एक्सप्लोरर

3 दिन में 13 लाख करोड़ स्वाहा, शेयर बाजार में तबाही का मंजर; क्यों डूब रहे निवेशकों के पैसे?

Share Market Crash: अमेरिका और भारत के बीच ट्रेड डील में हो रही देरी से निवेशकों में अनिश्चितता बनी हुई है. इसके अलावा, उम्मीदों के मुकाबले कमजोर तिमाही के नतीजे ने भी निवेशकों को निराश किया है.

Share Market Crash Reasons: भारतीय शेयर बाजार का हाल इन दिनों बेहाल है. सोमवार, 28 जुलाई को शेयर बाजार के लगातार तीसरे सेशन में गिरावट दर्ज की गई. आज मंगलवार को भी शेयर बाजार की कमजोर शुरुआत हुई है. सेंसेक्स और निफ्ट दोनों गिरावट के साथ खुले हैं.

इसकी एक बड़ी वजह अमेरिका और भारत के बीच ट्रेड डील में हो रही देरी है. जैसे-जैसे 1 अगस्त टैरिफ की डेडलाइन की तारीख नजदीक आ रही है विदेशी निवेशक भारतीय शेयर बाजार से अपना पैसा निकाल रहे हैं. इसके अलावा, कमजोर तिमाही के नतीजे भी इस गिरावट के पीछे जिम्मेदार है. 

तीन दिन में निवेशकों के डूबे करोड़ों

सोमवार को सेंसेक्स 572 अंक या 0.70 परसेंट की गिरावट के साथ 80,891.02 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 इंडेक्स 156 अंक या 0.63 परसेंट फिसलकर 24,680.90 पर बंद हुआ. सभी सेक्टर में भारी बिकवाली के चलते बीएसई मिडकैप इंडेक्स में भी 0.73 परसेंट और स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.31 परसेंट की गिरावट दर्ज की गई. बीते महज तीन सत्रों में सेंसेक्स 1,836 अंक या 2.2 परसेंट टूट चुका है, जबकि निफ्टी 50 में 2.1 परसेंट की गिरावट आई है.

महज तीन दिनों में निवेशकों को 13 लाख करोड़ का नुकसान हुआ क्योंकि बीएसई में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप बुधवार, 23 जुलाई को 460.35 लाख करोड़ से घटकर सोमवार, 28 जुलाई को लगभग 448 लाख करोड़ रह गया. अकेले सोमवार को बाजार से लगभग 4 लाख करोड़ का सफाया हो गया और मार्केट कैप 451.7 लाख करोड़ से नीचे गिर गया. 

शेयर बाजार में आई गिरावट की वजह

  • भारत और अमेरिका के बीच अभी तक ट्रेड डील फाइनल नहीं हो पाया है. 1 अगस्त से पहले किसी समझौते के होने का भी संकेत नहीं मिल रहा है. जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इंवेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट वीके विजयकुमार का कहना है, "जापान और यूरोपीय यूनियन के साथ व्यापार समझौते, जिन्हें शुरू में मुश्किल माना जा रहा था, तो हो गए हैं, लेकिन बहुप्रतीक्षित भारत-अमेरिका व्यापार समझौता अभी भी अधर में लटका हुआ है. इसने बाजार की धारणा को प्रभावित किया है. 
  • भारतीय शेयर बाजार के बढ़ते वैल्यूएशन के बीच विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक  (FPIs) लगातार बिकवाली कर रहे हैं.  FPIs ने जुलाई में अब तक (25 तारीख तक) कैश सेगमेंट में 30,509 करोड़ मूल्य के भारतीय शेयर बेचे हैं. पिछले लगातार पांच दिनों में, एफपीआई ने कैश सेगमेंट में 13,550 करोड़ से अधिक मूल्य के भारतीय शेयर बेच दिए हैं. द मिंट की रिपोर्ट के मुताबिक, विजयकुमार ने कहा, "पिछले हफ्ते नकद बाजार में एफआईआई द्वारा 13,552 करोड़ की बिकवाली ने बाजार की कमजोरी को और बढ़ा दिया है."
  • भारतीय कंपनियों के कमजोर तिमाही के नतीजों ने भी निवेशकों की चिंता को बढ़ा दिया है. विजयकुमार के मुताबिक, "पहली तिमाही के नतीजे, जो अभी तक किसी बड़े सकारात्मक बदलाव का संकेत नहीं दे रहे हैं, चिंता का विषय है. बाजार के इस कमजोर दौर में निवेशकों को सतर्क और किसी खास शेयर पर अधिक फोकस करना होगा. कंपनी के कमजोर तिमाही के नतीजों के चलते शेयर बाजार के वैल्यूएशन में अभी और गिरावट आने की संभावना है. 
  • कमजोर कॉर्पोरेट आय और टैरिफ की चिंताओं के बीच अकेले विकास की कहानी इनसे होने वाले नुकसान की भरपाई नहीं कर सकती है. इस बीच, एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) ने अमेरिकी टैरिफ के संभावित प्रभाव और संबंधित नीतिगत उपायों को लेकर अनिश्चितता को देखते हुए वित्त वर्ष 26 के लिए भारत के जीडीपी ग्रोथ के अनुमान को अप्रैल के 6.7 परसेंट के अनुमान से घटाकर 6.5 परसेंट कर दिया है. इसी तरह से, इंडिया रेटिंग्स एंड रिसर्च (Ind-Ra) ने भी घरेलू और वैश्विक दोनों स्थितियों में बदलाव का हवाला देते हुए वित्त वर्ष 26 के लिए भारत की जीडीपी वृद्धि दर के अपने अनुमान को दिसंबर के 6.6 परसेंट से घटाकर 6.3 परसेंट कर दिया है. 
  • शेयर बाजार में इस गिरावट के लिए टेक्नीकल फैक्टर भी जिम्मेदार है. पिछले हफ्ते निफ्टी वीकली चार्ट पर इंडेक्स ने एक बड़ी बुलिश कैंडल बनाई है. एक्सिस सिक्योरिटीज के एक्सपर्ट्स का मानना है कि 20-दिवसीय SMA में इंडेक्स को कठोर प्रतिरोध का सामना करना पड़ सकता है. उनका मानना है कि 25,000 से नीचे लगातार बढ़ने से गिरावट 24,500-24,300 तक बढ़ सकती है, जबकि 25,000 से ऊपर एक पॉजिटिव ब्रेकआउट से चीजें संभल सकती हैं. 

