देहरादून एयरपोर्ट होगा हाईटेक! नई तकनीक से बदलेगी तस्वीर
Dehradun News In Hindi: देहरादून एयरपोर्ट को हाईटेक बनाने की तैयारी तेज, अत्याधुनिक रडार, नया ILS और ATC बिल्डिंग से बढ़ेगी सुरक्षा, वहीं कमर्शियल वाहनों की एंट्री फीस में बड़ी कटौती.

उत्तराखंड के जौलीग्रांट स्थित देहरादून एयरपोर्ट को आने वाले समय में नई तकनीक और आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की तैयारी शुरू हो गई है. एयरपोर्ट प्रशासन ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भविष्य की योजनाओं का खुलासा करते हुए बताया कि यहां अत्याधुनिक रडार, आधुनिक इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (ILS) और नई एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) बिल्डिंग विकसित करने की योजना है.
एयरपोर्ट निदेशक भूपेश सीएच नेगी के मुताबिक, बढ़ते हवाई यातायात और यात्रियों की संख्या को देखते हुए एयरपोर्ट की तकनीकी क्षमता को मजबूत किया जा रहा है. नई सुविधाओं के आने के बाद विमानों की निगरानी, सुरक्षित लैंडिंग और एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट व्यवस्था पहले से ज्यादा बेहतर हो सकेगी.
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आधुनिक रडार से विमानों पर रहेगी पैनी नजर
देहरादून एयरपोर्ट पर प्रस्तावित अत्याधुनिक रडार सिस्टम विमान संचालन की निगरानी व्यवस्था को मजबूत करेगा. इसके जरिए एयर ट्रैफिक कंट्रोल टीम को विमानों की आवाजाही पर ज्यादा सटीक नजर रखने में मदद मिलेगी. हवाई यातायात बढ़ने के साथ एयरपोर्ट पर बेहतर निगरानी प्रणाली की जरूरत महसूस की जा रही थी. नया रडार सिस्टम विमानों के टेकऑफ और लैंडिंग को ज्यादा सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने में अहम भूमिका निभाएगा.
खराब मौसम में भी आसान होगी लैंडिंग
एयरपोर्ट पर आधुनिक इंस्ट्रूमेंटल लैंडिंग सिस्टम (ILS) लगाने की योजना भी बनाई गई है. यह तकनीक खासतौर पर खराब मौसम, कोहरे या कम दृश्यता के दौरान विमानों को सुरक्षित लैंडिंग में मदद करती है. नए ILS सिस्टम के आने से पायलटों को रनवे तक पहुंचने के लिए बेहतर मार्गदर्शन मिलेगा. इससे मौसम खराब होने की स्थिति में भी उड़ानों के संचालन में सुधार आने की उम्मीद है.
नई ATC बिल्डिंग संभालेगी बढ़ता एयर ट्रैफिक
देहरादून एयरपोर्ट पर नई एयर ट्रैफिक कंट्रोल बिल्डिंग बनाने की तैयारी भी चल रही है. बढ़ते हवाई यातायात को देखते हुए यह परियोजना बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है. नई ATC बिल्डिंग से एयर ट्रैफिक कंट्रोल की क्षमता बढ़ेगी और अधिक संख्या में उड़ानों को बेहतर तरीके से नियंत्रित किया जा सकेगा. भविष्य में उड़ानों की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए यह कदम उठाया जा रहा है.
कमर्शियल वाहनों को बड़ी राहत, एंट्री फीस में भारी कटौती
देहरादून एयरपोर्ट प्रशासन ने टैक्सी, कैब और अन्य व्यावसायिक वाहनों को भी राहत दी है. नए टेंडर के तहत एयरपोर्ट परिसर में प्रवेश शुल्क को 345 रुपये से घटाकर केवल 80 रुपये कर दिया गया है. यानी कमर्शियल वाहन संचालकों को अब पहले की तुलना में 265 रुपये कम भुगतान करना होगा. इस फैसले से टैक्सी और कैब ऑपरेटरों के खर्च में कमी आने की उम्मीद है. हालांकि यात्रियों के किराये में इसका कितना असर दिखाई देगा, यह संबंधित सेवा प्रदाताओं के निर्णय पर निर्भर करेगा. लेकिन वाहन संचालकों के लिए इसे बड़ी राहत माना जा रहा है.
उत्तराखंड का महत्वपूर्ण एयर गेटवे बन चुका है देहरादून एयरपोर्ट
देहरादून एयरपोर्ट अब केवल क्षेत्रीय उड़ानों तक सीमित नहीं है, बल्कि उत्तराखंड के लिए देश के बड़े शहरों से जुड़ने का प्रमुख माध्यम बन चुका है. यहां से दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, अहमदाबाद, जयपुर, पुणे, हैदराबाद, लखनऊ, कोलकाता, नवी मुंबई और कुल्लू जैसे शहरों के लिए उड़ान सेवाएं उपलब्ध हैं. हालांकि मौसम और सीजन के अनुसार उड़ानों की संख्या और रूट में बदलाव होता रहता है. पर्यटन, व्यापार और चारधाम यात्रा के लिहाज से भी देहरादून एयरपोर्ट की भूमिका लगातार बढ़ रही है. ऐसे में आधुनिक तकनीक से लैस सुविधाएं उत्तराखंड की हवाई कनेक्टिविटी को और मजबूत कर सकती हैं.
एयरपोर्ट विस्तार से यात्रियों को मिलेगी नई सुविधा
रडार, ILS और नई ATC बिल्डिंग जैसी परियोजनाएं पूरी होने के बाद देहरादून एयरपोर्ट की संचालन क्षमता में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है. जहां एक ओर नई तकनीक उड़ानों की सुरक्षा और प्रबंधन को बेहतर बनाएगी, वहीं दूसरी ओर कमर्शियल वाहनों की फीस में कमी से एयरपोर्ट से जुड़ी सेवाओं को भी फायदा मिलेगा. आने वाले समय में देहरादून एयरपोर्ट आधुनिक सुविधाओं और बेहतर एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट के साथ उत्तराखंड के विकास में अहम भूमिका निभाने की तैयारी में है.
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