'उन्होंने मेरा बार-बार...', बागी हुईं TMC सांसद काकोली घोष, स्पीकर को चिट्ठी लिख ममता के करीबी पर लगाए गंभीर आरोप
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने अपनी ही पार्टी के वरिष्ठ सांसद और ममता बनर्जी के करीबी नेता कल्याण बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने ना सिर्फ पार्टी से बगावत कर दी है बल्कि अपनी ही पार्टी के एक वरिष्ठ सांसद और ममता बनर्जी के करीबी नेता पर गंभीर आरोप लगाए हैं. टीएमसी सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर पार्टी के वरिष्ठ नेता और सांसद कल्याण बनर्जी के खिलाफ दुर्व्यवहार की शिकायत दर्ज कराई है.
स्पीकर को लिखे अपने लेटर में उन्होंने कहा कि मैं एआईटीसी के लोकसभा सदस्य कल्याण बनर्जी के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराने की अनुमति चाहती हूं, जिन्होंने लोकसभा के अंदर बार-बार मेरा मौखिक रूप से अपमान किया है.
कल्याण बनर्जी पर लगाए गंभीर आरोप
काकोली घोष ने सिर्फ अपने खिलाफ अपमान की बात नहीं की बल्कि उन्होंने अन्य कई महिला सांसदों की तरफ से भी कल्याण बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने लेटर में लिखा है कि उनका (कल्याण बनर्जी) का यह महिला विरोधी रवैया कई महिला सदस्यों के खिलाफ भी देखा गया है और इसके लिए उन्हें सजा मिलनी चाहिए.
TMC MP Kakoli Ghosh Dastidar writes to Lok Sabha Speaker Om Birla, lodging a formal "complaint against abuse" against party MP Kalyan Banerjee.
— ANI (@ANI) May 28, 2026
"I seek your permission to lodge a formal complain to you for redressal against Lok Sabha Member of AITC Kalyan Banerjee, who has… pic.twitter.com/hdMAPhnpRv
सभी पदों से दिया इस्तीफा
टीएमसी की वरिष्ठ सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने पार्टी नेतृत्व के खिलाफ खुलकर नाराजगी जाहिर करते हुए संगठन के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया है. बता दें कि बंगाल की बारासात लोकसभा सीट से 4 बार की सांसद काकोली ने प्रदेश अध्यक्ष सुब्रत बख्शी को पत्र लिखकर महिला इकाई की राष्ट्रीय अध्यक्ष समेत सभी जिम्मेदारियों से मुक्त करने की अपील की है. हालांकि उन्होंने साफ किया कि वह पार्टी नहीं छोड़ रही हैं लेकिन एक सामान्य कार्यकर्ता के रूप में काम जारी रखेंगी.
काकोली घोष ने और क्या-क्या आरोप लगाए
टीएमसी सांसद ने राशन घोटाला, भर्ती में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों पर चिंता जताते हुए कहा कि वो इन सबसे बहुत परेशान हैं. खासकर आरजी कर मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इस मामले ने उन्हें अंदर तक झकझोर दिया है.
इसके अलावा उन्होंने चुनावी रणनीतिकार कंपनी आईपैक के बढ़ते प्रभाव पर भी कई सवाल उठाए. उन्होंने संगठन में अलोकतांत्रिक और अपारदर्शी दखल का आरोप लगाया है. हाल ही में वह कई अहम पार्टी कार्यक्रमों से दूर रहीं.
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