जासूसी के आरोप में पकड़े जाने पर पाकिस्तान में क्या मिलती है सजा? सुनकर दंग रह जाएंगे आप
Punishment For Spying Against Pakistan: जिस तरीके से भारत के खिलाफ जासूसी करने वाले को देश में सजा दी जाती है, उसी तरीके से पाकिस्तान भी उसके खिलाफ जासूसी करने वाले को कड़ी सजा देता है.

भारत में ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारतीय एजेंसियां सक्रिय हैं और हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं. अगर कहीं भी किसी के भी खिलाफ कुछ शक होता है तो तुरंत उससे पूछताछ की जाती है. इसी क्रम में हाल ही में एक यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा को गिरफ्तार किया गया है. इसके अलावा और भी पांच लोग गिरफ्तार हुए हैं जो कि भारत में रहकर पाकिस्तान के खिलाफ जासूसी कर रहे थे. इन पर आरोप सिद्ध होने पर जेल और जुर्माना दोनों हो सकता है. चलिए जानें कि पाकिस्तान में जासूसी के आरोप में पकड़े जाने पर कितनी सजा मिलती है.
अजीत डोभाल भी रहे थे जासूस
दुनिया के कोई भी देश हों सभी जगह जासूसी आम बात है. भारत और पाकिस्तान एक दूसरे के खिलाफ देशों में जासूस भेजते रहते हैं और एक दूसरे के भेद जानने की कोशिश करते रहते हैं. दोनों देशों के बीच जासूसी के किस्सों पर कई फिल्में भी बन चुकी हैं. रियल लाइफ में भी कई भारतीय जासूसों के पाकिस्तान से जुड़े किस्से सामने आए हैं. कहते हैं कि मौजूदा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल खुद एक जासूस रह चुके हैं. दावा तो यहां तक किया जाता है कि वे पाकिस्तान में छह साल तक अंडरग्राउंड भी रह चुके हैं.
पाकिस्तान में पकड़े गए भारत के जासूस
भारत के कई जासूस पाकिस्तान में पकड़े जा चुके हैं. कुलभूषण जाधव, सरबजीत सिंह, कश्मीर सिंह, सुरजीत सिंह, रवींद्र कौशिक ये कुछ बड़े नाम हैं जो कि भारत के जासूस रहे हैं जो कि पाकिस्तान में पकड़े जा चुके हैं. कुलभूषण जाधव अभी भी पाकिस्तान की गिरफ्त में हैं. सरबजीत सिंह 23 साल तक पाकिस्तान की जेल में रहे थे. उनकी बहन दलबीर कौर ने अभियान चलाकर भारत सरकार से रिहाई की कोशिश की थी, लेकिन भारत से बढ़ते दबाव के बीच पाकिस्तान की जेल में उसकी हत्या कर दी गई थी. कश्मीर सिंह 35 साल तक पाकिस्तान की जेल में रहे थे. ब्लैक टाइगर के नाम से मशहूर रवींद्र कौशिक की भी पाकिस्तान की जेल में मौत हो गई थी.
पाकिस्तान में जासूसी के लिए सजा
पाकिस्तान में जासूसी के लिए सजा का नियम क्या है इस बात की तो सही जानकारी नहीं मिल पाई है, लेकिन कम से कम तीन साल की तो सजा तय है, लेकिन कुछ केस में सजा बढ़ाई भी जा सकती है. इसके अलावा पाकिस्तान में भारत के जासूसों को जमकर टॉर्चर किया जाता है और मौत की सजा भी सुनाई जाती है. हालांकि कुछ केस में मौत की सजा को आजीवन कारावास में भी बदला गया है.
यह भी पढ़ें: क्या हमले के लिए एकदम तैयार रखे रहते हैं परमाणु हथियार या लगता है टाइम? भारत और पाकिस्तान में इसका प्रोसेस क्या है
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL






















