'मैकाले की शिक्षा नीति में बदलाव हो रहा है तो...', सोनिया गांधी के लेख पर CM देवेंद्र फडणवीस का पलटवार
Devendra Fadnavis on Sonia Gandhi: सीएम देवेंद्र फडणवीस ने सोनिया गांधी के शिक्षा नीति पर लिखे लेख को लेकर कहा कि शिक्षा नीति का भारतीयकरण होना चाहिए. अंग्रेज की शिक्षा नीति में बदलाव होना चाहिए.

Devendra Fadnavis on Sonia Gandhi: कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने भारत की शिक्षा नीति को लेकर मोदी सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने केंद्र सरकार के राष्ट्रीय शिक्षा नीति की आलोचना की. उन्होंने एक लेख के जरिए कहा कि मोदी सरकार संघीय शिक्षा ढांचे को कमजोर कर रही है, जिसपर अब महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पलटवार किया है.
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कांग्रेस नेता सोनिया गांधी के राष्ट्रीय शिक्षा नीति की आलोचना करने पर कहा, "मेरा मानना है कि शिक्षा प्रणाली का भारतीयकरण किया जा रहा है. मैकाले ने कहा था कि जब तक हम देश की शिक्षा प्रणाली में बदलाव नहीं करेंगे, तब तक हम (अंग्रेज) भारत पर शासन नहीं कर सकते."
VIDEO | Maharashtra CM Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) on Congress leader Sonia Gandhi's article criticising the National Education Policy, says, "I believe that education system is being Indianised. Macaulay had said that we (British) can't rule India till the time we change… pic.twitter.com/KtuSjEGqHz
— Press Trust of India (@PTI_News) March 31, 2025
उन्होंने कहा, "अंग्रेजों ने भारतीयों पर शासन करने के लिए शिक्षा प्रणाली शुरू की थी। अगर ऐसी शिक्षा प्रणाली का भारतीयकरण किया जा रहा है, तो किसी को दुखी होने की कोई जरूरत नहीं है. मुझे लगता है कि सोनिया जी को इस बारे में पूरी जानकारी लेनी चाहिए और इस कदम का समर्थन करना चाहिए."
सोनिया गांधी ने अपने लेख में क्या कहा?
बता दें 'द हिंदू' में लिखे एक लेख में सोनिया गांधी ने कहा, "राष्ट्रीय शिक्षा नीति शिक्षा का केंद्रीकरण, व्यवसायीकरण और सांप्रदायिकीकरण करती है. मोदी सरकार राज्य सरकारों को महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णयों से बाहर रखकर शिक्षा के संघीय ढांचे को कमजोर कर रही है. पिछले 11 साल से अनियंत्रित केंद्रीकरण इस सरकार की कार्यप्रणाली की एक खास विशेषता रही है, लेकिन इसका सबसे खरबा प्रभाव शिक्षा के क्षेत्र में पड़ा है."
उन्होंने कहा, "2019 से केंद्रीय शिक्षा सलाहकार बोर्ड की बैठक नहीं हुई है. इस बैठक में केंद्र और राज्य के शिक्षा मंत्री भी शामिल होते हैं. बोर्ड की आखिरी बैठक सितंबर 2019 में हुई थी. पिछले 11 साल से अनियंत्रित केंद्रीकरण इस सरकार की कार्यप्रणाली की एक खास विशेषता रही है, लेकिन इसका सबसे खरबा प्रभाव शिक्षा के क्षेत्र में पड़ा है. "
Source: IOCL






















