14 मार्च को लगने जा रही लोक अदालत, जानें कैसे होता है रजिस्ट्रेशन
इसी क्रम में बिहार की राजधानी पटना में 14 मार्च को नेशनल लोक अदालत लगने जा रही है. इस लोक अदालत का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) की ओर से किया जाएगा.

भारत में कई लोग ऐसे हैं जिनके छोटे-मोटे मामले या ट्रैफिक चालान सालों तक अदालतों में लंबित रहते हैं. इन मामलों के कारण लोगों को बार-बार कोर्ट के चक्कर लगाने पड़ते हैं और समय के साथ-साथ पैसा भी खर्च होता है. ऐसे मामलों को जल्दी और आपसी सहमति से सुलझाने के लिए समय-समय पर लोक अदालत का आयोजन किया जाता है. इसी क्रम में बिहार की राजधानी पटना में 14 मार्च को नेशनल लोक अदालत लगने जा रही है. इस लोक अदालत का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) की ओर से किया जाएगा. इसका मुख्य उद्देश्य लंबित मामलों को तेजी से निपटाना और लोगों को लंबे समय तक चलने वाली अदालत की प्रक्रिया से राहत दिलाना है. तो आइए जानते हैं कि 14 मार्च को लगने जा रही इस लोक अदालत में रजिस्ट्रेशन कैसे होता है.
14 मार्च को लगने जा रही लोक अदालत
बिहार की राजधानी पटना में 14 मार्च को नेशनल लोक अदालत लगने जा रही है. प्रशासन की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, यह लोक अदालत सुबह 10:30 बजे से शुरू होगी. इसका आयोजन पटना सदर सिविल कोर्ट के अलावा जिले के कई अन्य उपमंडलीय न्यायालयों में भी किया जाएगा, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ उठा सकें.
इन अदालतों में होगी लोक अदालत
पटना जिले के कई न्यायालयों में एक साथ लोक अदालत आयोजित की जाएगी. इनमें प्रमुख रूप से पटना सदर सिविल कोर्ट, पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी और पालीगंज के उपमंडलीय न्यायालय शामिल हैं. इन सभी जगहों पर ऐसे मामलों की सुनवाई होगी जिन्हें आपसी समझौते से आसानी से सुलझाया जा सकता है.
किन मामलों की होगी सुनवाई
लोक अदालत में आमतौर पर ऐसे मामले लिए जाते हैं जिनका समाधान बातचीत और समझौते से हो सकता है. इस बार भी कई तरह के मामलों को शामिल किया गया है. इनमें मुख्य रूप से छोटे आपराधिक मामले, चेक बाउंस से जुड़े मामले (नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट 138), बिजली बिल या बिजली से जुड़े विवाद, मोटर वाहन दुर्घटना मुआवजा मामले, दीवानी विवाद, वजन और माप से जुड़े मामले, श्रम से जुड़े विवाद, बैंक लोन रिकवरी मामले, ट्रैफिक चालान से जुड़े केस, इन मामलों को दोनों पक्षों की सहमति से जल्दी निपटाने की कोशिश की जाएगी.
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कैसे करें रजिस्ट्रेशन
जो लोग अपने मामलों को लोक अदालत के माध्यम से सुलझाना चाहते हैं, उन्हें 13 मार्च तक आवेदन करना होगा. इसके लिए वे अपने संबंधित कोर्ट में जाकर संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा इच्छुक व्यक्ति सीधे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) के कार्यालय में भी आवेदन दे सकते हैं. आवेदन के बाद उनके मामले को 14 मार्च को होने वाली लोक अदालत में शामिल किया जा सकता है.
लोक अदालत के फायदे
लोक अदालत के माध्यम से विवाद सुलझाने के कई फायदे होते हैं. इसमें कोर्ट फीस नहीं लगती है. अगर पहले से कोर्ट फीस जमा की गई है और मामला लोक अदालत में सुलझ जाता है तो वह फीस वापस कर दी जाती है. लोक अदालत का फैसला अंतिम और कानूनी रूप से मान्य होता है. इस फैसले के खिलाफ किसी भी उच्च अदालत में अपील नहीं की जा सकती है,. सबसे बड़ी बात यह है कि मामला जल्दी और शांति से निपट जाता है.
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Source: IOCL



























