लखनऊ एयरपोर्ट के लेबर कैंप में लगी आग, एक के बाद एक कई धमाके
अमौसी एयरपोर्ट से करीब 500 मीटर दूर पर मजदूरों का अस्थाई कैंप लगा है. इसमें करीब 33 कमरों में 400 मजदूर रहते हैं. कैंप में मजदूरों के लिए खाना बनाने की व्यवस्था भी है.

लखनऊ ने चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट परिसर में मजदूरों के अस्थायी कैंप में अचानक आग लग गई. आग की लपटे देख मजदूरों में अफरातफरी मच गई. तीन मंजिला कैंप में आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते करीब दर्जन भर कमरे इसकी चपेट में आ गए. इस दौरान कैंप में रखे एलपीजी सिलेंडरों में एक के बाद एक तीन तेज धमाके हुए. हालांकि सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की गाड़ी ने आग पर समय रहते काबू पा लिया.
अमौसी एयरपोर्ट से करीब 500 मीटर दूर पर मजदूरों का अस्थाई कैंप लगा है. इसमें करीब 33 कमरों में 400 मजदूर रहते हैं. कैंप में मजदूरों के लिए खाना बनाने की व्यवस्था भी है. ग्राउंड फ्लोर के एक कमरे में मजदूर खाना बना रहा था. तभी सिलेंडर से आग भड़क गई. देखते ही देखते आग ने आसपास के कमरों को भी अपनी चपेट में ले लिया.
आग लगते ही कैंप में मौजूद मजदूर जान बचाकर बाहर निकलने लगे. इसी दौरान कमरों के अंदर रखे सिलेंडरों में एक के बाद एक तीन तेज धमाके हुए. धुएं का गुबार तेजी से आसमान में दिखने लगा. सूचना पर सरोजनीनगर फायर स्टेशन के एफएसओ सुमित प्रताप सिंह पांच फायर गाड़ियां में साथ मौके पर पहुंच गए. करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका.
ऊपर से कूदे मजदूर, दो घायल
आग लगने के साथ तेज धमकों से मजदूरों में अफरातफरी मच गई. जो जहां था वैसे ही भागने लगा. इस दौरान बिहार के सहरसा निवासी निर्मल (30) आग की चपेट में आकर झुलस गया. वहीं प्रतापगढ़ के सालीपुर निवासी राहुल कुमार (26) आग से बचने के लिए दूसरी मंजिल से कूद गया, जिससे वह घायल हो गया. आग में करीब 12 कमरे पूरी तरह प्रभावित हुए.
होटल का हो रहा है निर्माण
एयरपोर्ट प्रशासन ने बताया कि परिसर में टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड की ओर से एक फाइव स्टार होटल का निर्माण कराया जा रहा है. इसका काम श्रीपति सिविल इंफ्रा वर्क्स नामक ठेकेदार के जरिए कराया जा रहा है. इसमें करीब 4,000 मजदूर लगे है.





















