आपको गैस सिलेंडर से मुक्ति क्यों देना चाहती है सरकार?
LPG News: सरकार एलपीजी सिलेंडर पर निर्भरता कम कर पीएनजी का इस्तेमाल बढ़ाना चाहती है. जानें क्यों सरकार घरों को पाइप वाली गैस की ओर ले जा रही है और इसका आपको क्या फायदा होगा.

LPG Cylinder To PNG: देश के करोड़ों घरों में खाना बनाने के लिए एलपीजी सिलेंडर इस्तेमाल होता है. लेकिन अब सरकार चाहती है कि जहां पाइप वाली गैस की सुविधा पहुंच सकती है, वहां ज्यादा से ज्यादा परिवार एलपीजी सिलेंडर की जगह पाइप वाली गैस यानी पीएनजी का इस्तेमाल करें. इसके लिए सरकार ने गैस बांटने वाली कंपनियों को प्रोमोट करना शुरू किया है.
सरकार क्या चाहती है?
सरकार चाहती है कि ज्यादा से ज्यादा पीएनजी का इस्तेमाल हो. इसकी सबसे बड़ी वजह है एलपीजी के लिए भारत की आयात पर निर्भरता कम हो जाएगी. भारत अपनी जरूरत की 60 फीसदी एलपीजी दूसरे देशों से मंगाता है. साल 2025 में भारत ने करीब 2.2 करोड़ टन एलपीजी मंगाया था और इस पर 12 अरब डॉलर खर्च भी हुए थे.
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पीएनजी से क्या होगा फायदा?
सरकार ने गैस वितरण करने वाली कंपनियों के लिए नई व्यवस्था की है. सितंबर से किसी घर को पीएनजी से जोड़ने और उसके इस्तेमाल शुरू करने पर कंपनी को 200 मानक घन मीटर एक्स्ट्रा घरेलू गैस दी जाएगी. ये गैस बाजार में मिलने वाली गैस से काफी सस्ती होगी. इसका मकसद सिर्फ नए घरों तक पाइप पहुंचाना नहीं है. ऐसे बहुत से घर भी हैं जहां पीएनजी का कनेक्शन तो लगा हुआ है लेकिन लोग उसका इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं. सरकार चाहती है कि ऐसे बंद पड़े कनेक्शन भी चालू हो जाएं.
कितने लोग यूज करते हैं एलपीजी?
भारत में एलपीजी का इस्तेमाल बहुत ज्यादा है. 1 जुलाई 2026 तक देश में करीब 33.14 करोड़ घरेलू एलपीजी ग्राहक थे. इसके मुकाबले घरेलू पीएनजी कनेक्शन करीब 1.74 करोड़ हैं. यानी दोनों के बीच बहुत बड़ा अंतर है.
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कंपनियों को क्यों किया जा रहा है प्रमोट?
पीएनजी पहुंचाने के लिए पाइपलाइन बिछानी पड़ती है. इसके अलावा घर तक कनेक्शन पहुंचाने और पूरी व्यवस्था तैयार करने में भी पैसा खर्च होता है. सरकार का कहना है कि सस्ती घरेलू गैस मिलने से कंपनियां इस निवेश की भरपाई करीब तीन साल में कर सकती हैं, जबकि पहले इसमें करीब 10 साल तक का समय लग सकता था. यानी सरकार कंपनियों को ऐसा माहौल देना चाहती है, जिससे वे ज्यादा तेजी से नए इलाकों में पाइपलाइन बिछाएं और ज्यादा घरों को पीएनजी से जोड़ें.
क्या गैस सिलेंडर बंद हो जाएगा?
नहीं. सरकार अभी पूरे देश से एलपीजी सिलेंडर हटाने की बात नहीं कर रही है. पीएनजी उन्हीं इलाकों में मिल सकती है जहां पाइपलाइन का नेटवर्क मौजूद है. गांवों और ऐसे इलाकों में जहां पाइपलाइन पहुंचाना मुश्किल है, वहां एलपीजी अभी भी जरूरी रहेगी. यानी फिलहाल सरकार का मकसद एलपीजी को अचानक बंद करना नहीं, बल्कि जहां सुविधा है वहां लोगों को पीएनजी की तरफ बढ़ाना है.