 

ये भी पढ़ें: 

अपना नंबर कब आएगा? जापान, इंडोनेशिया, वियतनाम और ब्रिटेन के बाद अब ट्रंप ने EU के साथ की ट्रेड डील

 

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

ईरान वॉर के बीच स्टॉक मार्केट में हाहाकार, 1471 अंक गिरकर सेंसेक्स बंद, जब कब-कब बड़ी गिरावट
ईरान वॉर के बीच स्टॉक मार्केट में हाहाकार, 1471 अंक गिरकर सेंसेक्स बंद, जब कब-कब बड़ी गिरावट
Real Estate Trend: युवाओं ने बदला रियल एस्टेट ट्रेंड, कम उम्र में घर खरीद रहे युवा; जानिए विशेषज्ञों की राय
युवाओं ने बदला रियल एस्टेट ट्रेंड, कम उम्र में घर खरीद रहे युवा; जानिए विशेषज्ञों की राय
पिछले 10 महीने में हाई पर पहुंची महंगाई, 93 के करीब रुपया, जानें ईरान वॉर के बीच आपकी जेब पर कैसा असर
पिछले 10 महीने में हाई पर पहुंची महंगाई, 93 के करीब रुपया, जानें ईरान वॉर के बीच आपकी जेब पर कैसा असर
Stock Market Crash: लगातार तीसरे दिन लहूलुहान हुआ शेयर बाजार, जानें आखिर क्या है इसके पीछे की वजह...
लगातार तीसरे दिन लहूलुहान हुआ शेयर बाजार, जानें आखिर क्या है इसके पीछे की वजह...

वीडियोज

LPG Gas Emergency: 800 वाला गैस सिलेंडर 3000 में, भड़क उठी महिलाएं | Gas Shortage
LPG Gas Emergency: 800 वाला गैस सिलेंडर 3000 में, भड़क उठी महिलाएं | Gas Shortage | Breaking
Iran-Israel War Update: महायुद्ध के बीच US का यू-टर्न! रूसी तेल खरीद पर दी छूट! | Trump
Iran-Israel War Update: झुक गया अमेरिका? सभी रूसी तेल खरीद सकेंगे सभी देश! | Trump | Netanyahu
Iran Israel US War: ईरान ने Dubai को फिर से दहलाया, आसमान में दिखा धुंए का गुबार!| Mojtaba Khamenei

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'घुसपैठियों को जमीन देकर देश को खतरे में डाला', प्रधानमंत्री मोदी का कांग्रेस पर बड़ा हमला
'घुसपैठियों को जमीन देकर देश को खतरे में डाला', प्रधानमंत्री मोदी का कांग्रेस पर बड़ा हमला
राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस को हॉर्स ट्रेडिंग का डर! हरियाणा के विधायकों को लेकर बड़ा फैसला
राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस को हॉर्स ट्रेडिंग का डर! हरियाणा के विधायकों को लेकर बड़ा फैसला
Inside Mika Singh Farmhouse: 100 एकड़ में फैला है मीका सिंह का लग्जरी फार्महाउस, गुरुद्वारा-मंदिर से लेकर हेलीपैड तक सब मौजूद
Inside Mika Singh Farmhouse: 100 एकड़ में फैला है मीका सिंह का लग्जरी फार्महाउस, गुरुद्वारा-मंदिर से लेकर हेलीपैड तक सब मौजूद
पेड पीरियड लीव पर याचिका सुनने से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, कहा- ऐसे महिलाओं को कोई नौकरी....
पेड पीरियड लीव पर याचिका सुनने से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, कहा- ऐसे महिलाओं को कोई नौकरी....
Most wickets in IPL: आईपीएल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज, इस भारतीय स्पिनर के नाम दर्ज है सबसे बड़ा रिकॉर्ड
IPL में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज, इस भारतीय स्पिनर के नाम दर्ज है सबसे बड़ा रिकॉर्ड
LPG Cylinder: सिलेंडर की सांस अटकी! कई शहरों में LPG की बुकिंग ठप, एजेंसियों पर लंबी कतारें, जानें कैसी है मौजूदा स्थिति
सिलेंडर की सांस अटकी! कई शहरों में LPG की बुकिंग ठप, एजेंसियों पर लंबी कतारें, जानें कैसी है मौजूदा स्थिति
Fruit Vs Juice: जूस पीने के बजाय फल खाने को क्यों कहते हैं डॉक्टर्स, क्या है वजह?
जूस पीने के बजाय फल खाने को क्यों कहते हैं डॉक्टर्स, क्या है वजह?
Adobe के CEO शांतनु नारायण ने दिया इस्तीफा, जानिए कितनी है उनकी सैलरी और नेटवर्थ
Adobe के CEO शांतनु नारायण ने दिया इस्तीफा, जानिए कितनी है उनकी सैलरी और नेटवर्थ
Embed widget