महाराष्ट्र सरकार में मंत्री धनंजय मुंडे को पड़ा दिल का दौरा, ब्रीच कैंडी अस्पताल में किया गया भर्ती
महाराष्ट्र के सामाजिक न्याय मंत्री और एनसीपी के नेता धनंजय मुंडे को दिल का दौरा पड़ने की खबर मिली है उनको माइनर अटैक आया है इसके बाद उनको ब्रिज कैंडी अस्पताल में एडमिट कराया गया है.

महाराष्ट्र के सामाजिक न्याय मंत्री और एनसीपी के नेता धनंजय मुंडे दिल का दौरा पड़ने की खबर मिली है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार धनंजय मुंडे को माइनर अटैक आया है. इसके बाद उनको ब्रिज कैंडी अस्पताल में एडमिट कराया गया है. इसी बीच उनके स्वास्थ्य की जानकारी लेने के लिये प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे जल्द ही ब्रिज केंडी अस्पताल पहुँच रहे हैं. हमें उनके स्वास्थ्य से जुड़ी और जानकारी का इंतजार है.
धनंजय मुंडे, दिवंगत नेता गोपीनाथ मुंडे के भतीजे हैं. उन्होंने अपने सियासी करियर की शुरुआत बीजेपी की युवा इकाई भारतीय जनता युवा मोर्चा से जुड़कर की थी. साल 2012 में उन्होंने बीजेपी छोड़ दी और एनसीपी से जुड़ गए. 2014 में उन्हें विधान परिषद का सदस्य बनाया गया. उसी साल उन्होंने विधान सभा का चुनाव भी लड़ा लेकिन अपनी चचेरी बहन और गोपीनाथ मुंडे की बेटी पंकजा से चुनाव हार गए. 2019 में बीड की परली सीट से उनका मुक़ाबला फिर एक बार पंकजा मुंडे से हुआ और इस बार वे चुनाव जीत गए.
बहन के खिलाफ दिया था विवादित बयान
अपनी बहन के ख़िलाफ़ चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने कथित तौर पर एक ऐसा बयान दिया जिससे विवाद खड़ा हो गया. उनके बयान का वीडीयो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था. इसके बाद बीजेपी के एक नेता ने उनके ख़िलाफ़ पुलिस में शिकायत दर्ज करायी थी. मुंडे के ख़िलाफ़ मानहानि और महिला से अभद्र व्यवहार का मामला दर्ज किया गया.चुनाव आयोग से भी इस मामले की शिकायत की गयी. हालांकि धनंजय मुंडे ने वीडियो पर सफ़ाई देते हुए कहा कि उनके बयान के साथ छेड़छाड़ हुई है और वीडीयो को एडिट किया गया है.
लगा था शादी का झांसा देकर रेप करने का आरोप
उन पर एक महिला ने शादी का झांसा देकर रेप और डराने धमकाने का आरोप लगाया था. हालांकि विवाद के बारे में मुंडे ने आरोप लगाने वाली महिला की बहन के साथ अपने रिश्ते की बात स्वीकार की थी. उनका कहना था कि उसके बच्चों को उन्होंने अपना नाम भी दिया है. मुंडे के मुताबिक़ पूरा मामला अदालत में है और उनको ब्लैकमेल करने की कोशिश की जा रही थी.
उद्धव ठाकरे सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं
चुनाव जीतने के बाद उन्हें महाराष्ट्र की महाविकास गठबंधन सरकार में कैबिनेट दर्जे का मंत्री बनाया गया. मुंडे उप मुख्यमंत्री अजीत पवार के करीबी माने जाते हैं. साल 2019 में जब एक दिन सुबह-सुबह अजीत पवार ने पार्टी से बग़ावत करके देवेंद्र फड़नवीस के साथ मंत्रिपद की शपथ ले ली थी तब उस साज़िश में धनंजय मुंडे की भी भूमिका मानी गयी.
जिन 12 विधायकों को शपथ दिलाते वक्त राज भवन ले ज़ाया गया था उन्हें पहले धनंजय मुंडे के सरकारी बंगले पर बुलाया गया था. बग़ावत के बाद जब शरद पवार ने बाग़ियों के ख़िलाफ़ दल बदल क़ानून के तहत कार्रवाई की धमकी दी तो एक-एक कर सभी विधायक वापस पार्टी में लौट आए जिनमे धनंजय मुंडे भी शामिल थे.
स्मोक बम और गोलियों की तड़तहाड़ से गूंजा न्यूयॉर्क सबवे स्टेशन, देखें हादसे की खौफनाक तस्वीरें






















