गाजियाबाद में बुजुर्ग महिला के घर पर ताज मोहम्मद ने किया कब्जा, डीएम ने 5 दिन में वापस दिलाया मकान
Ghaziabad News: बुजुर्ग महिला ने 26 मई को डीएम रविंद्र कुमार से मकान वापस दिलाने की गुहार लगाई. डीएम ने इस मामले की जांच के लिए टीम का गठन किया और मात्र पांच दिनों में घर वापस दिला दिया.

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में एक विधवा महिला को अपने जानकार ताज मोहम्मद से डेढ़ लाख रुपये लेना इतना महंगा पड़ गया कि आरोपी ने उसके मकान पर ही कब्जा कर लिया. जिसके बाद महिला दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर हो गई. बुजुर्ग महिला को जब पुलिस से भी सहायता नहीं मिली तो उसने डीएम से गुहार लगाई. जिसके बाद महज़ पाँच दिनों के अंदर डीएम ने महिला को अपने घर का कब्जा वापस मिल गया.
ये मामला विजयनगर क्षेत्र का है, जहां रहने वाली बुजुर्ग विधवा महिला चंचल ने आरोप लगाया था कि मसूरी इलाके के निवासी ताज मोहम्मद ने धोखाधड़ी कर उनके मकान पर कब्जा कर लिया था और बाद में कथित तौर पर पड़ोस में रहने वाले मोमिन को मकान बेच दिया. जिसके बाद वो किराये पर रहने को मजबूर हो गई.
डीएम ने पाँच दिन में दिलाया मकान पर कब्जा
महिला ने कई जगहों पर अपने घर वापस पाने के लिए गुहार लगाई लेकिन, कहीं से उसे न्याय नहीं मिला, जिसके बाद 26 मई को महिला ने डीएम रविंद्र कुमार से मकान वापस दिलाने की गुहार लगाई. बुजुर्ग महिला की शिकायत पर डीएम ने जांच टीम का गठन किया और मात्र पांच दिनों में बुजुर्ग महिला को उसका मकान वापस दिला दिया.
सोमवार को जिलाधिकारी रविंद्र कुमार स्वयं मौके पर पहुंचे. प्रशासनिक टीम और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में चंचल को उनके मकान का कब्जा वापस दिलाया गया. डीएम ने बताया कि जांच में सामने आया कि ताज मोहम्मद ने चंचल को करीब डेढ़ लाख रुपये उधार दिए थे. जिसके बाद में ब्याज की रकम बढ़ाकर बताई गई.
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कर्जा देकर बुजुर्ग के मकान पर किया कब्जा
महिला जब ये रकम नहीं जुटा पाई तो आरोपी ने उसके मकान पर कब्जा कर लिया और किसी दूसरे व्यक्ति को वो बेच दिया. जिलाधिकारी ने कहा कि जांच में मिले तथ्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए महिला को उसका मकान वापस दिलाया गया है.
मकान का कब्जा वापस मिलने के बाद भावुक हुई चंचल ने जिला प्रशासन, गाजियाबाद पुलिस और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया उन्होंने कहा कि लंबे संघर्ष और कई महीनों की परेशानी के बाद उन्हें अपना घर वापस मिला है जिससे उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है.
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