बुर्के को आतंकियों के ढाल बनाने से सुरक्षा एजेंसियां चिंतित, जम्मू कश्मीर में शिवसेना ने की बैन की मांग
शिवसेना के जम्मू कश्मीर के अध्यक्ष मनीष सिन्हा के मुताबिक राष्ट्रीय सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए सरकार को जल्द ही फिरन और बुर्के को प्रतिबंधित कर देना चाहिए.

हाल के दिनों में जिस तरह से कश्मीर में आतंकियों ने फिरन और बुर्के को कवच बनाकर आम लोगों को निशाना बनाया है उसने सुरक्षा एजेंसियों की चिंताएं बढ़ाकर रख दी हैं. वहीं, शिवसेना ने जम्मू कश्मीर में फिरन और ब बुर्के पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है. जम्मू कश्मीर के हाल के दिनों में आतंकियों ने सुरक्षाबलों और आम नागरिकों को निशाना बनाने के लिए फिरन और बुर्के का सहारा लेना शुरू किया है. चाहे वह कश्मीर में कृष्णा ढाबे पर हमला हो या फिर शोपियां में दो पुलिस वालों पर हुआ हमला हो.
फिरन में हथियार छिपाकर घटना को अंजाम
आतंकियों ने फिरन में हथियार छुपाकर इन घटनाओं को अंजाम दिया है. कश्मीर में आतंकी वहां के पारंपरिक फिरन और बुर्के को कवच बनाकर जिस तरह तरह से आतंकी घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं उसे देखते हुए जम्मू में शिवसेना ने फिरन और बुर्के को प्रतिबंधित करने की मांग की है. शिवसेना के जम्मू कश्मीर के अध्यक्ष मनीष सिन्हा के मुताबिक राष्ट्रीय सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए सरकार को जल्द ही फिरन और बुर्के को प्रतिबंधित कर देना चाहिए.
मनीष साहनी के मुताबिक पहले ही कई देश इस तरह की वेशभूषा को प्रतिबंधित कर चुके हैं और ऐसे में अब जम्मू कश्मीर में भी इसी दिशा में कदम उठाया जाना चाहिए. इसके साथ ही शिवसेना ने पाकिस्तान और भारत के बीच सीमा पर हुए युद्ध विराम को भी पाकिस्तान का ढोंग बताया.
शिवसेना ने दोहराया कि पाकिस्तान ने पहले भी कई बार इस तरह के युद्ध विराम की घोषणा की थी. लेकिन उसके साथ ही पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज नहीं आया. शिवसेना के मुताबिक समय आ गया है जब भारत को पाकिस्तान को उसकी सही औकात दिखा देनी चाहिये.
ये भी पढ़ें: जम्मू में असंतुष्ट नेताओं का जमावड़ा, कपिल सिब्बल बोले- कमजोर होती कांग्रेस को मजबूत करना है
पाकिस्तान ने कहा- भारत के साथ सभी मुद्दों का चाहते हैं शांतिपूर्ण समाधान
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL






















