कोरोना वायरस: उत्तर प्रदेश के सभी शिक्षण संस्थान 2 अप्रैल तक बंद
सभी कोरोना के रोगियों को मुफ्त इलाजदिहाड़ी मजदूरों का सरकार करेगी भरण-पोषणआरटीजीएस के माध्यम से सरकार भेजेगी दिहाड़ी मजदूरों के अकाउंट में पैसा

लखनऊ: योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में मंगलवार को हुई कैबिनेट की बैठक में कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए सरकार ने कई बड़े फैसले लिए हैं. मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें. साथ ही सरकार ने दिहाड़ी मजदूरों के लिए बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि उनके भरण-पोषण के लिए निश्चित धनराशि भी मुहैया करवाई जाएगी. यही नहीं दो अप्रैल तक प्रदेश के सभी शिक्षण संस्थानों को बंद करने के आदेश दिए गए हैं. वहीं, प्रतियोगी परीक्षाओं समेत सभी तरह की परीक्षाओं को भी दो अप्रैल तक स्थगित कर दिया गया है.
सरकार के प्रवक्ता श्रीकांत शर्मा ने बताया कि प्रदेश में कोरोना वायरस से पीड़ित मरीजों का मुफ्त में जांच और इलाज कराया जाएगा. उन्होंने कोरोना वायरस पर केंद्र सरकार की एडवाइजरी का 100 प्रतिशत पालन करने के निर्देश भी जारी किए जाने की बात कही. बैठक में प्रदेश के सभी पर्यटक स्थल और म्यूजियम 31 मार्च तक बंद रखने की जानकारी देते हुए बताया कि इस दौरान वहां साफ-सफाई होती रहेगी, लेकिन पर्यटकों का प्रवेश वर्जित रहेगा. इसी क्रम में प्रदेश भर के सभी सिनेमाघर और मल्टीप्लेक्स को भी बंद करने के आदेश दिए जाने की बात कही. कोरोना को देखते हुए तहसील दिवस, समाधान दिवस और जनता दर्शन भी 2 अप्रैल तक बंद रहेगा.
कैबिनेट के एक अन्य फैसले के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि दिहाड़ी मजदूरी करने वाले लोगों का भरण-पोषण हो सके इसके लिए वित्तमंत्री की अध्यक्षता में कमेटी गठित की गई है, जो 3 दिन में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी. इस कमेटी में कृषि मंत्री और श्रम मंत्री को शामिल किया गया है. सरकार दिहाड़ी मजदूरी करने वालों को एक निश्चित धनराशि आरटीजीएस के माध्म से उनके अकाउंट में भेजेगी, जिससे मजदूरों के परिवार का भरण-पोषण हो सके. उधर मुख्यमंत्री योगी ने प्रदेश के सभी जिला अधिकारियों को आदेश दिया है कि वे अपने जिले में स्थित धार्मिक स्थलों के प्रबंधकों और धर्म गुरुओं से संवाद स्थापित कर उन्हें जागरुक करें, जिससे कम से कम लोग आएं और भीड़ न इकट्ठा हो.
मुख्यमंत्री की तरफ से यह भी निर्देश दिए गए हैं कि कोरोना वायरस के प्रति जिला अधिकारी सभी को जागरुक करेंगे. जिला प्रशासन इस बात को सुनिश्चित करेगे कि मेला आदि में आने वाले लोगों को जागरुक किया जाए. ग्राम पंचायतों और नगर विकास के अधिकारियों को भी सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए हैं.























