'अमीरों का कुछ नहीं बिगड़ेगा, गरीबों के बच्चे...', जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं के लिए शशि थरूर का ओपन लेटर
Shashi Tharoor: सोनम वांगचुक और कॉकरोच जनता पार्टी के कुछ सदस्य जंतर-मंतर पर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं. इस बीच शशि थरूर ने युवाओं के लिए एक ओपन लेटर लिखा है.

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं के समर्थन में एक ओपन लेटर लिखा है. उन्होंने इसे बुधवार (15 जुलाई) को सोशल मीडिया पर शेयर किया. थरूर ने परीक्षा प्रणाली की निष्पक्षता और युवाओं के भविष्य को लेकर गहरी चिंता जाहिर की. उन्होंने कहा कि वे यह लेटर किसी नेता या सांसद के रूप में नहीं, बल्कि एक ऐसे व्यक्ति के तौर पर लिख रहे हैं जो देश के युवाओं के साथ हो रही घटनाओं से बेहद व्यथित है.
शशि थरूर ने अपने परिवार और शुरुआती जीवन का जिक्र करते हुए लिखा, 'मैं एक मिडिल क्लास में परिवार में पैदा हुआ. मेरे पिता एक अखबार के कर्मचारी थे और मेरी मां गृहिणी थीं. तीन बच्चों की पढ़ाई एक ही इनकम से चलती थी. हमारे जैसे परिवार के लिए मेरिट कोई नारा नहीं था, बल्कि आगे बढ़ने का एकमात्र रास्ता था. छात्रवृत्ति और निष्पक्ष परीक्षाएं ही हमारे सपनों का सहारा थे.'
उन्होंने कहा कि उनकी पूरी शिक्षा और करियर मेहनत तथा निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था की बदौलत आगे बढ़े. 'मुझे कुछ भी विरासत में नहीं मिला, सब कुछ कड़ी मेहनत और परीक्षाओं के जरिए ही हासिल किया.'
अमीरों के बच्चों का नहीं होता नुकसान, गरीब टूट जाते हैं - शशि थरूर
परीक्षा में गड़बड़ियों पर चिंता जताते हुए थरूर ने लिखा, 'निष्पक्ष और मेरिट आधारित व्यवस्था ही लोवर और मिडिल इनकम वाले परिवारों के युवाओं के लिए आगे बढ़ने की सीढ़ी है. जब यह सीढ़ी टूट जाती है, पेपर लीक होते हैं, परीक्षाएं रद्द होती हैं और भरोसा खत्म हो जाता है, तो अमीर और ताकतवर लोगों के बच्चों को नुकसान नहीं होता, क्योंकि उनके पास आगे बढ़ने के दूसरे रास्ते होते हैं. लेकिन गरीब और मध्यम वर्ग के युवाओं के सपने और उनके परिवारों के त्याग के साथ धोखा होता है.'
An Open Letter to the Jantar Mantar protestors:
— Shashi Tharoor (@ShashiTharoor) July 15, 2026
My dear young friends,
I address you today not as a politician or an MP, but as someone deeply troubled by what is happening to your generation of young Indians.
This is personal for me. I was born to a middle-class family: my…
वांगचुक के लिए क्या बोले शशि थरूर
थरूर ने सोनम वांगचुक का भी जिक्र किया. उन्होंने वांगचुक से अनशन खत्म करने की अपील की. थरूर ने कहा, 'आपने देश की अंतरात्मा को जगा दिया है. अब भारत को आगे की लंबी लड़ाई के लिए आपकी आवाज की जरूरत है. संसद का सत्र शुरू होने जा रहा है, जहां छात्रों के मुद्दे लोकतंत्र के सर्वोच्च मंच पर उठाए जाएंगे. इसलिए मैं आपसे आग्रह करता हूं कि अपना अनशन खत्म करें.'
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