गाजियाबाद: 'कोरिया जाने की जिद और इंडियन के नाम पर गुस्सा', 3 बेटियों के सुसाइड पर पिता भावुक
Ghaziabad Suicide Case: गाजियाबाद में तीन बहनों की आत्महत्या मामले पर पिता ने बताया कि उनकी बेटियों के दिमाग में कोरिया-कोरिया ही चलता था. इंडियन नाम से उन्हें गुस्सा आता था.

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में तीन सगी नाबालिग बहनों की खुदकुशी की घटना से हर कोई सहम गया है. मंगलवार की रात तीनों बहनों ने नौवीं मंजिल से छलांग लगाकर जान दे दी. इस घटना को लेकर पिता ने जो बातें बताई हैं वो बेहद हैरान करने वाली हैं. पिता ने बताया कि किस तरह उनके दिलो-दिमाग पर कोरियन गेम हावी हो गया था कि उन्होंने उसके अलावा कुछ नहीं दिखाई देता था.
गाजियाबाद में ट्रिपल सुसाइड की घटना पर एबीपी न्यूज ने जब पिता से बात करने की कोशिश की तो उन्होंने बिना दरवाजा खोले ही बात की, उनके पूरे बयान को मोबाइल में रिकॉर्ड किया गया है. इस घटना पर पिता ने कहा कि "मेरे बच्चों के दिमाग़ में कोरिया-कोरिया ही चलता रहता था. उन्हें सिर्फ कोरिया ही पसंद था. बच्चों ने अपना नाम तक बदल दिया था और अपनी पर्सनैलिटी को कोरियन की तरह बना लिया था.
कोरिया जाना चाहती थी तीनों बेटियां
पिता ने कहा कि बच्चे कहते थे कि हम कोरिया जाएंगे, कोरिया ले चलो. उन्हें 'इंडियन' के नाम से गुस्सा आ जाता था. इंडिया के नाम पर खाना नहीं खाते थे. उनके बच्चे तीन-चार साल से कोरियन ड्रामा देख रहे हैं यही नहीं वो कहते थे कि अगर उन्हें कोरिया नहीं मिला तो वो मर जाएंगे.
घटना वाली रात को भी उनकी बात हुई थी. हमने कहा कि खाना खा लिया है तो सो जाओ. तो बेटी ने कहा कि कोरिया जाना है, मैंने पूछा क्या करोगे जाके? उसी दिन शाम को सात बजे मैंने उनसे मोबाइल फ़ोन लिया था. दस बजे उन्होंने दोबारा फ़ोन लिया और फिर 12 बजे तक मोबाइल देखा, जिसके बाद पत्नी फ़ोन को उनसे वापस ले आई थी, इसके बाद वो कम्बल से निकले मंदिर वाले कमरे में गए और उसे अंदर से लॉक कर लिया. उसके बाद हमें नही पता और वो तीनों नीचे मिले.
लड़कियों ने अपने नाम भी बदल लिए
इनके मोबाइल पर मैंने कोरियन वीडियो डांस और ड्रामे के देखे थे, वो ट्यूशन जाते थे, अगर फ़ोन से डीपी हटा देते थे जिस पर उन्होंने अपने नाम लिखे थे तो वहो खाना नहीं खाते थे. पिता ने बताया कि बच्चे कहते थे कि उन्हें कोरिया भेज दो नहीं तो वो नहीं पढ़ेंगे. टीचर ने कहा था कि पहले इनका माइंड चेंज करो, स्कूल में एडमिशन कराओं तो ये पढ़ेंगे. नहीं.
सरकार को बंद करने चाहिए कोरियन ड्रामा
पिता ने मांग की कि हम चाहते हैं कोरियन ड्रामा, वीडियो जो भी चल रहे हैं जिनसे बच्चे एडिक्ट हो रहे हैं उन्हें बंद करना चाहिए. मेरे बच्चे चले गए तो हमारा जीवन भी चला गया. किसी और बच्चा न जाए. मेरे बच्चे सुसाइड नोट पर लिख कर गये क्या पापा आपने कोरिया छुड़ा लिया. उन्होंने लोगों से अपने बच्चों की केयर करने की अपील की.
इस घटना में एक एंगल पिता पर कर्ज का भी सामने आ रहा है, जिस पर उन्होंने कहा कि मुझे 20-30 लाख का लॉस हुआ था लेकिन लेकिन ये वजह खुदकुशी की हो सकती है? कर्ज की वजह से अगर मौत होती तो मेरी होती. मेरी तीनों बेटियां एक साथ काम करती थी. वो एक साथ टॉयलेट जातीं, एकसाथ खाना खाती थी और रात-रात भर गेम खेलती रहती थी.
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Source: IOCL


























