असल मुद्दों से भटके..सिर्फ हंगामे पर अटके?
18वीं लोकसभा का शीतकालीन सत्र समाप्त हो गया है. यह सत्र काफी हंगामेदार रहा. पूरे सत्र में कुल 20 बैठकें लोकसभा और 19 बैठके राज्यसभा में हुईं. दोनों सदन (लोकसभा और राज्यसभा) में लगभग 105 घंटे कार्यवाही चली है. संसद परिसर कल सुबह दंगल का अखाड़ा बन गया। कांग्रेस के सांसद अपने सहयोगी दलों के साथ आंबेडकर के मुद्दे को लेकर बीजेपी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। इस दौरान बीजेपी और कांग्रेस के सांसद आपस में उलझ गए । दोनों तरफ से एक दूसरे के खिलाफ आरोप लगाये जा रहे हैं । राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग शिकायत में की गई है । 25 नवंबर से शुरू हुआ संसद का शीतकालीन सत्र काफी हंगामेदार रहा। इस सत्र में सत्ता पक्ष और विपक्ष के हंगामे के कारण कई बार दोनों सदनों को स्थगित करना पड़ा। इस सबके बीच सवाल उठता है कि क्या संसद जनता के प्रति ईमानदार है? आज सीधा सवाल में संदीप चौधरी के साथ जोरदार बहस




























