'चीन ने भारत के अंदर एक गांव विकसित किया है', BJP के पुराने ट्वीट को री-ट्वीट कर बोले सुब्रमण्यम स्वामी
Subramanian Swamy ने पहले भी केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया था. उन्होंने कहा था कि साल 1962 में नेहरू को विनम्र तरीके से अपशब्द कहे गए थे. क्या मोदी को भी वैसे ही संबोधित किया जाना चाहिए.

Subramanian Swamy On India-China Faceoff: भारत और चीन के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है. अरुणाचल के तवांग सेक्टर में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद मोदी सरकार को आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है. पहले विपक्ष ने मोदी सरकार को निशाने पर लिया तो वहीं अब बीजेपी नेता ही अपनी पार्टी को कटघरे में खड़ा कर दिया है. पूर्व राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने सरकार को निशाने पर लेते हुए कहा कि चीन ने भारत के अंदर एक गांव विकसित किया है.
दरअसल, बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने बीजेपी अरुणाचल प्रदेश (BJP Arunachal Pradesh Twitter) के ऑफिशियल ट्विटर हैंडल के एक पुराने ट्वीट को री-ट्वीट किया. बीजेपी अरुणाचल प्रदेश ने 23 जनवरी, 2021 को ट्विटर पर विरोध प्रदर्शन की कुछ तस्वीरों को पोस्ट करते हुए लिखा था, "बीजेपी अरुणाचल प्रदेश ने भारतीय क्षेत्र के अंदर अवैध रूप से एक गांव स्थापित करने के लिए चीन के खिलाफ विरोध शुरू किया और उसकी कड़ी निंदा की." ट्वीट में आगे लिखा, "अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न अंग था, है और रहेगा."
'शी से हाथ कौन मिला रहा था?'
इसी ट्वीट को सुब्रमण्यम स्वामी ने री-ट्वीट किया और लिखा, "इससे यह खुलासा होता है कि चीन ने भारत के अंदर एक गांव विकसित किया है. तो कौन सो रहा था या शी से हाथ मिला रहा था?" स्वामी के इस ट्वीट पर यूजर्स खूब कमेंट कर रहे हैं. रोमिल सिंगल नाम के यूजर ने लिखा, "क्षेत्र को नेहरू ने चीन को गिफ्ट में दिया था." एक अन्य यूजर ने लिखा, "सर, इस ट्वीट के बाद आपकी ही पार्टी के नेता आपको देशद्रोही घोषित कर देंगे.. सच तो यह है कि गुजरात में मोदी जी का जनसंपर्क कार्यक्रम पूरा होने के बाद ही उन्होंने इसका खुलासा किया."
This is a revelation that China has developed a village inside India. So who was sleeping or shaking hands with Xi? https://t.co/Fjc1jcfd6w
— Subramanian Swamy (@Swamy39) December 14, 2022
विनोद त्रिवेदी ने लिखा, "सुब्रमण्यम स्वामी सर हम सभी भारतीयों और आप भी सरकार को दोष देना बंद करें, अगर आपके पास चीन से निपटने की अधिक शक्ति है तो आप अपनी तरफ से कुछ क्यों नहीं कर रहे हैं. हम आपके साथ हैं."
पीएम मोदी पर साधा निशाना
सुब्रमण्यम स्वामी ने 13 दिसंबर को भी केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया था. उन्होंने ट्वीट किया, ''मंत्री संसद में जवाब क्यों दें, जब मोदी मुख्यमंत्री रहते और फिर प्रधानमंत्री बनने के बाद से चीन के साथ नजदीकियां बढ़ी हैं. सुब्रमण्यम स्वामी ने एक दूसरे ट्वीट के जरिए भी सरकार को कठघरे में खड़ा किया है. उन्होंने लिखा, ''साल 1962 में नेहरू को विनम्र तरीके से अपशब्द कहे गए थे. क्या मोदी को इसी विशेषण से संबोधित किया जाना चाहिए?''
तवांग में हुआ टकराव
गौरतलब है कि अरुणाचल प्रदेश के तवांग में भारत और चीन के सैनिकों के बीच 9 दिसंबर की रात को झड़प हुई थी, जिसमें भारतीय सेना और चीनी सेना के कुछ सैनिक जख्मी हुए थे. इस घटना पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने संसद में कहा कि 9 दिसंबर को यथास्थिति बदलने की कोशिश हुई थी. उन्होंने कहा, "इस फेस-ऑफ में झड़प हुई और भारतीय सेना ने बहादुरी से चीनी सैनिकों (PLA) को हमारे इलाके में अतिक्रमण करने से रोका और उन्हें उनकी पोस्ट पर लौटने के लिए मजबूर कर दिया. इस दौरान दोनों तरफ के सैनिकों को चोटें आई हैं."
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