एक्सप्लोरर

Shivling Puja: शिवलिंग के सामने ताली बजाना पुण्य है या पाप? जानें 3 ताली का वो रहस्य जो बहुत कम लोग जानते हैं

Clapping In Front Of Shivling: शिवलिंग के सामने नियम से 3 बार ताली बजाने से सुख-समृद्धि आती है, लेकिन तेज आवाज से शिव जी का ध्यान भंग न करें. जानें इसका सही तरीका, धार्मिक महत्व और वैज्ञानिक लाभ.

Clapping In Front Of Shivling: सनातन धर्म में देवों के देव महादेव की पूजा-अर्चना का विशेष महत्व है. भगवान शिव को भोलेनाथ कहा जाता है, क्योंकि वे मात्र एक लोटा जल और बेलपत्र से भी प्रसन्न हो जाते हैं. शिव मंदिरों में अमूमन हम देखते हैं कि श्रद्धालु पूजा या आरती के दौरान शिवलिंग के सामने खड़े होकर जोर-जोर से ताली बजाते हैं. कुछ लोग इसे भक्ति का हिस्सा मानते हैं, तो कुछ इसे परंपरा का नाम देते हैं.

लेकिन क्या शिवलिंग के सामने ताली बजाना वास्तव में सही है? ज्योतिष शास्त्र और पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इसका क्या महत्व है और इसके क्या लाभ या नुकसान हो सकते हैं? आइए देश के जाने-माने ज्योतिषियों और शास्त्रों के अनुसार इसका वास्तविक महत्व विस्तार से समझते हैं.

शिवलिंग के सामने ताली बजाने की पौराणिक मान्यता

पौराणिक कथाओं और सनातन परंपरा के अनुसार, मंदिर में ताली बजाने की प्रथा के पीछे मुख्य रूप से दो कारण माने जाते हैं:

भगवान का ध्यान आकर्षित करना: ऐसा माना जाता है कि जब भक्त मंदिर में प्रवेश करता है, तो ताली बजाकर या घंटा बजाकर वह ईश्वर के समक्ष अपनी उपस्थिति दर्ज कराता है. यह इस बात का प्रतीक है कि 'हे प्रभु, मैं आपके द्वार पर आया हूं, मेरी पुकार सुनिए.'

नकारात्मक ऊर्जा का नाश: शास्त्रों के अनुसार, ताली की ध्वनि से आसपास के वातावरण में मौजूद नकारात्मक शक्तियां और तामसिक ऊर्जा दूर भागती है. इससे मंदिर परिसर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है.

ज्योतिषाचार्य के अनुसार, शिवलिंग के सामने तीन बार ताली बजाने का नियम

ज्योतिष शास्त्र और शिव पुराण के जानकारों के अनुसार, शिवलिंग के पास मनमाने ढंग से ताली बजाना वर्जित माना गया है. यदि आप ताली बजाना ही चाहते हैं, तो इसके लिए 'तीन ताली' का एक विशेष नियम और महत्व बताया गया है.

प्राचीन मान्यताओं के अनुसार, लंकापति रावण ने भी महादेव को प्रसन्न करने के लिए तीन बार ताली बजाकर स्तुति की थी, जिससे उसे लंका का राजपाठ और अपार शक्तियां प्राप्त हुईं.

जानें तीन तालियों का रहस्य और लाभ:

  • पहली ताली (उपस्थिति दर्ज कराना): पहली ताली इस बात का संकेत है कि आप भगवान शिव के दरबार में आ चुके हैं. इससे महादेव का ध्यान भक्त की ओर आकर्षित होता है.

  • दूसरी ताली (मनोकामना पूर्ति): दूसरी ताली बजाने का उद्देश्य अपनी इच्छा या मनोकामना को भोलेनाथ के समक्ष रखना है. मान्यता है कि इससे घर की दरिद्रता दूर होती है और सुख-समृद्धि का वास होता है.

  • तीसरी ताली (शरण और सुरक्षा): तीसरी ताली इस बात का प्रतीक है कि भक्त स्वयं को पूरी तरह से महादेव के चरणों में समर्पित कर रहा है. ऐसा करने से जातक को जीवन के संकटों से मुक्ति मिलती है और भगवान शिव की कृपा दृष्टि सदैव बनी रहती है.

