AAP के 7 सांसदों की बगावत की क्या है कहानी? राघव चड्ढा समेत सभी नेताओं के इस्तीफे के पीछे का आया सच!
Raghav Chadha Quits AAP: राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा, संदीप पाठक और अशोक मित्तल ने प्रेस कांफ्रेंस कर इस्तीफा दिया और पार्टी पर आरोप लगाए और दावा किया कि और भी सांसद पार्टी छोड़ेंगे.

अपनी स्थापना के 12 सालों में आम आदमी पार्टी को सबसे बड़ा झटका उसके विरोधियों से नहीं, बल्कि खुद उनके सांसदों ने दिया है. शुक्रवार को राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा, संदीप पाठक और अशोक मित्तल ने प्रेस कांफ्रेंस कर इस्तीफा दिया और पार्टी पर आरोप लगाए और दावा किया कि और भी सांसद पार्टी छोड़ेंगे. जिसमें कुल 10 में 7 अब बगावत कर चुके हैं.
आप के लिए ये बड़ा झटका झटका है, क्यूंकि अगले साल पंजाब में विधानसभा चुनाव है.चड्ढा ने आरोप लगाया कि आप मूल सिद्धांतों और मूल्यों से भटक चुकी है. भ्रष्टाचार और व्यक्तिगत लाभ अब पार्टी पर हावी है. मैं सही आदमी गलत पार्टी में था.
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ये हैं सात बगावती सांसद
आप से इस्तीफा देने वालों में राघव चड्ढा पंजाब, अशोक मित्तल पंजाब, संदीप पाठक पंजाब., हरभजन सिंह पंजाब, विक्रम साहनी, दिल्ल/पंजाब, स्वाति मालीवाल दिल्ली. राजिन्द्र गुप्ता दिल्ली लेकिन इनका उद्योगधंधे पंजाब में हैं. अब तीन सांसद पार्टी में बने हुए हैं. लेकिन आम आदमी पार्टी में अंतर्संघर्ष स्पष्ट उभर आया है.
क्यों हुए अपने पराए- क्या है कहानी ?
सबसे पहले बात करते हैं राघव चड्ढा, राज्यसभा में डिप्टी लीडर के साथ पार्टी में सबसे तेज बढ़ने वाले नेता. 2022 में राज्यसभा पहुंचे थे. जब से शराब घोटाले में अरविन्द केजरीवाल समेत सीनियर नेता जेल गए, राघव चड्ढा ने पार्टी से दूरी बना ली. लेकिन जब बाहर आए तो उनसे पंजाब का प्रभार ले लिया गया. अंत में जब उन्हें डिप्टी लीडर से हटाय गया तो अब आख़िरकार इस्तीफे कि नौबत आ गयी. इसके अलावा वे मोदी सरकार पर हमले के बजाय सॉफ्ट इशू उठा रहे थे, जबकि पार्टी उन्हें बोलने के लिए कह रही थी.
अशोक मित्तल: ED छापा और 'साजिश' का आरोप
हाल ही में लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के मालिक अशोक मित्तल के घर पर ईडी का छापा पड़ा था. जब आम आदमी पार्टी ने उन्हें डिप्टी लीडर बनाया था. लेकिन आज उन्होंने भी अचानक इस्तीफा दे दिया. ईडी की कार्रवाई एक वजह नजर आ रही है.
स्वाति मालीवाल पर निजी हमले का विवाद
आप में स्वाति मालीवाल पुराना चेहरा थीं. लेकिन मई 2024 में उन्होंने केजरीवाल के पीए बिभव कुमार पर सीएम आवास में हमले का आरोप लगाया. इस मामले ने भी काफी तूल पकड़ा. जिसके बाद मालीवाल ने पार्टी से दूरी बना ली.
हरभजन सिंह क्रिकेटर से सांसद, अब BJP में
भारतीय क्रिकेट टीम में पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह को आप ने 2022 में पंजाब से राज्यसभा भेजा था. लेकिन इन्होने कुछ दिनों के बाद ही पार्टी से दूरी बना ली थी और अरविन्द केजरीवाल समेत सीनियर लीडर्स के पक्ष में कुछ भी नहीं बोला. आज राघव चड्ढा ने उन्हें नाम लेकर शामिल बताया.
संदीप पाठक- 'आइडियोलॉजिकल' दूरी
डॉ. संदीप कुमार पाठक भी आप के पंजाब से सांसद हैं. इनके इस्तीफे की मुख्या वजह खुलकर नहीं आई, लेकिन माना जा रहा है कि पंजाब से हटाना बड़ी वजह है
विक्रम साहनी और राजिंदर गुप्ता
विक्रम साहनी उद्योगपति और फिलैंथ्रोपिस्ट हैं, मूलतः दिल्ली के लेकिन इनके पंजाब में कई प्रोजेक्ट्स हैं. माना जा रहा है किसी बड़े विवाद से बचने के लिए राघव चड्ढा के ग्रुप में शामिल हो गए हैं. इसी तरह राजिंदर गुप्ता का लुधियाना में ट्राईडेंट ग्रुप है. उपचुनाव में सांसद बने. लेकिन शायद ये भी किसी बड़ी कार्रवाई से बचने के लिए राघव चड्ढा ग्रुप में शामिल हुए.
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Source: IOCL























