नोएडा में श्रमिकों की समस्या को सुलझाने के लिए उच्च स्तरीय समिति गठित, कर्मचारियों ने रखी अपनी मांगें
Noida Labour Moment: बैठक में श्रमिकों ने अपनी प्रमुख मांगों में वेतन वृद्धि, साप्ताहिक अवकाश, ओवरटाइम का दोगुना भुगतान तथा सम्मानजनक कार्य वातावरण सुनिश्चित करने जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया.

- श्रमिकों-प्रबंधन विवाद पर बनी उच्च स्तरीय समिति.
- समिति ने श्रमिकों की वेतन वृद्धि, अवकाश की सुनीं मांगें.
- श्रमिकों के हितों की रक्षा, कानून पालन का आश्वासन.
- अफवाहों से दूर रहने, शांतिपूर्ण कार्य की सलाह.
नोएडा में हाल ही में उत्पन्न औद्योगिक असामंजस्य की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है. इस समिति का मुख्य उद्देश्य जनपद में औद्योगिक शांति, सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखना और श्रमिकों तथा प्रबंधन के बीच प्रभावी संवाद स्थापित करना है. इसी क्रम में समिति के अध्यक्ष, औद्योगिक विकास आयुक्त उत्तर प्रदेश की अध्यक्षता में ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण के सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई.
इस बैठक में श्रमिक प्रतिनिधियों के साथ-साथ विभिन्न संबंधित पक्षों ने भाग लिया. बैठक में अपर मुख्य सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग, प्रमुख सचिव श्रम एवं सेवायोजन विभाग, श्रम आयुक्त उत्तर प्रदेश (कानपुर), मंडलायुक्त मेरठ मंडल, जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर तथा प्रशासन एवं पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे. वहीं, बैठक के दौरान समिति ने विभिन्न औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत श्रमिकों की समस्याओं को विस्तारपूर्वक सुना.
श्रमिकों ने अपनी मांग रखी सामने
श्रमिकों ने अपनी प्रमुख मांगों में वेतन वृद्धि, साप्ताहिक अवकाश, ओवरटाइम का दोगुना भुगतान, श्रमिक हितों की सुरक्षा तथा सम्मानजनक कार्य वातावरण सुनिश्चित करने जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया. गौरतलब है कि समिति ने श्रमिकों की समस्याओं पर सकारात्मक और संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाते हुए आश्वासन दिया कि उनके हितों की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी. साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि सभी औद्योगिक इकाइयों में श्रम कानूनों का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा.
अफवाहों से दूर रहने की सलाह
समिति द्वारा यह भी बताया गया कि श्रमिकों और संबंधित पक्षों के साथ बहुचरणीय बैठकों का सिलसिला जारी रहेगा, ताकि हर मुद्दे का गहनता से अनुश्रवण कर उसका स्थायी समाधान निकाला जा सके. इसके अलावा समिति ने श्रमिकों से अपील की है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से अपने-अपने कार्यस्थलों पर लौटकर कार्य करें और किसी भी प्रकार की भ्रामक सूचना या अफवाहों पर ध्यान न दें. केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही विश्वास करने की सलाह दी गई है, जिससे औद्योगिक वातावरण में विश्वास, स्थिरता और सौहार्द बना रहे.
























