एक्सप्लोरर

CAA Rules Notification: संसद से लेकर लागू होने तक, 5 साल की पूरी टाइमलाइन, पढ़ें नागरिकता संशोधन विधेयक पर कब-कब क्या- क्या हुआ

साल 2019 में 9 और 11 दिसंबर को लोकसभा ने नागरिकता संशोधन विधेयक को मंजूरी दे दी. इसके बाद 12 दिसंबर को राष्ट्रपति ने भी इसे मान्यता दे दी और इसी दिन सीएए का नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया.

नागरिकता (संशोधन) विधेयक, CAA सोमवार (11 मार्च, 2024) को देशभर में लागू हो गया है. इसके तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आए गैल-मुस्लिमों को भारत की नागरिकता दी जाएगी. इनमें हिंदू, बौद्ध, सिख, ईसाई, पारसी और जैन धर्म के लोग शामिल हैं. 2019 में यह कानून लाया गया था. राष्ट्रपति से कानून को मान्यता भी मिल गई, लेकिन इसे लागू नहीं किया जा सका. कानून को लेकर कई राज्यों में खूब विरोध प्रदर्शन हुए थे, जिसके चलते इसको लागू नहीं किया जा सका था.

सीएए लागू होने के बाद विपक्षी दल केंद्र सरकार को घेरने में लगे हैं. उनका कहना है कि सरकार ने जानबूझकर चुनाव से ठीक पहले इसे लागू किया है. आइए जानते हैं सीएए लागू होने का चुनाव पर क्या प्रभाव पड़ सकता है-
- आगामी चुनावों के दौरान ध्रुवीकरण
- इससे यह छवि बनेगी कि पार्टी अपनी विचारधारा और वादे पर सख्ती से कायम है
- इससे बीजेपी का कोर वोटर मजबूत होगा
- इसका मुख्य असर पश्चिम बंगाल और असम में देखने को मिलेगा

क्यों लाया गया सीएए
नागरिकता (संशोधन) विधेयक का उद्देश्य पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी या ईसाई समुदाय के प्रवासियों को नागरिकता प्रदान करना है. इसके तहत 31 दिसबंर 2014 या उससे पहले भारत आए लोगों की ही मान्यता दी जाएगी. विधेयक भारत में किसी भी अल्पसंख्यक के खिलाफ नहीं है और हर भारतीय नागरिक के अधिकारों को समान रूप से संरक्षित किया जाएगा.

पहली बार कब लाया गया सीएए
साल 2019 में सरकार ने लोकसभा में विधेयक पेश किया था और 9 दिसंबर इसे पारित कर दिया गया. इसके बाद 11 दिसंबर, 2019 को राज्यसभा से भी कानून को मंजूरी मिल गई. 12 दिसंबर को राष्ट्रपति ने भी इसे मान्यता दे दी और इसी दिन सीएए का नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया और सरकार ने कहा कि 10 जनवरी 2020 से CAA कानून लागू हो जाएगा, लेकिन ऐसा हुआ नहीं. सरकार की तरफ से कहा गया कि नियम तैयार नहीं हो सके हैं इसलिए इसे लागू नहीं किया जा सका. राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद 6 महीने के अंदर कानून को अमली-जामा पहनाया जाना होता है. जनवरी 2024 में गृह मंत्रालय को नागरिकता संशोधन अधिनियम, 2019 के नियमों को तैयार करने के लिए लोकसभा में अधीनस्थ कानून पर संसदीय समिति से एक और विस्तार मिला था.

नागरिकता संशोधन कानून का विरोध
 नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन हुए थे.  दिसंबर 2019 से CAA के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया था और मार्च, 2020 तक कोरोना महामारी जारी रही. सबसे ज्यादा विरोध मुस्लिम समुदाय की ओर से देखा गया. सबसे ज्यादा विरोध प्रदर्शन असम, दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय, शाहीन बाग, पश्चिम बंगाल, यूपी और कर्नाटक में देखे गए. कई जगह हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए, जिसमें 60 से अधिक लोग मारे गए और लगभग 200 लोग घायल हुए. इसके चलते देशभर में 3000 से अधिक लोगों की गिरफ्तारी हुई.

नागरिकता संशोधन विधेयक के समर्थन में रैलियां और प्रदर्शन
 नई दिल्ली, मुंबई, नागपुर, बेंगलुरु, देहरादून और कई अन्य स्थानों पर सीएए के समर्थन में रैलियां और प्रदर्शन आयोजित किए गए. दिसंबर, 2019 में कोलकाता में एक रैली का नेतृत्व भाजपा के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा ने किया और इसमें पाकिस्तान और बांग्लादेश से प्रताड़ित हिंदू शरणार्थियों ने भाग लिया. इन रैलियों में सीएए के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की निंदा की गई और सीएए पर निर्णय लेने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना की गई.

