भविष्य के लिहाज से कैसा है पेटीएम? निवेशक ध्यान में रखें ये बातें
कंपनी की वार्षिक रिपोर्ट में कुछ चीजें भी सामने आई है. पेटीएम का कहना है कि भुगतान करने के लिए उपभोक्ता नेट बैंकिंग और कार्ड और पेटीएम भुगतान उपकरण जैसे वॉलेट, यूपीआई और बहुत कुछ इस्तेमाल कर सकते हैं.

पेटीएम का शेयर आईपीओ लॉन्च होने के बाद से ही गिरावट दिखा रहा है. कई निवेशकों ने इस शेयर को खरीदा था. हालांकि अब निवेशक असमंजस में है कि आखिर इस शेयर का क्या करे क्योंकि पेटीएम का शेयर काफी नीचे आ चुका है. हालांकि निवेशकों को अभी भी धैर्य बनाए रखने की जरूरत है.
अगर पेटीएम का कारोबार देखा जाए तो पेटीएम एक ऐसी कंपनी है जो भारतीय इंटरनेट इकोसिस्टम को फिर से परिभाषित कर रही है. लोगों को ऑनलाइन लेनदेन को बढ़ावा दिला रही है. पेटीएम का कहना है कि कंपनी अपने शेयरधारकों को लॉन्ग टर्म फायदा देना चाहती है. कंपनी ने मंदी के बीच काफी बढ़त हासिल की है. वहीं गोल्डमैन सैक्स, सिटी, जेपी मॉर्गन, मॉर्गन स्टेनली, आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज जैसे टॉप ब्रोकरेज पिछली तीन तिमाहियों में लगातार मजबूत राजस्व वृद्धि का हवाला देते हुए पेटीएम को लेकर काफी पॉजिटिव रहे हैं.
वहीं कंपनी की वार्षिक रिपोर्ट में कुछ बढ़िया चीजें भी सामने आई है. पेटीएम का कहना है कि भुगतान करने के लिए उपभोक्ता नेट बैंकिंग और कार्ड और पेटीएम भुगतान उपकरण जैसे वॉलेट, यूपीआई और बहुत कुछ इस्तेमाल कर सकते हैं. पेटीएम पोस्टपेड, मर्चेंट लोन और लेंडिंग लोन जैसे उधार प्रोडक्ट भी देती है. कंपनी फिनटेक दिग्गज के तौर पर भी उभर रही है.
पेटीएम का कहना है कि ऑनलाइन लेनदेन सेवाओं में उच्च गति तकनीकी परिवर्तन और तेजी से डिजिटल प्रक्रिया को अपनाने पर ध्यान में रखते हुए 2020-21 में 250-300 मिलियन से बढ़कर 2025-26 तक 700-750 मिलियन होने की उम्मीद है. इनमें ऑनलाइन बैंकिंग, मोबाइल टॉप-अप और इन-स्टोर भुगतान शामिल हैं- जो पेटीएम के लिए महत्वपूर्ण हैं. खुदरा लोन, एमएसएमई लोन और बीएनपीएल में बढ़ती मांग के साथ कंपनी को मजबूत अवसर भी दिखाई दे रहे हैं.
इसके अलावा पेटीएम भारत में मोबाइल और क्यूआर भुगतान जैसे प्रोसेस को लेकर भी काफी सक्रिय है और इस पर अग्रसर भी है. पेटीएम फिनटेक स्पेस में अग्रणी इनोवेटर और घरों में एक परिचित ब्रांड रहा है. पेटीएम ने डिजिटल भुगतान पारिस्थितिकी तंत्र का मार्ग प्रशस्त किया है, जिसका लोग आज आनंद ले रहे हैं. कंपनी के पास लगभग 80 मिलियन मासिक लेनदेन करने वाले उपयोगकर्ता हैं.
वहीं अगर इंटरनेट की ताकत की बात की जाए तो साल 1997 का एक उदाहरण लेते है. जब अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस ने अपने शेयरधारकों को एक खत लिखा था. उसमें उन्होंने एक स्थायी फ्रैंचाइजी बनाने के बारे में बात की थी, जो कि इंटरनेट की ताकत को अनलॉक करके ग्राहकों की सेवा करे. उस वक्त अमेजन के चर्चित प्लेटफॉर्म- प्राइम, मार्केटप्लेस, एलेक्सा, या एडब्ल्यूएस का आविष्कार भी नहीं हुआ था. हालांकि उस दौरान अमेजन के शेयरधारकों ने बेजोस और उनकी क्षमताओं पर दांव लगाया. ऐसे में अब पेटीएम भी नए आविष्कार कर रही है और आने वाले वक्त में कुछ नया देखने को मिल सकता है.























