बुराड़ी से लेकर पंचकुला तक, ये हैं देश के रोंगटे खड़े कर देने वाले सामूहिक खुदकुशी के मामले
Mass Suicide Cases In India: बीती रात हरियाणा के पंचकूला में एक कार में सात लोगों के शव बरामद हुए हैं. सभी ने आत्महत्या कर ली है. लेकिन यह सामूहिक आत्महत्या का सिर्फ एक केस नहीं है.

हरियाणा के पंचकूला में एक ही परिवार के सात लोगों ने सामूहिक आत्महत्या कर के सभी को चौंका दिया है. माता-पिता, पति-पत्नी और तीन बेटों ने जहर खा लिया और सभी की मौत हो गई. इन लोगों ने जब ऐसा किया तो हर किसी को बुराडी केस याद आ गया, जहां एक ही घर में 11 लोगों की लाश एकसाथ मिली थी. यह मामला आज भी अनसुलझा है. लेकिन ये सिर्फ सामूहिक आत्महत्या के एक या दो केस नहीं है, बल्कि देश में ऐसे कई और केस हैं, जहां लोग सामूहिक रूप से जिंदगी की जंग हार गए.
कार के अंदर सात लाशें
पंचकूला में खड़ा कार के अंदर एक ही परिवार के सात लोगों की मौत हो गई. यह कार पंचकूला के सेक्टर-27 में एक रिहायशी इलाके में खड़ी थी और घटना सोमवार देर रात को हुई. जब पुलिस मौके पर पहुंची तो कार के अंदर कपल, तीन बच्चे और दो बुजुर्गों के शव थे. ये सभी पंचकूला में हनुमंत कथ सुनने के लिए गए थे और कार्यक्रम खत्म होने के बाद सभी ने कार में बैठकर जहर खा लिया. उनका परिवार आर्थिक तंगी और कर्ज के बोझ तले दबा हुआ था.
बुराडी कांड
1 जुलाई 2018 को दिल्ली के बुराडी इलाके में हुए सामूहिक हत्याकांड ने सभी को हिलाकर रख दिया था. यह भाटिया परिवार था, जहां 11 लोग रहते थे. तंत्र मंत्र और धार्मिक रिचुअल्स की वजह से परिवार के 11 लोगों ने आत्महत्या कर ली थी. इस केस की जांच करीब तीन साल तक चली, लेकिन कोई भी निश्चित कारण सामने नहीं आ सका. इसमें धार्मिक अंधविश्वास और मनोवैज्ञानिक कारण भी बताया गया, लेकिन सच्चाई आज भी सामने नहीं आ सकी है.
चार बेटियों संग खाया जहर
यह मामला भी दिल्ली के वसंकुंज का है, जहां पर रंगपुरी गांव में एक शख्स ने अपनी चार बेटियों के साथ मिलकर जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली थी. इस दुखद अंत का कारण भी आर्थिक तंगी बताया गया. जब घर से कुछ सड़ने की बदबू आई तो पड़ोसियों और मकान मालिक ने पुलिस को इसकी जानकारी दी. पुलिस ने दरवाजा तोड़कर पांचों के शव को बाहर निकाला था.
मध्य प्रदेश में पांच लोगों ने लगाई फांसी
पिछले साल मध्य प्रदेश में भी इस तरह की भयावह घटना देखने को मिली थी. यह वहां के अलीराजपुर जिले में हुई थी. यहां अक ही परिवार के पांच लोगों ने फांसी लगाकर जीवनलीला समाप्त कर ली थी. इस दौरान पति-पत्नी और तीन बच्चों के शव फांसी के फंदे पर लटके हुए पाए गए थे. इस मामले की भी गुत्थी अभी सुलझ नहीं पाई है.
सूरत में एक ही परिवार के सात लोगों की मौत
इसी तरह से गुजरात के सूरत में भी साल 2023 में आत्महत्या का मामला सामने आया था. इसमें आठ साल से कम उम्र बच्चों समेत एक ही परिवार के सात लोगों ने मौत को गले लगा लिया था. इस दौरान पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ था, जिसमें लिखा था कि परिवार के एक शख्स ने पहले अपनी पत्नी को जहर खिलाया, फिर बच्चों और माता-पिता को जहर देकर आत्महत्या कर ली थी.
यह भी पढ़ें: कश्मीर में क्या था वो कबायली हमला, जिसका पीएम मोदी ने किया जिक्र; PoK हो गया था अलग
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL






















