एक्सप्लोरर
आखिर सुबह-सुबह ही बांग क्यों देता है मुर्गा? जान लीजिए आज
सुबह-सुबह मुर्गे का बांग देना एक आम सी घटना है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर ऐसा क्यों होता है? क्यों मुर्गा दिन के बाकी हिस्सों की तुलना में सुबह-सुबह ही बांग देता है?
आपने अक्सर सुना होगा कि पहले के समय में सुबह-सुबह मुर्गे की बांग से ही नींद खुलती थी. आज भी कई जगहों पर ऐसा ही होता है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि मुर्गा सुबह-सुबह ही बांग क्यों देता है? चलिए जानते हैं.
1/6

मुर्गों के शरीर में एक जैविक घड़ी होती है, जिसे सिरकेडियन रिदम कहते हैं. यह घड़ी उनके शरीर को 24 घंटे के चक्र में काम करने के लिए बताती है. सूर्योदय के समय प्रकाश में बदलाव के कारण यह घड़ी सक्रिय हो जाती है और मुर्गे को बांग देने का संकेत देती है.
2/6

मुर्गे की आंखें प्रकाश के प्रति बहुत संवेदनशील होती हैं. सूर्योदय के समय प्रकाश में होने वाले बदलाव को मुर्गे की आंखें तुरंत पकड़ लेती हैं और यह उनके दिमाग को बांग देने का संकेत भेजती है.
Published at : 30 Oct 2024 07:57 AM (IST)
और देखें
टॉप हेडलाइंस
जनरल नॉलेज
जनरल नॉलेज
जनरल नॉलेज
जनरल नॉलेज




