इन राज्यों में CAA के विरोध में प्रस्ताव पास
सीएए के खिलाफ 6 राज्यों में प्रस्ताव पास किया गया है. इनमें केरल, पंजाब, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, पुडुचेरी, तेलंगाना शामिल हैं. इन राज्यों की विधानसभा में सीएए लागू न करने की प्रस्ताव पास किया जा चुका है.

यह भी पढ़ें:-
CAA Portal Launch: गैर-मुस्लिमों को भारत की नागरिकता के लिए कैसे करना होगा एप्‍लाई, फॉर्म से फीस तक, जानें पूरा प्रोसेस

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

बाहर खाने वाले हो जाएं सतर्क! KFC के चिकन में बदबू, बासी होने का आरोप
बाहर खाने वाले हो जाएं सतर्क! KFC के चिकन में बदबू, बासी होने का आरोप
सोनिया गांधी के खिलाफ शिकायत दर्ज, 'वंदे मातरम्' के कथित अपमान का आरोप
सोनिया गांधी के खिलाफ शिकायत दर्ज, 'वंदे मातरम्' के कथित अपमान का आरोप
15 अगस्त पर दर्दनाक हादसा, नौसेना जवान समेत परिवार के 4 सदस्यों की मौत
15 अगस्त पर दर्दनाक हादसा, नौसेना जवान समेत परिवार के 4 सदस्यों की मौत
'दिमागी नक्सली' पर कांग्रेस का पलटवार! जयराम रमेश ने कहा- क्या न्याय की...
'दिमागी नक्सली' पर कांग्रेस का पलटवार! जयराम रमेश ने कहा- क्या न्याय की...

वीडियोज

Amit Shah On Vande Matarm: वंदे मातरम् पर Amit Shah का कांग्रेस पर हमला, कहा - 'जनता से मांगे माफी'
Vande Mataram Controversy: वंदे मातरम् पर कांग्रेस को बीजेपी ने घेरा, कहा- 'संविधान का अपमान किया'
Jharkhand Student Protest Update: छात्रों को नहीं सुन रही हेमंत सरकार! | Hemant Soren | ABP News
Akhil Sachdeva ने खोला राज, Emraan Hashmi ने खुद किया था Call; Awarapan 2 का गाना होगा खास
Awarapan 2 ने Batwara 1947 को पछाड़ा, Sunny Deol की फिल्म पर भारी पड़ी Emraan Hashmi की Movie

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'शर्म बची है तो माफी मांग लें', वंदे मातरम को लेकर अमित शाह का कांग्रेस पर तंज
'शर्म बची है तो माफी मांग लें', वंदे मातरम को लेकर अमित शाह का कांग्रेस पर तंज
2027 से पहले मायावती के सामने ये बड़ी चुनौती! कैसे साधेंगी सोशल इंजीनियरिंग का फॉर्मूला?
2027 से पहले मायावती के सामने ये बड़ी चुनौती! कैसे साधेंगी सोशल इंजीनियरिंग का फॉर्मूला?
1994 से जिस टीम को नहीं हरा पाई भारत, हॉकी वर्ल्ड कप में अगला मैच उसी के साथ
1994 से जिस टीम को नहीं हरा पाई भारत, हॉकी वर्ल्ड कप में अगला मैच उसी के साथ
तारक मेहता फेम एक्ट्रेस बिना मेकअप हुईं स्पॉट, आपको याद है ये सोनू?
तारक मेहता फेम एक्ट्रेस बिना मेकअप हुईं स्पॉट, आपको याद है ये सोनू?
वाराणसी एयरपोर्ट पर कैसे चली गोली? जानें हादसे की पूरी कहानी
वाराणसी एयरपोर्ट पर कैसे चली गोली? जानें हादसे की पूरी कहानी
Smoking Side Effects: क्या पहली ही सिगरेट से खराब होने लगते हैं फेफड़े? जानें सच
क्या पहली ही सिगरेट से खराब होने लगते हैं फेफड़े? जानें सच
'दोस्तों को खिलाना मेरी दिनचर्या', मोर को दाना खिलाते दिखे PM मोदी
'दोस्तों को खिलाना मेरी दिनचर्या', मोर को दाना खिलाते दिखे PM मोदी
मोबाइल की ब्लू लाइट से बचाएगा ये स्क्रीन प्रोटेक्टर? जानें सच्चाई
मोबाइल की ब्लू लाइट से बचाएगा ये स्क्रीन प्रोटेक्टर? जानें सच्चाई
Embed widget