एक्सप्लोरर

CBSE 12वीं रिजल्ट में बड़ा बदलाव, कोविड के बाद सबसे कम रहा पास प्रतिशत, जानिए क्या रही वजह

सीबीएसई ने 12वीं क्लास का रिजल्ट जारी पिछले दिनों किया था लेकिन ये अभी तक चर्चा का विषय बना हुआ है. वजह है पास प्रतिशत में कमी और नया चेकिंग सिस्टम.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • सीबीएसई 12वीं में 85.20% छात्र पास, पिछले साल से गिरावट आई.
  • पहली बार डिजिटल तरीके से कॉपियों की हुई जांच.
  • सख्ती और पारदर्शिता से नंबर देने का किया गया प्रयास.
  • कोविड बाद सख्त मार्किंग से रिजल्ट हुआ वास्तविक.

CBSE 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 का रिजल्ट इस बार लाखों छात्रों के लिए खुशी के साथ-साथ चिंता की खबर भी लेकर आया. बोर्ड की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक इस साल कुल पास प्रतिशत 85.20% रहा, जो कोविड के बाद का सबसे कम आंकड़ा माना जा रहा है. पिछले साल जहां पास प्रतिशत 88.39% था, वहीं इस बार इसमें करीब 3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई.

इस बार CBSE ने कॉपियां जांचने के तरीके में बड़ा बदलाव किया था. पहली बार 12वीं की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच डिजिटल तरीके से यानी ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम के जरिए की गई. माना जा रहा है कि इसी वजह से इस बार नंबर देने में ज्यादा सख्ती और पारदर्शिता देखने को मिली.

पहली बार लागू हुआ ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम

CBSE ने इस साल लगभग 98 लाख से ज्यादा उत्तर पुस्तिकाओं की जांच कंप्यूटर स्क्रीन पर कराई. इसके लिए करीब 70 हजार शिक्षकों को लगाया गया. बोर्ड का कहना है कि इस नए सिस्टम से कॉपियों की जांच ज्यादा सही और निष्पक्ष तरीके से हो सकी.

पहले कॉपियों की मैन्युअल जांच में कई बार टोटलिंग या नंबर चढ़ाने में गलती हो जाती थी, लेकिन अब डिजिटल सिस्टम में ऐसी गलतियों की संभावना काफी कम हो गई है. बोर्ड के मुताबिक इस नई प्रक्रिया में शिक्षक सिर्फ तय मार्किंग स्कीम के अनुसार ही अंक दे सके.

यह भी पढ़ें - PM मोदी के दौरे के बाद भारतीय छात्रों के लिए आसान हो जाएगा इटली जाना, मिलेंगे नए मौके

पिछले सालों के मुकाबले क्यों गिरा रिजल्ट?

अगर पिछले कुछ सालों के आंकड़ों को देखें तो कोविड के दौरान और उसके बाद रिजल्ट काफी बेहतर रहे थे. साल 2021 में तो बोर्ड परीक्षाएं नहीं हुई थीं और छात्रों को इंटरनल असेसमेंट के आधार पर नंबर दिए गए थे. उस समय पास प्रतिशत 99% से भी ज्यादा पहुंच गया था.

इसके बाद 2022 में परीक्षा दो चरणों में हुई थी और सिलेबस भी कम किया गया था, जिससे पास प्रतिशत 92% से ऊपर चला गया. लेकिन अब CBSE धीरे-धीरे पुराने सख्त सिस्टम की ओर लौट रहा है. यही वजह है कि इस बार रिजल्ट ज्यादा वास्तविक माना जा रहा है.

बोर्ड ने पहले से की थी तैयारी

ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम लागू करने के लिए CBSE ने पहले से बड़ी तैयारी की थी. देशभर के शिक्षकों को ट्रेनिंग दी गई. उन्हें ऑनलाइन पोर्टल इस्तेमाल करने की जानकारी दी गई और मॉक टेस्ट भी कराए गए. इसके अलावा स्कूलों को कंप्यूटर लैब और बेहतर इंटरनेट व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए थे. पूरे देश में 88 हजार से ज्यादा कंप्यूटर और करीब 6 हजार मूल्यांकन केंद्र बनाए गए.

यह भी पढ़ें - PM मोदी के दौरे के बाद भारतीय छात्रों के लिए आसान हो जाएगा इटली जाना, मिलेंगे नए मौके

Education Loan Information:
Calculate Education Loan EMI

रजनी उपाध्याय बीते करीब छह वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाली रजनी ने आगरा विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. बचपन से ही पढ़ने-लिखने में गहरी रुचि थी और यही रुचि उन्हें मीडिया की दुनिया तक ले आई.

