कौन संभालेगा देश की बड़ी तेल कंपनी ONGC की कमान? 7 नामों पर फैसला जल्द
ONGC के नए चेयरमैन की चयन प्रक्रिया में 7 उम्मीदवार शॉर्टलिस्ट हुए हैं. ऑयल इंडिया के CMD रंजीत रथ प्रमुख दावेदारों में हैं. जानें उम्र सीमा, उम्मीदवारों और चयन प्रक्रिया की पूरी जानकारी.

सरकारी तेल और गैस कंपनी ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्पोरेशन (ONGC) को जल्द ही नया चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मिल सकता है. मौजूदा चेयरमैन एवं एमडी अरुण कुमार सिंह का कार्यकाल दिसंबर 2026 में खत्म होना है. इससे पहले सरकार ने उनके उत्तराधिकारी के चयन की प्रक्रिया तेज कर दी है.
जानकारी के मुताबिक, इस पद के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों की शुरुआती स्क्रीनिंग के बाद अब सात नाम चयन प्रक्रिया में आगे बढ़े हैं. इन उम्मीदवारों का सर्च-कम-सिलेक्शन कमेटी के सामने इंटरव्यू हो सकता है.
18 उम्मीदवारों में से 7 नाम हुए शॉर्टलिस्ट
चयन प्रक्रिया से जुड़े लोगों के मुताबिक 18 अगस्त को कुल 18 उम्मीदवारों की स्क्रीनिंग की गई थी. इसके बाद दूसरे चरण के लिए सात उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट किया गया है. अब इन्हीं उम्मीदवारों में से ONGC के नए प्रमुख का चयन किया जाएगा. इस रेस में ऑयल इंडिया लिमिटेड के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर रंजीत रथ को प्रमुख दावेदारों में माना जा रहा है. 54 वर्षीय रथ ONGC के शीर्ष पद के लिए दूसरी बार कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने पिछले साल भी इस पद के लिए आवेदन किया था, लेकिन उस समय सरकार ने अरुण कुमार सिंह का कार्यकाल बढ़ाने का फैसला किया था.
शॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवारों में ONGC विदेश लिमिटेड (OVL) के एमडी राजर्षि गुप्ता, ONGC के टेक्नोलॉजी और रीजनल सर्विसेज डायरेक्टर विक्रम सक्सेना, तथा ONGC के स्ट्रैटेजी और कॉर्पोरेट अफेयर्स डायरेक्टर सत्यम कुमार शामिल हैं. इसके अलावा OVL के ऑपरेशंस डायरेक्टर दुलाल हलदर, MRPL के डायरेक्टर (फाइनेंस) देवेंद्र कुमार और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के डायरेक्टर (मार्केटिंग) एसपी श्रीवास्तव भी शॉर्टलिस्ट किए गए हैं. इस तरह कुल सात उम्मीदवार ONGC के सबसे बड़े पद के लिए चयन प्रक्रिया में आगे हैं.
उम्र सीमा में एक बार मिली विशेष छूट
इस बार ONGC के चेयरमैन पद की चयन प्रक्रिया में उम्र की शर्त को लेकर भी काफी चर्चा है. सरकार ने एक बार के लिए अधिकतम उम्र सीमा में बदलाव किया है. इसके तहत ऐसे उम्मीदवारों को आवेदन का मौका दिया गया, जिनकी उम्र रिक्ति की तारीख यानी 7 दिसंबर 2026 को 59 साल से अधिक नहीं होनी थी. आमतौर पर आंतरिक उम्मीदवारों के लिए अधिकतम उम्र सीमा 58 वर्ष और बाहरी उम्मीदवारों के लिए 57 वर्ष बताई गई है. वहीं सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों में अधिकारियों की सामान्य सेवानिवृत्ति उम्र 60 वर्ष होती है.
