'उनको श्रीकृष्ण से क्या मतलब?', ओम प्रकाश राजभर का अखिलेश पर पलटवार
कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने अखिलेश यादव के धीरेंद्र शास्त्री पर वैधानिक कार्रवाई किए जाने की मांग पर पलटवार किया और कहा कि क्या वो सिर्फ ट्विटर और प्रेस कॉन्फ़्रेंस में ही बोलते रहेंगे.

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बयान पर ईशनिंदा करने पर वैधानिक कार्रवाई और उनका सार्वजनिक बहिष्कार करने की माँग की है. जिस पर कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि अगर उन्हें भगवान कृष्ण से इतना ही प्रेम है तो सपाईयों के साथ धीरेंद्र शास्त्री को घेर लेना चाहिए था.
कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सपा मुखिया पर पलटवार करते हुए कहा कि "उनको क्या चिंता है, उनको भगवान श्रीकृष्ण से क्या मतलब है? उनको मथुरा जाना चाहिए, भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन करने चाहिए लेकिन, वो जा ही नहीं रहे हैं. अगर उन्हें भगवान श्रीकृष्ण से बहुत प्रेम है तो उन्हें अब तक को धीरेंद्र कृष्ण को सपाईयों के साथ घेर लेना चाहिए था. खाली ट्विटर और प्रेस कॉन्फ़्रेंस में ही बोलेंगे."
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को राहुल गांधी की चुनौती पर राजभर ने कहा कि वो खुद सदन से क्यों भागते हैं. सदन से बाहर क्यों रहते हैं. सदन में चर्चा होती है या बाहर होती है. विधानसभा-लोकसभा का सदन चला तो ये सब दिन बाहर ही घूमते रहे. सदन में चर्चा करनी चाहिए थी.
धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर विवाद
दरअसल पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने भगवान कृष्ण को लेकर ऐसी टिप्पणी की थी जिसे लेकर विवाद हो गया है. उन्होंने भगवान राम को सीधा और कृष्ण को टेढ़ी लीला करने वाला बताया था. जिसके बाद उनके बयान को लेकर सोशल मीडिया पर घमासान छिड़ गया हैं. सपा समेत तमाम विरोधी दलों की ओर से इस पर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही है.
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि मानवीय भूलों को माफ़ किया जा सकता है लेकिन ईशनिंदा को कभी नहीं माफ़ किया जा सकता. सपा मुखिया ने कहा कि पूरे देश में इनके सभी कार्यक्रम रद्द किए जाने चाहिए और सच्चे सनातनियों को सार्वजनिक तौर पर पूर्ण बहिष्कार करना चाहिए. सपा अध्यक्ष ने उन पर वैधानिक कार्रवाई की मांग की है.






