अपने छह साल के पत्रकारिता सफर में रजनी ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया. उन्होंने न्यूज, एंटरटेनमेंट और एजुकेशन जैसे प्रमुख वर्टिकल्स में अपनी पहचान बनाई. हर विषय में गहराई से उतरना और तथ्यों के साथ-साथ भावनाओं को भी समझना, उनकी पत्रकारिता की खासियत रही है. उनके लिए पत्रकारिता सिर्फ खबरें लिखना नहीं, बल्कि समाज की धड़कन को शब्दों में ढालने की एक कला है.

रजनी का मानना है कि एक अच्छी स्टोरी सिर्फ हेडलाइन नहीं बनाती, बल्कि पाठकों के दिलों को छूती है. वर्तमान में वे एबीपी लाइव में कार्यरत हैं, जहां वे एजुकेशन और एग्रीकल्चर जैसे अहम सेक्टर्स को कवर कर रही हैं.

दोनों ही क्षेत्र समाज की बुनियादी जरूरतों से जुड़े हैं और रजनी इन्हें बेहद संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ संभालती हैं. खाली समय में रजनी को संगीत सुनना और किताबें पढ़ना पसंद है. ये न केवल उन्हें मानसिक सुकून देते हैं, बल्कि उनकी रचनात्मकता को भी ऊर्जा प्रदान करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

UGC का ओदश, IIT BHU में एडमिशन से पहले छात्रों को देना होगा ड्रग टेस्ट
UGC का ओदश, IIT BHU में एडमिशन से पहले छात्रों को देना होगा ड्रग टेस्ट
एडमिशन के समय ज्यादा फीस नहीं वसूल सकेंगे कॉलेज, छात्रों को मिली बड़ी राहत
एडमिशन के समय ज्यादा फीस नहीं वसूल सकेंगे कॉलेज, छात्रों को मिली बड़ी राहत
UPSSSC ने निकाली बंपर भर्ती, 1784 पदों के लिए 10 नवंबर से करें आवेदन
UPSSSC ने निकाली बंपर भर्ती, 1784 पदों के लिए 10 नवंबर से करें आवेदन
नीट पीजी 2026 का प्रश्न पत्र और आंसर की होगी जारी, SC ने NBEMS को दिया नोटिस 
नीट पीजी 2026 का प्रश्न पत्र और आंसर की होगी जारी, SC ने NBEMS को दिया नोटिस 

वीडियोज

'इच्छाधारी बीवी' को सजा-ए-मौत!
विदेश से 'मंतर' अराजक 'जंतर'
संविधान नहीं..सड़कतंत्र पर भरोसा ?
CEC पर दिल्ली में NON-STOP बवाल...तख्तापलट का ट्रेलर?
Bollywood News: 'रामायण' का हॉलीवुड में डंका, 3 घंटे 15 मिनट की होगी महागाथा! (16.10.26)

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
रिजीम चेंज पर BJP का विपक्ष पर हमला, सिब्बल का पलटवार- 'सत्ता परिवर्तन कांग्रेस...'
रिजीम चेंज पर BJP का विपक्ष पर हमला, सिब्बल का पलटवार- 'सत्ता परिवर्तन कांग्रेस...'
राजस्थान: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा, 8 लोगों की मौत
राजस्थान: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा, 8 लोगों की मौत
सोने के टाइम करीना कपूर को है अजीब आदत, सैफ ने बेडरूम सीक्रेट किया रिवील, बोले- ‘हमारे कमरे में रात को...’
सोने के टाइम करीना कपूर को है अजीब आदत, सैफ ने बेडरूम सीक्रेट किया रिवील
रूस से तेल-गैस खरीदने पर भारत पर नहीं लगेगा टैरिफ, ट्रंप का बड़ा ऐलान
रूस से तेल-गैस खरीदने पर भारत पर नहीं लगेगा टैरिफ, ट्रंप का बड़ा ऐलान
48 साल का क्रिकेटर बनेगा टीम इंडिया का नया चीफ सेलेक्टर, अजीत अगरकर की लेगा जगह!
48 साल का क्रिकेटर बनेगा टीम इंडिया का नया चीफ सेलेक्टर, अजीत अगरकर की लेगा जगह!
'अपराध कैसे...', अभिजीत दीपके की गिरफ्तारी पर भड़की CJP, पुलिस पर लगाया ये आरोप
'अपराध कैसे...', अभिजीत दीपके की गिरफ्तारी पर भड़की CJP, पुलिस पर लगाया ये आरोप
Water Tank Cleaning: टंकी साफ करने के बाद भी पानी से आती है बदबू? जानें असली वजह
टंकी साफ करने के बाद भी पानी से आती है बदबू? जानें असली वजह
सोयाबीन किसानों को राहत, भावांतर योजना में रजिस्ट्रेशन की तारीख बढ़ी
सोयाबीन किसानों को राहत, भावांतर योजना में रजिस्ट्रेशन की तारीख बढ़ी
Embed widget