राजर्षि गुप्ता की उम्र को लेकर उठे सवाल
शॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवारों में राजर्षि गुप्ता का नाम होने के कारण उम्र सीमा को लेकर सवाल उठ रहे हैं. उपलब्ध जानकारी के अनुसार 7 दिसंबर 2026 को उनकी उम्र करीब 59 साल और पांच महीने होगी. ऐसे में चयन प्रक्रिया से जुड़े कुछ लोगों का मानना है कि जिन उम्मीदवारों ने उम्र सीमा के कारण आवेदन नहीं किया, वे गुप्ता की नियुक्ति होने पर प्रक्रिया को चुनौती देने की कोशिश कर सकते हैं. हालांकि, यह फिलहाल संभावित आपत्ति है और अंतिम नियुक्ति से पहले चयन प्रक्रिया का परिणाम सामने आना बाकी है. विज्ञापन में कहा गया था कि रिक्ति की तारीख पर उम्मीदवार की अधिकतम उम्र 59 वर्ष होनी चाहिए. इसके बाद 60 वर्ष से आगे की सेवा या विस्तार अलग व्यवस्था के तहत किया जा सकता है.
तीन सदस्यीय कमेटी करेगी चयन
ONGC के नए चेयरमैन और एमडी का चयन तीन सदस्यीय सर्च-कम-सिलेक्शन कमेटी करेगी. इसमें पब्लिक एंटरप्राइजेज सिलेक्शन बोर्ड (PESB) के चेयरपर्सन, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के सचिव और इंडियन ऑयल के एक पूर्व चेयरमैन बतौर बाहरी विशेषज्ञ शामिल हैं. सरकार ने इस प्रक्रिया के दौरान शैक्षणिक योग्यता से जुड़े नियमों में भी बदलाव किया है. नए प्रावधानों के मुताबिक उम्मीदवार के पास इंजीनियरिंग, चार्टर्ड अकाउंटेंसी या कॉस्ट अकाउंटेंसी में डिग्री के साथ फर्स्ट क्लास ग्रेजुएशन की योग्यता होनी चाहिए. इसके अलावा बड़े संस्थान से फुल-टाइम MBA या PGDIM जैसी योग्यता वाले उम्मीदवार भी पात्र हो सकते हैं.
रंजीत रथ को क्यों माना जा रहा है मजबूत दावेदार?
रंजीत रथ अगस्त 2022 से ऑयल इंडिया लिमिटेड के चेयरमैन और एमडी हैं. ऑयल इंडिया देश की प्रमुख सरकारी तेल एवं गैस खोज और उत्पादन कंपनियों में शामिल है. ONGC के शीर्ष पद के लिए उनका पहले भी नाम सामने आ चुका है. पिछले साल आवेदन करने के बाद रथ का चयन नहीं हुआ था क्योंकि सरकार ने अरुण कुमार सिंह को एक साल का अतिरिक्त कार्यकाल देने का फैसला किया. अब सिंह का विस्तारित कार्यकाल दिसंबर 2026 में समाप्त होने वाला है, इसलिए ONGC के नए प्रमुख की तलाश फिर शुरू हुई है.
ONGC में पहले भी हुई है नेतृत्व को लेकर उठापटक
ONGC में शीर्ष नेतृत्व को लेकर पिछले कुछ वर्षों में बदलाव देखने को मिले हैं. अप्रैल 2021 से दिसंबर 2022 के बीच कंपनी में कोई पूर्णकालिक प्रमुख नहीं था और इस दौरान तीन अंतरिम चेयरमैन ने जिम्मेदारी संभाली थी. दिसंबर 2022 में अरुण कुमार सिंह ने ONGC के चेयरमैन और एमडी का पद संभाला था. इससे पहले वह भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) के चेयरमैन और एमडी रह चुके थे. वर्ष 2022 में उनके चयन के समय भी उम्र सीमा में विशेष छूट दी गई थी. पिछले साल उन्हें एक और साल का कार्यकाल दिया गया, जिसके बाद वह दिसंबर 2026 तक कंपनी का नेतृत्व कर सकते हैं.





















