अकाउंट खुलवाने के बहाने बैंक में घुसे तीन बदमाश, फिर कर्मचारियों को बनाया बंधक और लूटकर ले गए 21 करोड़ रुपये की नकदी और ज्वेलरी
विजयपुरा के पुलिस अधीक्षक लक्ष्मण निम्बार्गी ने प्रारंभिक जांच का हवाला देते हुए बताया कि संदिग्धों ने फर्जी नंबर प्लेट वाली सुजुकी ईवीए गाड़ी का इस्तेमाल किया था.

कर्नाटक के विजयपुरा के एक सरकारी बैंक में चोरों ने 21 करोड़ रुपये लूट लिए. ये लोग नकाब पहने हुए थे और उनके हाथ में चाकू था, जिससे उन्होंने बैंक कर्मचारियों को डराया. तीनों नकाबपोश ने शाखा के कर्मचारियों को बांध दिया और नकदी और ज्वेलरी लूट ली, जिसकी कीमत 21 करोड़ रुपये है.
पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार यह घटना मंगलवार (16 सितंबर, 2025) की है, जिसके बारे में बुधवार को पुलिस ने जानकारी दी. पुलिस ने बताया कि जिले के चडचन कस्बे में यह घटना भारतीय स्टेट बैंक की शाखा में कल शाम छह बजे हुई है. बैंक अधिकारियों का अनुमान है कि चोरों ने 21 करोड़ रुपये की नकदी और ज्वेलरी लूट ली. पुलिस के अनुसार ये तीन नकाबपोश बदमाश बैंक अकाउंट खुलवाने के बहाने बैंक में घुसे और मैनेजर, खजांची और अन्य कर्मचारियों को पिस्तौल और चाकू दिखा कर धमकाया. बाद में इन्होंने बैंक कर्मचारियों के हाथ पैर बांधकर बंधक बना लिया.
एफआईआर के अनुसार लुटेरे एक करोड़ से अधिक की नकदी और लगभग 20 किलोग्राम वजन के सोने के आभूषण लेकर फरार हो गए, जिनकी कीमत करीब 20 करोड़ रुपये है. बैंक अधिकारियों के अनुसार, लूटे गए सामानों की कुल अनुमानित कीमत 21 करोड़ रुपये से अधिक है. इसमें एक करोड़ रुपये से अधिक नकद और लगभग 20 किलोग्राम सोने के आभूषण शामिल हैं, जिनकी कीमत लगभग 20 करोड़ रुपये बताई जा रही है.
पुलिस ने बताया कि बैंक के ब्रांच मैनेजर की शिकायत के आधार पर इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया गया है और संदिग्धों को पकड़ने के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं. विजयपुरा के पुलिस अधीक्षक लक्ष्मण निम्बार्गी ने प्रारंभिक जांच का हवाला देते हुए पीटीआई-भाषा को बताया कि संदिग्धों ने फर्जी नंबर प्लेट वाली सुजुकी ईवीए गाड़ी का इस्तेमाल किया था. अपराध को अंजाम देने के बाद, वे महाराष्ट्र के पंढरपुर की ओर चले गए. उन्होंने कहा, 'आगे की जांच जारी है और संदिग्धों को पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं.'



