क्या शिवलिंग के पास जोर से ताली बजाना गलत है? (सावधानी और निषेध)

जहां एक तरफ तीन बार नियमपूर्वक ताली बजाने के लाभ बताए गए हैं, वहीं ज्योतिषियों ने शिवलिंग के बिल्कुल करीब जाकर जोर-जोर से ताली बजाने या शोर मचाने को लेकर कड़ी चेतावनी भी दी है. इसके पीछे मुख्य धार्मिक और व्यावहारिक कारण निम्नलिखित हैं:

महादेव की समाधि में विघ्न: भगवान शिव को तंत्र, मंत्र और ध्यान का देवता माना जाता है. वे अक्सर गहरी समाधि (ध्यान) में लीन रहते हैं. शिवलिंग के पास जाकर तेज आवाज में ताली बजाने या चिल्लाने से महादेव के ध्यान में विघ्न पड़ता है, जिसे शास्त्रों में अपराध माना गया है. ऐसा करने से पुण्य मिलने के बजाय दोष लग सकता है.

आरती के समय की अनुमति: शास्त्रों के अनुसार, जब मंदिर में सामूहिक आरती हो रही हो, तब ढोल-नगाड़ों और शंख की ध्वनि के साथ ताली बजाना शुभ माना जाता है. लेकिन एकांत पूजा या जल चढ़ाते समय शांति बनाए रखना अनिवार्य है.

भक्तों को क्या करना चाहिए?

आप भी शिव मंदिर जाते हैं, तो इस बात का विशेष ध्यान रखें कि भक्ति हमेशा शालीनता और मर्यादा में होनी चाहिए. शिवलिंग पर जल, बेलपत्र और धतूरा अर्पित करते समय पूरी तरह शांत रहें और मन ही मन 'ॐ नमः शिवाय' का जाप करें.

आप ताली बजाना चाहते हैं, तो शिवलिंग से थोड़ी दूरी बनाकर, अत्यंत शालीनता से केवल तीन बार ताली बजाएं. मंदिर की शांति को भंग न करें ताकि महादेव की कृपा आप पर और आपके परिवार पर सदैव बनी रहे.

यह भी पढ़े- Budh Vakri 2026: कल से बुध होंगे वक्री, किन राशियों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर? नौकरी, बिजनेस और शिक्षा पर जानें प्रभाव

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

हर्षिका मिश्रा, एस्ट्रोलॉजर

हर्षिका मिश्रा ABP Live में ‘ज्योतिष और धर्म’ बीट को कवर करने वाली एक डिजिटल पत्रकार हैं. ज्योतिष शास्त्र में 3 वर्षों के अनुभव के साथ, वे पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक संदर्भ में समझाने और पाठकों तक सटीक एवं संतुलित जानकारी पहुंचाने पर काम करती हैं.

नई दिल्ली स्थित AIMC से ‘टेलीविजन और रेडियो प्रोडक्शन’ में पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद, हर्षिका ने मीडिया जगत में अपनी एक विशिष्ट और प्रगतिशील पहचान बनाई है. पिछले एक वर्ष में उन्होंने ज्योतिष और धर्म से जुड़े विषयों पर निरंतर कार्य करते हुए एक स्पष्ट, सरल और भरोसेमंद लेखन शैली विकसित की है.

हर्षिका का कार्य पारंपरिक ज्योतिष को आज के समय की जरूरतों से जोड़ना है. वे वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष (Numerology), वास्तु शास्त्र और शकुन शास्त्र जैसे विषयों को केवल भविष्यवाणी तक सीमित नहीं रखतीं, बल्कि उन्हें Gen-Z की सोच, करियर से जुड़े निर्णयों और रिलेशनशिप की समझ के साथ एकीकृत करती हैं. उनका फोकस जटिल ज्योतिषीय अवधारणाओं को सरल, व्यावहारिक और उपयोगी रूप में प्रस्तुत करने पर रहता है.

वे मानती हैं कि ज्योतिष का उद्देश्य भय फैलाना नहीं, बल्कि व्यक्ति को सही समय (Timing) की समझ देकर बेहतर और संतुलित निर्णय लेने में सक्षम बनाना है. अपनी स्क्रिप्ट लेखन और वीडियो प्रोडक्शन की समझ के जरिए वे ग्रहों के गोचर और धार्मिक विश्लेषणों को एक ‘प्रैक्टिकल गाइड’ के रूप में प्रस्तुत करती हैं, जिससे पाठक उन्हें अपने जीवन में उतार सकें.

उनका लेखन श्रीमद्भगवद्गीता के कर्म सिद्धांत से प्रेरित है, जो जीवन में संतुलन और जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़ने का संदेश देता है. ज्योतिष और पत्रकारिता के अलावा, हर्षिका की रुचि संगीत, साहित्य और यात्राओं में है, जो उनके दृष्टिकोण को गहराई और विविधता प्रदान करती हैं.

