज, देश के नाम खुला खत लिखकर किया आगाह
Embed widget