हर्षिका का उद्देश्य ज्योतिष को अंधविश्वास के दायरे से बाहर निकालकर एक समझदारीपूर्ण, व्यावहारिक और जीवनोपयोगी मार्गदर्शक के रूप में स्थापित करना है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Shivling Puja: शिवलिंग के सामने ताली बजाना पुण्य है या पाप? जानें 3 ताली का वो रहस्य जो बहुत कम लोग जानते हैं
Shivling Puja: शिवलिंग के सामने ताली बजाना पुण्य है या पाप? जानें 3 ताली का वो रहस्य जो बहुत कम लोग जानते हैं
Ashadha Amavasya 2026: सोमवती और भौमवती अमावस्या में क्या अंतर है, कौन सी अमावस्या है सबसे बड़ी ?
सोमवती और भौमवती अमावस्या में क्या अंतर है, कौन सी अमावस्या है सबसे बड़ी ?
Sawan Mantra: राशि अनुसार जपें ये शिव मंत्र, सावन के पहले सोमवार मिलेगा शुभ फल
राशि अनुसार जपें ये शिव मंत्र, सावन के पहले सोमवार मिलेगा शुभ फल
Meen Weekly Rashifal 12- 18 July 2026: नौकरी में मिलेगा सहयोग, बिजनेस में नया प्रोडक्ट दिलाएगा बढ़त, क्या टलेंगी चुनौतियां?
नौकरी में मिलेगा सहयोग, बिजनेस में नया प्रोडक्ट दिलाएगा बढ़त, क्या टलेंगी चुनौतियां?
Advertisement

वीडियोज

DR. Aarambhi: 🤨Aarambhi और Dhruv के ठुमके देख Vishwas को लगी मिर्ची, रखी पैनी नज़र! #sbs
US Iran War | Crude Oil Price Hike | Israel: अमेरिका-ईरान महायुद्ध से सबसे खुश हैं नेतन्याहू!
US Iran War | Crude Oil Price Hike | Hormuz: ईरान ने बंद किया 'होर्मुज जलडमरूमध्य'!
Breaking News | Datia Bypoll 2026: दतिया की जंग कौन जीतेगा ? Narottam Mishra? | Congress | ABP
Breaking | US Iran War | America Attack Bahrain: खाड़ी में छिड़ गया 'विश्व युद्ध'!
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
अब भारत का कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा चीन-पाकिस्तान, दोस्त रूस का बड़ा ऑफर, बदलेगा एशिया का शक्ति संतुलन
अब भारत का कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा चीन-पाक, दोस्त रूस का बड़ा ऑफर, बदल जाएगा एशिया का शक्ति संतुलन
समाजवादी पार्टी पर भड़के कांग्रेस सांसद इमरान मसूद, कहा- 'मेरे ऊपर चार चिंटू...'
समाजवादी पार्टी पर भड़के कांग्रेस सांसद इमरान मसूद, कहा- 'मेरे ऊपर चार चिंटू...'
'बच्चा-बच्चा कट मरेगा...', पाकिस्तान के खिलाफ PoK में जनसैलाब, मुजफ्फराबाद मार्च लिखेगा आजादी की नई पटकथा
'बच्चा-बच्चा कट मरेगा...', पाकिस्तान के खिलाफ PoK में जनसैलाब, मुजफ्फराबाद मार्च लिखेगा आजादी की नई पटकथा
सलमान खान का नया काउबॉय लुक हुआ वायरल, पेंडेंट ने खींचा सबका ध्यान, फैंस बोले- टशन में रहते हैं
सलमान खान का नया काउबॉय लुक हुआ वायरल, पेंडेंट ने खींचा सबका ध्यान, फैंस बोले- टशन में रहते हैं
गौतम गंभीर-श्रेयस अय्यर को हटाने को लेकर ये क्या बोल गए संजय मांजरेकर, बताया किसकी वजह से हारा भारत
गौतम गंभीर-श्रेयस अय्यर को हटाने को लेकर ये क्या बोल गए संजय मांजरेकर, बताया किसकी वजह से हारा भारत
Lindsey Graham Death: 'अचानक मौत के लिए तैयार रहो', ट्रंप के करीबी के मारे जाने के बाद ईरान की खौफनाक चेतावनी
'अचानक मौत के लिए तैयार रहो', ट्रंप के करीबी के मारे जाने के बाद ईरान की खौफनाक चेतावनी
राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस में सुप्रीम कोर्ट ने SIT से मांगी जांच रिपोर्ट, 20 जुलाई को सुनवाई
राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस में सुप्रीम कोर्ट ने SIT से मांगी जांच रिपोर्ट, 20 जुलाई को सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट ने पलटा गुवाहाटी हाई कोर्ट का फैसला, 27 लोगों को विदेशी घोषित करने पर लगाई रोक
सुप्रीम कोर्ट ने पलटा गुवाहाटी हाई कोर्ट का फैसला, 27 लोगों को विदेशी घोषित करने पर लगाई रोक
Embed widget